बिहार की राजनीति में अनुष्का यादव प्रकरण ने नया मोड़ ले लिया है. लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव पर आरोप लग रहे हैं कि अनुष्का यादव के साथ उनका करीबी रिश्ता था. इस मामले में आरजेडी के पूर्व नेता मुकेश रोशन ने तेज प्रताप पर सवाल उठाए हैं. उनका कहना है कि पहले सार्वजनिक रूप से जो तस्वीरें और बातें सामने आईं, अब उनसे इनकार करना लोगों को उलझन में डाल रहा है. रोशन ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले नेताओं को अपने शब्दों और आचरण में स्पष्टता रखनी चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह की बयानबाजी से पार्टी की छवि प्रभावित होती है.
मुकेश रोशन का बयान
मुकेश रोशन ने कहा कि तेज प्रताप खुद अनुष्का के घर जाते थे और वीडियो में दिखे थे. अब वे रिश्ते से इनकार कर रहे हैं. मीडिया से बात करते हुए मुकेश रोशन ने कहा, ‘तेज प्रताप खुद ही अनुष्का के साथ तस्वीरें डालते थे और उनके घर से निकलते हुए वीडियो दिखाए गए थे. अब वह कहते हैं कि उन्हें कोई जानता ही नहीं. आप ड्रामा मत कीजिए’. मुकेश रोशन ने तेज प्रताप को अपना आचरण देखने की सलाह दी और कहा कि उनके बयानों से पार्टी को नुकसान पहुंचा है. उन्होंने प्रधानमंत्री से शिकायत वाली बात पर व्यंग्य किया कि अगर तेज प्रताप पीएम से मिलेंगे तो वे ट्रंप से समय लेंगे. हालांकि मुकेश रोशन ने मामले की सच्चाई सामने आने तक संयम बरतने की बात भी कही.
तेज प्रताप का इनकार
बता दें कि अनुष्का यादव ने बीते दिनों एक बच्ची को जन्म दिया तो सोशल मीडिया पर दावे किए जाने लगे कि बच्ची तेज प्रताप की है. दूसरी ओर तेज प्रताप यादव ने इन दावों को सिरे से खारिज किया है. उन्होंने इसे साजिश बताया और कहा कि वह इससे परेशान हैं. लेकिन, इसी मामले को लेकर आरजेडी के पूर्व नेता मुकेश रोशन ने भी तेज प्रताप पर निशाना साधा है. मुकेश ने कहा कि तेज प्रताप खुद अनुष्का के साथ तस्वीरें साझा करते थे, लेकिन अब इनकार कर रहे हैं.
कैसे शुरू हुआ विवाद?
मामले की चर्चा तब तेज हुई जब सोशल मीडिया पर तेज प्रताप यादव और अनुष्का यादव की कुछ तस्वीरें सामने आईं. एक पोस्ट में लंबे समय से रिश्ते का जिक्र भी बताया गया. इसी बीच मई 2025 में तेज प्रताप यादव को आरजेडी और लालू परिवार से बेदखल किए जाने की खबर भी आई. वहीं, बाद में तेज प्रताप ने कहा कि उनका सोशल मीडिया अकाउंट हैक हुआ था और तस्वीरों के साथ छेड़छाड़ की गई है. अब इस घटना के आठ महीने बाद अब पटना में अनुष्का यादव ने एक बच्ची को जन्म दिया तो मामले ने तूल पकड़ लिया है. इसको लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह के दावे किए जाने लगे. कुछ वायरल दस्तावेजों में पति के कॉलम में तेज प्रताप का नाम होने की बात कही गई. हालांकि इन दस्तावेजों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. अनुष्का के परिवार की ओर से भी कुछ बयान आए, जिससे चर्चा और बढ़ी.

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जून महीने में तेज प्रताप यादव अनुष्का यादव से मिलने उनके घर पहुंचे थे. वहां वे करीब 7 घंटे तक रुके. जब वे बाहर निकले तो मीडिया ने उनसे सवाल किए. इस पर तेज प्रताप ने कहा था कि अनुष्का से उनका पारिवारिक रिश्ता है, इसलिए मिलने आए थे, इसमें किसी को रोकने की जरूरत नहीं है.
तेज प्रताप और आकाश भाटी
तेज प्रताप यादव ने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि अनुष्का से उनका कोई संबंध नहीं है. उन्होंने बच्ची को अपना मानने से इनकार किया और इसे राजनीतिक साजिश बताया. उनका कहना है कि कुछ लोग उनकी छवि खराब करने के लिए यह मामला उछाल रहे हैं. उन्होंने यह भी कहा कि इस विवाद से वह मानसिक रूप से परेशान हैं और कानूनी रास्ता अपनाएंगे. तेज प्रताप ने अपने कुछ पूर्व सहयोगियों पर आरोप लगाया कि वे जानबूझकर उन्हें बदनाम कर रहे हैं. उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है. उन्होंने इस प्रकरण में आकाश भाटी नाम के शख्स का नाम लिया जिनके बारे में जांच करवाने की बात कही.
क्या होगा राजनीतिक असर
बहरहाल, अनुष्का यादव प्रकरण केवल व्यक्तिगत विवाद नहीं रह गया है. इसका असर राजनीतिक समीकरणों पर भी पड़ सकता है. तेज प्रताप पहले ही अलग राजनीतिक राह पर चल रहे हैं और यह विवाद उनकी छवि पर असर डाल सकता है. दूसरी ओर मुकेश रोशन ने खुद को लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव की विचारधारा का समर्थक बताते हुए कहा कि पार्टी की साख सबसे ऊपर होनी चाहिए. उन्होंने यह भी जोड़ा कि सार्वजनिक पद पर रहने वालों को अपने आचरण और बयानों को लेकर अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए.





