बिहार विधामंडल का शीतकालीन सत्र भले ही खत्म हो गया है, लेकिन विधानसभा और विधान परिषद में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ओर से दिए गए बयान पर शुरू हुआ बवाल अभी खत्म नहीं हुआ है। जनसंख्या नियंत्रण पर मुख्यमंत्री का भाषण और फिर पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के ऊपर की गई टिप्पणी को लेकर NDA के घटक दल बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनाने की कवायद में जुट गए हैं।
अब बात केवल महिलाओं और दलितों के अपमान की हो रही है। NDA में शामिल चिराग पासवान की पार्टी लोजपा (राम विलास) पटना से लेकर राज्य के सभी जिलों और गांव-गांव तक नीतीश सरकार के खिलाफ अभियान चलाने की तैयारी कर रही है।
वहीं, दूसरी तरफ पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी राष्ट्रीय लोक जनता दल (RLJD) छठ पूजा के बाद से लोकसभा चुनाव तक नीतीश कुमार के बयानों को लेकर जनता के बीच जाने की तैयारी कर रहा है।
नीतीश कुमार ने पहन रखा था मुखौटा
लोजपा (रामविलास) के प्रदेश प्रवक्ता प्रो. विनीत कुमार ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुखौटा पहन रखा था। अब उनका महिला और दलित विरोधी चेहरा सबके सामने आ गया है। शीतकालीन सत्र से पहले तक वो मुखौटा ओढ़ कर चल रहे थे। महिला सशक्तिकरण और उनके उत्थान की बातें कर रहे थे। उनकी असलियत अब सामने आ गई है।
प्रदेश प्रवक्ता ने दावा किया कि नीतीश कुमार को हमारी पार्टी ऐसे ही नहीं छोड़ने वाली है। सदन से सड़क तक हम अपना विरोध करेंगे। अब पंचायत से राज्य स्तर पर नीतीश कुमार का विरोध करेंगे। देश की जनता को भी नीतीश कुमार की हरकत से अवगत कराएंगे, ताकि लोकसभा और विधानसभा चुनाव में जनता सर्तक रहें। छठ पूजा के बाद इसके लिए व्यापक स्तर पर रणनीति तैयार की जाएगी।
नीतीश और उनके समर्थकों को मजबूती से देंगे जवाब
पूर्व केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी राष्ट्रीय लोक जनता दल के प्रदेश प्रवक्ता राम पुकार सिन्हा के अनुसार त्योहार खत्म होते ही उनकी पार्टी नीतीश कुमार के खिलाफ ठोस प्लान के साथ राज्यभर में अभियान चलाएगी।
प्रदेश प्रवक्ता के मुताबिक, पति-पत्नी के बीच के संबंध को जिस तरह से सदन में महिलाओं के बीच मुख्यमंत्री ने कहा, वह महिलाओं का अपमान है।
राम पुकार ने कहा कि महादलित समाज से आने वाले पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के खिलाफ जो बातें कही गई, वह भी शर्मनाक है। लोकसभा चुनाव में पार्टी और NDA में शामिल सभी घटक दल इसे मुद्दे को उठाएगा।
चार लोगों के चंगुल में फंसे हैं नीतीश
RLJD के प्रदेश प्रवक्ता ने दावा किया कि जिस तरह शीतकालीन सत्र के दरम्यान मुख्यमंत्री ने अपमानजनक बयान दिया, वो बताता है कि उनका मानसिक संतुलन ठीक नहीं है। नीतीश कुमार मुट्ठी भर लोगों के चंगुल में फंसे हैं। वो जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह, मंत्री अशोक चौधरी, विजय चौधरी और संजय झा के बीच बुरी तरह से फंसे हैं।
साजिश के तहत नीतीश कुमार के राजनीतिक हैसियत को खत्म करने में लगे हैं। ललन सिंह खुद उप मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं। तेजस्वी को मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं। इन दोनों के बीच आपस में डील हो चुकी है। जदयू को राजद में विलय कराने का पूरा प्लान तैयार है।







