बिहार के पूर्णिया जिले की रूपौली विधानसभा सीट के लिए हाल ही में उपचुनाव हुआ। वहीं आज शनिवार को इस उपचुनाव के लिए हुई वोटिंग की मतगणना संपन्न हो गई है। मतगणना के बाद आए नतीजों में पूर्णिया की रुपौली सीट से निर्दलीय शंकर सिंह ने जीत हासिल की है। शंकर सिंह ने 8211 वोटों से जीत दर्ज की। वहीं जदयू के कलाधर मंडल दूसरे नंबर पर और राजद की बीमा भारती तीसरे नंबर पर रहीं। वहीं रुपौली के नतीजों में एनडीए और इंडिया गठबंधन को बड़ी हार का सामना करना पड़ा है। ऐसे में अब ये भी कहा जा रहा है कि जनता को एनडीए और इंडिया गठबंधन की जगह किसी नए नेतृत्व की आवश्यकता है।
तीसरे स्थान पर रहीं बीमा भारती
बता दें कि बिहार के पूर्णिया जिले की रूपौली विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव की मतगणना शनिवार सुबह आठ बजे शुरू हुई। रूपौली से तीन बार विधायक रहीं बीमा भारती कुछ महीने पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जदयू छोड़कर राजद में शामिल हो गई थीं। बीमा भारती ने (राजद) के टिकट पर लोकसभा चुनाव भी लड़ा था, लेकिन वह निर्दलीय प्रत्याशी राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव से हार गई थीं। रूपौली उपचुनाव में बीमा भारती राजद की उम्मीदवार रहीं। उपचुनाव में कुल 11 उम्मीदवार मैदान में उतरे। इसके अलावा जदयू ने कलाधर प्रसाद मंडल को चुनाव मैदान में उतारा था, जिन्होंने 2020 का विधानसभा चुनाव निर्दलीय के तौर पर लड़ा था। हालांकि इस बार निर्दल प्रत्याशी शंकर सिंह ने बाजी मार ली।
बीमा भारती के इस्तीफे से खाली हुई रुपौली विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए 10 जुलाई को वोटिंग हुई थी। 2020 के विधानसभा चुनाव के मुकाबले इस बार उपचुनाव में 7 फीसदी कम वोटिंग हुई। चुनावी मैदान में 11 प्रत्याशी हैं।
यहां मुख्य मुकाबला आरजेडी की बीमा भारती, जेडीयू के कलाधर मंडल और निर्दलीय शंकर सिंह के बीच त्रिकोणीय मुकाबला है। कुल 54.25 फीसदी वोटिंग हुई थी। माना जा रहा है कि यहां फाइट नेक टू नेक होगी। जिसमें जीत का मार्जिन बेहद कम होगा। निर्दलीय शंकर सिंह के कारण यहां मुकाबला त्रिकोणीय हो गया है।
नीतीश-तेजस्वी के लिए प्रतिष्ठा का सवाल
रुपौली विधानसभा उपचुनाव परिणाम को लेकर सियासी हलचल बेहद तेज है. इस सीट को अपने कब्जे में करने के लिए महागठबंधन और एनडीए ने पूरी ताकत झोंक दी है. सीएम नीतीश कुमार से लेकर तेजस्वी यादव समेत एनडीए और महागठबंधन के तमाम बड़े नेताओं ने रुपौली उपचुनाव के लिए खूब प्रचार किया था. दरअसल लोकसभा चुनाव 2024 में पूर्णिया सीट से चुनाव लड़ने के लिए रुपौली सीट से 5 बार की विधायक बीमा भारती जेडीयू छोड़कर आरजेडी में शामिल हो गई थीं. इसके लिए बीमा भारती ने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था. इस वजह से रुपौली सीट खाली हो गयी थी और अब इसी सीट पर उपचुनाव हो रहा है. हालांकि लोकसभा चुनाव में बीमा भारती पूर्णिया सीट से चुनाव हार गईं थी. पूर्णिया सीट पर इस बार निर्दलीय प्रत्याशी पप्पू यादव ने चुनाव जीता था.
12 राउंड में पूरी होगी मतगणना
पूर्णिया कॉलेज में रुपौली विधानसभा उपचुनाव का मतगणना कार्य शुरू हो गया. कुछ देर में रुझान भी आने शुरू हो जाएंगे. डीएम कुंदन कुमार ने बताया कि कुल 28 टेबल पर मतगणना हो रही है. 12 राउंड में मतगणना संपन्न होगी. मतगणना को लेकर सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था की गयी है.
समझें रुपौली का जातीय समीकरण
अगर जातीय समीकरण के लिहाज से रुपौली विधानसभा को देखें तब गंगोता जाति की आबादी सबसे अधिक है. यहां गंगोता जाति की आबादी 50000 से अधिक है. जदयू और आरजेडी के दोनों उम्मीदवार इसी जाति से आते हैं. वहीं लव कुश वोटर भी 30 से 35 हजार के आसपास है जो बेहद निर्णायक माने जाते हैं. वहीं दूसरी महत्वपूर्ण जातियो में देखे तो वैश्य वोटरों की आबादी भी लगभग 25 हजार के आसपास है तो वहीं आरजेडी के MY समीकरण के मुस्लिम-यादव वोटर भी अनुमान के मुताबिक़ 45 से लेकर 50 हजार के करीब है तो सवर्ण वोटर भी निर्णायक भूमिका है और इनकी आबादी भी 20 हजार से लेकर 25 हज़ार के आसपास है. बता दें, निर्दलीय प्रत्याशी शंकर सिंह राजपूत जाति से आते हैं.







