राहुल गांधी का हाइड्रोजन बम क्या है, आखिर यह कब और कहां फटेगा? इसे लेकर सरगर्मी तेज है. राहुल गांधी पहले भी चुनाव के धांधली का आरोप लगाते रहे हैं. EVM पर सवाल उठते रहे हैं लेकिन पहली बार सबूतों के साथ कथित वोट चोरी के मामले को लेकर आक्रामक और बेहद आक्रामक नजर आ रहे हैं. बैंगलोर साउथ लोकसभा सीट की महादेवपुरा विधानसभा में कथित रूप से 1 लाख से ज्यादा वोट फर्जी के खुलासे को एटम बम बताने के बाद राहुल गांधी अब हाइड्रोजन बम फोड़ने वाले हैं. अब सवाल ये है कि राहुल गांधी ये हाइड्रोजन बम कब और कहां फोड़ने वाले हैं?
इसके पहले एटम बम के सहारे राहुल गांधी ने बिहार का चुनाव जीतने का प्लान बनाया है. इसके लिए ही उन्होंने SIR और वोट चोरी के मुद्दे को लेकर बिहार की सड़कों पर 16 दिन में 1300 किमी की वोटर अधिकार यात्रा पूरी कर ली है. यात्रा को मिले रिस्पॉन्स से राहुल बेहद कॉन्फिडेंट हैं और हाइड्रोजन बम फोड़ने की तैयारी कर रहे हैं. तो अब असल सवाल ये है कि ये हाइड्रोजन बम है क्या और कहां फूटेगा?
कहां-कहां फटेगा हाइड्रोजन बम?
फिलहाल तो राहुल गांधी की टीम इस मिशन में लगी हुई है. राहुल गांधी के करीबियों के मुताबिक पूरे देश में कुल 48 ऐसी सीटें है, जिस पर कांग्रेस की नजर है. बकौल कांग्रेस जहां की हार, हार नहीं है बल्कि वोट चोरी के जरिए हराया गया है. इसमें पीएम मोदी की लोकसभा सीट वाराणसी भी शामिल है. यूपी कांग्रेस के अध्यक्ष अजय राय ने तो बाकायदा ऐलान कर दिया है कि वाराणसी की वोट चोरी का खुलासा भी राहुल गांधी के एजेंडे में है. तो क्या यही है राहुल गांधी का हाइड्रोजन बम?
हरियाणा में क्या प्लान
इसके अलावा हरियाणा विधानसभा चुनाव की हार भी कांग्रेस अब तक नहीं पचा पाई है. सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी की टीम हरियाणा विधानसभा चुनाव का भी अध्ययन कर रही है, जहां बहुत सीटों पर बेहद मामूली अंतर से कांग्रेस हारी थी. तो सवाल ये है कि क्या कांग्रेस और राहुल गांधी हरियाणा विधानसभा चुनाव में हुई कथित वोट चोरी को लेकर कोई बड़ा खुलासा हरियाणा की जमीन से करने वाले है? सूत्रों के मुताबिक, हरियाणा में एक बड़ी रैली का प्लान भी बनाया जा रहा है, जहां राहुल गांधी हाइड्रोजन बम फोड़ सकते हैं. राहुल गांधी ने पिछला एटम बम एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में फोड़ा था. अब वो सीधे जनता के सामने ये खुलासे करने का प्लान बना रहे हैं.
राहुल गांधी को मिली ताकत
बैंगलोर साउथ की महादेवपुरा विधानसभा सीट में कथित धांधली के खुलासे को मिली सफलता और चर्चा ने अब राहुल गांधी को फ्रंट फूट पर खेलने की नई ताकत दे दी है. राहुल गांधी के वोट चोरी को इंडिया गठबंधन ने भी पूरी ताकत से राहुल का साथ दिया है. वोटर अधिकार यात्रा के आखिरी दिन बड़े मंच से हाइड्रोजन बम की घोषणा कर राहुल गांधी ने वोट चोरी के अपने कैंपेन की निरंतरता बनाए रखने का नया हथियार चुना है. अब देखने वाली बात होगी कि अब हाइड्रोजन बम के फटने से क्या खुलासा होता है?
राहुल गांधी का हाइड्रोजन बम क्या है, आखिर यह कब और कहां फटेगा? इसे लेकर सरगर्मी तेज है. राहुल गांधी पहले भी चुनाव के धांधली का आरोप लगाते रहे हैं. EVM पर सवाल उठते रहे हैं लेकिन पहली बार सबूतों के साथ कथित वोट चोरी के मामले को लेकर आक्रामक और बेहद आक्रामक नजर आ रहे हैं. बैंगलोर साउथ लोकसभा सीट की महादेवपुरा विधानसभा में कथित रूप से 1 लाख से ज्यादा वोट फर्जी के खुलासे को एटम बम बताने के बाद राहुल गांधी अब हाइड्रोजन बम फोड़ने वाले हैं. अब सवाल ये है कि राहुल गांधी ये हाइड्रोजन बम कब और कहां फोड़ने वाले हैं?
इसके पहले एटम बम के सहारे राहुल गांधी ने बिहार का चुनाव जीतने का प्लान बनाया है. इसके लिए ही उन्होंने SIR और वोट चोरी के मुद्दे को लेकर बिहार की सड़कों पर 16 दिन में 1300 किमी की वोटर अधिकार यात्रा पूरी कर ली है. यात्रा को मिले रिस्पॉन्स से राहुल बेहद कॉन्फिडेंट हैं और हाइड्रोजन बम फोड़ने की तैयारी कर रहे हैं. तो अब असल सवाल ये है कि ये हाइड्रोजन बम है क्या और कहां फूटेगा?
कहां-कहां फटेगा हाइड्रोजन बम?
फिलहाल तो राहुल गांधी की टीम इस मिशन में लगी हुई है. राहुल गांधी के करीबियों के मुताबिक पूरे देश में कुल 48 ऐसी सीटें है, जिस पर कांग्रेस की नजर है. बकौल कांग्रेस जहां की हार, हार नहीं है बल्कि वोट चोरी के जरिए हराया गया है. इसमें पीएम मोदी की लोकसभा सीट वाराणसी भी शामिल है. यूपी कांग्रेस के अध्यक्ष अजय राय ने तो बाकायदा ऐलान कर दिया है कि वाराणसी की वोट चोरी का खुलासा भी राहुल गांधी के एजेंडे में है. तो क्या यही है राहुल गांधी का हाइड्रोजन बम?
हरियाणा में क्या प्लान
इसके अलावा हरियाणा विधानसभा चुनाव की हार भी कांग्रेस अब तक नहीं पचा पाई है. सूत्रों के मुताबिक, राहुल गांधी की टीम हरियाणा विधानसभा चुनाव का भी अध्ययन कर रही है, जहां बहुत सीटों पर बेहद मामूली अंतर से कांग्रेस हारी थी. तो सवाल ये है कि क्या कांग्रेस और राहुल गांधी हरियाणा विधानसभा चुनाव में हुई कथित वोट चोरी को लेकर कोई बड़ा खुलासा हरियाणा की जमीन से करने वाले है? सूत्रों के मुताबिक, हरियाणा में एक बड़ी रैली का प्लान भी बनाया जा रहा है, जहां राहुल गांधी हाइड्रोजन बम फोड़ सकते हैं. राहुल गांधी ने पिछला एटम बम एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में फोड़ा था. अब वो सीधे जनता के सामने ये खुलासे करने का प्लान बना रहे हैं.
राहुल गांधी को मिली ताकत
बैंगलोर साउथ की महादेवपुरा विधानसभा सीट में कथित धांधली के खुलासे को मिली सफलता और चर्चा ने अब राहुल गांधी को फ्रंट फूट पर खेलने की नई ताकत दे दी है. राहुल गांधी के वोट चोरी को इंडिया गठबंधन ने भी पूरी ताकत से राहुल का साथ दिया है. वोटर अधिकार यात्रा के आखिरी दिन बड़े मंच से हाइड्रोजन बम की घोषणा कर राहुल गांधी ने वोट चोरी के अपने कैंपेन की निरंतरता बनाए रखने का नया हथियार चुना है. अब देखने वाली बात होगी कि अब हाइड्रोजन बम के फटने से क्या खुलासा होता है?







