राज्य के शिक्षण संस्थानों में एआई (कृत्रिम बुद्धिमत्ता) आधारित शिक्षा व्यवस्था लागू होगी। विधानसभा चुनाव पूर्व सरकार द्वारा की गई घोषणाओं को भी तेजी से पूरा किया जाएगा। इसके लिए शिक्षा विभाग ने तैयारी तेज कर दी है।
इस बाबत शिक्षा मंत्री सुनील कुमार की अध्यक्षता में गुरुवार को विभागीय योजनाओं, नीतियों ओर प्रगति की समीक्षा बैठक हुई। शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिक्षा के क्षेत्र में एआई तकनीक को उच्च प्राथमिकता दी जाए। अकादमिक कार्यप्रणाली को आधुनिक तकनीक आधारित बनाया जाए। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था को एआई आधारित, कौशल-केंद्रित एवं शोध की दिशा में विकसित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने उच्च शिक्षा संस्थानों में यूजीसी के दिशा निर्देशों के पूर्ण अनुपालन को सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि चुनावी घोषणापत्र में की गई घोषणाओं को विभाग समयबद्ध रूप से पूरा करे। प्रत्येक जिले में एक मॉडल विद्यालय एवं मॉडल महाविद्यालय के स्थापित करना है। प्रत्येक प्रखंड में कम से कम एक कॉलेज जल्द खोलने का भी निर्देश दिया। टीआरई 4 के तहत शिक्षक नियुक्ति के लिए जल्द रोस्टर तैयार करने का निर्देश दिया। शैक्षणिक सत्र को नियमित करने के लिए आवश्यक कार्रवाई के लिए कहा। मंत्री ने सभी विद्यालयों में नियमित शारीरिक गतिविधियों के संचालन के लिए भी निर्देश दिया। समीक्षा बैठक अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्दर ने विभाग की वर्तमान स्थिति और कार्य प्रगति से संबंधित प्रस्तुति दी। मौके पर विभाग के सभी अधिकारी मौजूद थे।
अंचलों में बिचौलियों को जड़ से समाप्त करें: विजय सिन्हा
उप मुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि अंचल कार्यालयों से बिचौलियों को जड़ से समाप्त करना हमारी प्राथमिकता है। सरकार का लक्ष्य है कि हर नागरिक को सभी राजस्व सेवाएं आसानी से बिना किसी परेशानी और पूरी पारदर्शिता के साथ मिले।
गुरुवार को वह राजस्व व भूमि सुधार विभाग द्वारा सीएससी (कॉमन सर्विस सेंटर) के वीएलई (विलेज लेवल एंटरप्रेन्योर) यानी सीएससी संचालकों के दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि अंचल कार्यालयों में वीएलई की मौजूदगी से लोगों को यथास्थान सही जानकारी, भरोसेमंद सलाह और तत्काल ऑनलाइन सेवा उपलब्ध होगी। इससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त होगी और जमीन संबंधी काम समय पर पूरे होंगे।
प्रशिक्षित वीएलई हमारे सभी ग्रामीण परिवारों के लिए मजबूत कड़ी साबित होंगे, इसलिए उनके आवासीय प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है। विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह ने कहा कि अधिकतर सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध हैं, फिर भी ग्रामीण क्षेत्रों में सही जानकारी एवं मार्गदर्शन के अभाव में नागरिकों को कठिनाइयां होती हैं। अंचल कार्यालयों में वीएलई की प्रतिनियुक्ति से यह दूर होगा। उन्होंने वीएलई से कहा कि ईमानदारी से काम करें। किसी प्रकार की शिकायत मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि निकट भविष्य में सभी 70 हजार वीएलई को प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके लिए व्यवस्था बनाई जा रही है। सचिव जय सिंह ने ऑनलाइन सेवाओं समेत राजस्व अभिलेखों यथा नक्शा, खतियान, लगान रसीद, जमाबंदी पंजी पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि अंचल कार्यालय का सर्वोपरि दायित्व पारदर्शी और समयबद्ध कार्य निष्पादन है। संचालन विशेष कार्य पदाधिकारी नवाजिश अख्तर ने किया। कार्यक्रम में राजस्व (सर्वे) प्रशिक्षण संस्थान के प्राचार्य दिव्य राज गणेश, आईटी प्रबंधक आनंद शंकर आदि मौजूद थे।
विकसित बिहार के विजन पर काम करेगी सरकार : शाह
बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गुरुवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की। शाह से चौधरी ने कहा कि बिहार में नई एनडीए सरकार राज्य में अच्छा शासन पक्का करने के लिए और मजबूती से काम करेगी।
सम्राट चौधरी ने बिहार में एनडीए सरकार के रोडमैप पर चर्चा करने के लिए राष्ट्रीय राजधानी में अमित शाह से मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं ने राज्य के विकास से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म ‘एक्स’ पर कहा, बिहार के लोगों ने एनडीए को भारी बहुमत दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सरकार अच्छा शासन पक्का करने और एक विकसित बिहार के विजन को आगे बढ़ाने के लिए और मजबूती से काम करेगी। पिछली सरकार में उपमुख्यमंत्री रहे सम्राट चौधरी को नई सरकार के गठन के बाद भी इस पद पर बरकरार रखा गया है।







