रोहतास जिले के डेहरी नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार की हत्या के मामले में पुलिस जांच ने बड़ा मोड़ ले लिया है। शुरुआती तौर पर लूटपाट के दौरान हत्या की आशंका जताई जा रही थी, लेकिन अब पुलिस ने मृतक के चालक मिथिलेश कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का दावा है कि चालक ने पूछताछ के दौरान हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है। फिलहाल उससे लगातार पूछताछ की जा रही है ताकि हत्या के पीछे की असली वजह और इसमें किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका का पता लगाया जा सके।
रोहतास जिले के डेहरी-डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार की अपराधियों ने हत्या कर दी। वारदात औरंगाबाद जिले के बारुण थाना क्षेत्र के घनौती पुल के पास की है। अपराधियों ने ऑफिसर को पहले पीटा, फिर धारदार हथियार से हमला किया। पति का शव देखकर पत्नी बेहोश हो गई, उनके दो छोटे बच्चे बिलखकर रोने लगे। कार्यपालक पदाधिकारी की पत्नी ने कहा कि विधायक ने मेरे पति को मरवाया है। विधायक ने 50 लाख की डिमांड की थी। इसको लेकर रोज फोन करके परेशान करते थे। विमल कुमार मूल रूप से शेरघाटी के रहने वाले थे, लेकिन पूरा परिवार दानापुर में रहते हैं। उनका पार्थिव शरीर दानापुर के गोला रोड टी प्वाइंट स्थित आवास पर पहुंच गया है। यहीं उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
कार से खींचकर हत्या
विमल कुमार अपनी कार से पटना जा रहे थे। इस दौरान रास्ते में घात लगाए अपराधियों ने उनकी गाड़ी रोकी फिर लोहे की रॉड और धारदार हथियार से हमला बोल दिया। मारपीट करने के बाद बदमाशों ने विमल को गोली मार दी। उनके शरीर पर चोट के गंभीर निशान है। गंभीर हालत में स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें रोहतास जिले के जमुहार स्थित नारायण मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
पत्नी बोली- विधायक ने मरवाया
एग्जीक्यूटिव ऑफिसर की पत्नी बबीता ने डेहरी विधायक पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि विधायक ने ही मेरे पति को मरवाया है। 50 लाख की डिमांड करते थे। रोज फोन करके परेशान करते थे। मिलने बुलाते थे। 29 जुलाई को उनसे मिले भी थे, क्या बात हुई नहीं पता है। आज आते तो हमको बताते। आज ये ट्रेंड बन गया है। सारा मंत्री-विधायक सेफ रहता है, जो होता है अधिकारी के माथे मढ़ दिया जाता है।
पूछताछ में कई बार बदला बयान, कपड़ों पर मिले खून के दाग
शुरुआती जांच में लूटपाट के दौरान हत्या की आशंका जताई जा रही थी। लेकिन पुलिस ने चालक मिथिलेश कुमार से पूछताछ शूरू की तो वो लगातार अपने बयान बदल रहा था। जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस सूत्रों की माने तो ड्राइवर ने पूछताछ के दौरान हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है। फिलहाल उससे लगातार पूछताछ की जा रही है, ताकि हत्या के पीछे की असली वजह और हत्या में शामिल अन्य शख्स की भूमिका का पता लगाया जा सके।
औरंगाबाद के एसपी उपेंद्र नाथ वर्मा ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि पूछताछ के दौरान उसने कई बार अपना बयान बदला। इससे पुलिस का शक और गहरा गया। जांच के दौरान उसके कपड़ों पर खून के दाग भी मिले हैं। इन्हीं साक्ष्यों के आधार पर उसे गिरफ्तार किया गया। विमल कुमार की पत्नी ने भी शुरू से ही ड्राइवर पर संदेह जताया था।
ड्राइवर की भूमिका संदिग्ध, पुलिस कर रही पूछताछ
रोहतास DM दीपक कुमार मिश्रा ने बताया, रात में एग्जीक्यूटिव ऑफिसर के घायल होने की खबर मिली। अस्पताल पहुंचने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। वारदात औरंगाबाद में हुई है, लेकिन रोहतास पुलिस के साथ मिलकर जांच की जा रही है।
चालक की भूमिका संदिग्ध है। औरंगाबाद पुलिस उससे पूछताछ की है। एसडीपीओ सदर -1 सुशील कुमार ने बताया कि पुलिस को घटना से सबंधित अहम सुराग हाथ लगे हैं। जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।
मर्डर के बाद मौके पर पहुंची पुलिस जांच में जुट गई है। अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए आसपास के इलाकों में छापेमारी की जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि वारदात के पीछे लूट, पुरानी रंजिश या कोई अन्य कारण तो नहीं है।
डेहरी नगर नगर परिषद की मुख्य पार्षद शशि कुमारी ने कहा, बहुत दुखद घटना है। उनकी हत्या कर दी गई है। साजिश रचकर उनकी हत्या की है। सरकार से मांग करती हूं कि इसकी निष्पक्ष जांच कराई जाए।
6 महीने पहले ड्राइवर को काम से हटाया था
मिली जानकारी के मुताबिक, कार्यपालक पदाधिकारी विमल का उनके ड्राइवर मिथिलेश के साथ किसी बात को लेकर तनाव था। 6 महीने पहले ही विमल कुमार ने अपने ड्राइवर को काम से हटा दिया था। लेकिन बाद में पत्नी के कहने पर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर ने मिथिलेश को फिर से काम पर रख लिया और वो दोबारा गाड़ी चलाने लगा।
CS बोले- गोली लगने की फिलहाल पुष्टि नहीं
कार्यपालक पदाधिकारी विमल कुमार गयाजी जिले के शेरघाटी के रहने वाले थे। फिलहाल उनका परिवार पटना में रह रहा है। परिवार में पत्नी, बेटी और एक छोटा बेटा है। सूचना पर सभी सासाराम पहुंच गए हैं। जहां शव का सदर अस्पताल में पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है। रोहतास के सिविल सर्जन डॉ. मणिराज रंजन ने कहा, ‘हत्या हुई है, हमारे अस्पताल में लाश आई थी। देर रात 12 बजे मुझे खबर मिली है। मैंने मेडिकल टीम बनाई है।’
‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम में हुए थे शामिल
विमल शनिवार शाम डेहरी में ‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम में शामिल हुए थे। कार्यक्रम में लोजपा आर के विधायक सोनू सिंह, डेहरी के एसडीएम और अन्य अधिकारी थे। डॉ. विमल ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया था। इधर, जानकारी मिलते ही रोहतास के जिलाधिकारी दीपक मिश्रा और पुलिस अधीक्षक रौशन कुमार भी नारायण मेडिकल कॉलेज पहुंचे और मामले की जानकारी ली।







