बिहार के नवादा जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के देदौर पंचायत के कृष्णा नगर स्थित दलित बस्ती में आगजनी की घटना ने एक बार फिर जातिगत खाई को उजागर कर दिया है. हालांकि ये लड़ाई दलित और सर्वण के बीच नहीं बल्कि दलित और महा दलित के बीच की है, जिसमें मांझी और पासवान जातियां आमने-सामने हैं. खबर है कि नवादा में पासवान बिरादरी के लोगों ने बुधवार देर रात मांझी समाज की बस्ती को आग के हवाले कर दिया. ऐसे में एनडीए के साथ रह रहे जीतन राम मांझी और चिराग पासवान के बीच भी बयानबाजी के कयास लगाए जा रहे हैं.
पासवान अपने साथियों के साथ बस्ती में घुसा था
पीड़ितों ने प्राणपुर गांव के मुनि पासवान एवं उसके सहयोगियों पर घर जलाने का आरोप लगाया है, जहां घटना के वक़्त गोलीबारी करने का भी आरोप लगाया गया है. पूरा मामला जमीन के विवाद को लेकर बताया जा रहा है. कृष्णा नगर में कई सालों से महादलित समाज के लोग बिहार सरकार की जमीन पर बसे हुए थे. इसी जमीन को लेकर दूसरे पक्ष का भी इस पर दावा किया जाता रहा है. इस दौरान पूरा मामला न्यायालय में लंबित है और टाइटल शूट चल रहा है. इसी दरम्यान घटना को अंजाम दिया गया, जिसमें जिलाधिकारी आशुतोष कुमार वर्मा ने अबतक कुल 21 घरों के जलने की पुष्टि की है. वहीं एसपी अभिनव धीमान ने शुरुआती दौर में कुल 10 लोगों के गिरफ्तारी की पुष्टि की है.
मल्लिकार्जुन खड़गे ने साधा निशाना
बता दें कि इस घटना पर अब राजनीति शुरू हो गई है. कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने ट्वीट कर एनडीए पर निशाना साधा है. उन्होंने ट्वीट कर लिखा, ‘बिहार के नवादा में महादलित टोला पर दबंगों का आतंक NDA की डबल इंजन सरकार के जंगलराज का एक और प्रमाण है. बेहद निंदनीय है कि करीब 100 दलित घरों में आग लगाई गई, गोलीबारी की गई और रात के अँधेरे में ग़रीब परिवारों का सब कुछ छीन लिया गया. भाजपा और उसके सहयोगी दलों की दलितों-वंचितों के प्रति घोर उदासीनता, आपराधिक उपेक्षा व असामाजिक तत्वों को बढ़ावा अब चरम पर है. प्रधानमंत्री मोदी जी हमेशा की तरह मौन हैं, नीतीश जी सत्ता के लोभ में बेफिक्र हैं और NDA की सहयोगी पार्टियों के मुँह में दही जम गया है.’
बसपा सुप्रीमो मायावती ने किया ट्वीट
बसपा सुप्रीमो मायावती ने ट्वीट कर कहा, ‘बिहार के नवादा में दबंगों द्वारा गरीब दलितों के काफी घरों को जलाकर राख करके उनका जीवन उजाड़ देने की घटना अति-दुखद व गंभीर. सरकार दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने के साथ ही पीड़ितों को पुनः बसाने की व्यवस्था के लिए पूरी आर्थिक मदद भी करे.’
मायावती, कांग्रेस ने BJP-नीतीश को आड़े हाथों लिया.
बिहार का नवादा इस वक्त दलितों पर अत्याचार की आग में धधक रहा है. इससे पहले उत्तर प्रदेश के रायबरेली में भी एक ऐसी ही घटना सामने आई, जिसमें दबंगों ने अहम की लड़ाई में एक युवक से अपने जूते चटवाए. अब इन घटनाओं पर राजनीति भी तेज हो गई है. बिहार में तेजस्वी यादव और यूपी में अखिलेश यादव इसे बीजेपी के खिलाफ बड़ा राजनीतिक हथियार बना सकते हैं. कांग्रेस ने भी इस मुद्दे को हाथों-हाथ लपक लिया है. दलित राजनीति के लिए पहचाने जाने वाली मायावती भी इस मुद्दे पर कहां पीछे रहने वाली थी. वो भी एक्टिव हो गई हैं.
यूपी में इस वक्त योगी आदित्यनाथ की सरकार है. वहीं, एनडीए गठबंधन के तहत बीजेपी बिहार में नीतीश कुमार की लीडरशिप में डबल इंजन सरकार होने का दम भरती है. विकास और हिन्दुत्व को विपक्ष के खिलाफ हथियार के रूप में इस्तेमाल करने वाली बीजेपी का एजेंडा साफ है कि हिन्दू समाज जात-पात से ऊपर उठकर एकजुट रहे. बीते लोकसभा चुनाव में बीजेपी की इस थ्योरी पर यूपी में अखिलेश यादव और मायावती और अन्य राज्यों में कांग्रेस ने जबर्दस्त डेंट पहुंचाया था. विपक्ष लोगों के मन में यह नरेटिव सेट करने में सफल रहा कि बीजेपी 400 पार का नारा देकर संविधान बदलने की फिराक में है. यही वजह है कि दलित और महा-दलित वर्ग ने अन्य दलों को जमकर वोट दिए. 400 पार का दम भरने वाली बीजेपी 240 पर ही सिमट गई और अपने दम पर सरकार भी नहीं बना पाई.
कांग्रेस ने साधा निशाना…
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने नवादा में कई लोगों के घरों को आग लगाए जाने की घटना पर सीएम नीतीश कुमार पर निशाना साधा. एक्स पर खरगे ने कहा, ‘‘बिहार के नवादा में महादलित टोला पर दबंगों का आतंक. NDA की ‘डबल इंजन सरकार’ के जंगलराज का एक और प्रमाण है. बेहद निंदनीय है कि करीब 100 दलित घरों में आग लगाई गई, गोलीबारी की गई और रात के अंधेरे में गरीब परिवारों का सब कुछ छीन लिया गया. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी हमेशा की तरह मौन हैं, नीतीश जी सत्ता के लोभ में बेफिक्र हैं और NDA की सहयोगी पार्टियों के मुंह में दही जम गया है.’’
तेजस्वी यादव ने पीएम और नीतीश को घेरा
नवादा की घटना पर तेजस्वी यादव ने एक्स पर पोस्ट में कहा, ‘महा जंगलराज! महा दानवराज! महा राक्षसराज! नवादा में दलितों के 100 से अधिक घरों में लगायी आग. नरेंद्र मोदी और नीतीश कुमार के राज में बिहार में आग ही आग. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बेफिक्र, NDA के सहयोगी दल बेख़बर! गरीब जले, मरे-इन्हें क्या? दलितों पर अत्याचार बर्दाश्त नहीं होगा.’
मायावती भी पीछे नहीं
बीएसपी सुप्रीमों मायावती ने बिहार की घटना पर कहा, ‘बिहार के नवादा में दबंगों द्वारा गरीब दलितों के काफी घरों को जलाकर राख करके उनका जीवन उजाड़ देने की घटना अति-दुखद व गंभीर. सरकार दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने के साथ ही पीड़ितों को पुनः बसाने की व्यवस्था के लिए पूरी आर्थिक मदद भी करे.’







