ADVERTISEMENT
Friday, August 14, 2026
No Result
View All Result
  • Login
  • Register
No Result
View All Result
UB INDIA NEWS
No Result
View All Result

महागठबंधन में अब ढीली पड़ने लगी हैं गांठें!

UB India News by UB India News
December 29, 2023
in पटना, बिहार
0
महागठबंधन में अब ढीली पड़ने लगी हैं गांठें!
  • Facebook
  • X
  • WhatsApp
  • Telegram
  • Email
  • Print
  • Copy Link

बिहार की राजनीतिक पार्टियों में संख्या बल की दृष्टि से अभी सबसे अधिक ताकतवर आरजेडी दिख रहा है। भाजपा की ताकत भी कम नहीं। बीजेपी भी साल 2020 के विधानसभा चुनाव में मिलीं 74 सीटों के साथ आरजेडी के समकक्ष खड़ी है। बीजेपी में न कोई नाराजगी दिखती है और न टूट-फूट की गुंजाइश। बीजेपी के सहयोगी भी लोकसभा सीटों के लिए कोई हड़बोंग नहीं मचा रहे। बीजेपी की तरह ही आरजेडी में शांति है। दरअसल आरजेडी की निश्चितता के दूसरे कारण हैं। अव्वल तो आरजेडी में भगदड़ की कोई आशंका नहीं है। दूसरे, आरजेडी को पूरा विश्वास है कि उसका दल सहयोगी जेडीयू लाख छटपटाए, पर उसकी सेहत पर उसका कोई असर पड़ने वाला नहीं। जेडीयू साथ रहे या जाए, आरजेडी की सेहत पर कोई फर्क नहीं पड़ने वाला। हां, साथ रहने पर थोड़ी आसानी तो आरजेडी को होगी ही। आरजेडी ने दोनों तरह की तैयारी कर रखी है। जेडीयू साथ रहे तो कोई दिक्कत नहीं, साथ छोड़े भी तो सरकार महागठबंधन की बनी रहेगी, ऐसा आरजेडी के आला नेताओं को भरोसा है।

क्या है आरजेडी के इतना निश्चिंत रहने की वजह

बिहार के सियासी हलके में इस बात की जोरदार चर्चा है कि नीतीश कुमार की पार्टी में विद्रोह के बीज पड़ चुके हैं। अगर जेडीयू यही रंग-ढंग रहा तो उसके नेता खुद टूट जाएंगे। इसके दो कारण हैं। पहला यह कि जेडीयू के ज्यादातर सांसद-विधायक बीजेपी के साथ के आदी रहे हैं। वे जितना कंफर्ट बीजेपी के साथ महसूस करते रहे हैं, उतना आरजेडी के साथ रह कर नहीं। जेडीयू में एक खेमा ऐसा भी है, जो महागठबंधन के साथ रहने का पक्षधर है। जेडीयू में ललन सिंह प्रकरण पर छिड़ी चर्चा के बीच जेडीयू के दर्जन भर विधायकों का पटना में एक जगह जमा होकर गुफ्तगू करना जेडीयू में सब कुछ ठीक न रहने के शुरुआती संकेत हैं।

RELATED POSTS

22,500 करोड़ का परमाणु निवेश!

स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए गांधी मैदान तैयार ,त्रिस्तरीय सुरक्षा; CCTV और ड्रोन से होगी मॉनिटरिंग……..

आरजेडी ने पहले से ही कर रखी अपनी तैयारी

बीजेपी को छोड़ कर नीतीश कुमार आरजेडी के साथ दो कारणों से गए थे। पहला यह कि वे बीजेपी का दबाव अपने उपर महसूस कर रहे थे। दूसरा, नीतीश को महागठबंधन में सामाजिक ताकतों का जमघट दिख रहा था। आरजेडी ने खुले मन से महागठबंधन में नीतीश को अगर स्वीकार किया तो इसके पीछे उसकी मंशा शायद यही रही हो कि इसी बहाने वह नीतीश-भाजपा की पुरानी दोस्ती तोड़ देगा और देर-सबेर नीतीश से सीएम की कुर्सी झटक लेगा। सीएम की कुर्सी आसानी से नीतीश छोड़ने को तैयार नहीं हैं तो आरजेडी ने नया दांव अख्तियार किया। उसने जेडीयू के वैसे विधायकों की पहचान कर ली, जो आड़े वक्त उसके काम आएं। जब से नीतीश कुमार का मन डोलने की खबर आरजेडी कैंप को लगी है, तभी से उसने वैकल्पिक योजना पर काम शुरू कर दिया है। यानी नीतीश ने फिर एनडीए का दामन थामा तो उनके विधायकों को कैसे तोड़ लिया जाए। पटना में अगर जेडीयू के दर्जन भर विधायक चोरी-चुपके कहीं जुटते हैं और कुछ चर्चा करते हैं तो इसके पीछे आरजेडी की ही चाल है।

 

आरजेडी का एक ही लक्ष्य- तेजस्वी सीएम बनें

आरजेडी का एक ही लक्ष्य है कि उसके नेता बिहार के डेप्युटी सीएम तेजस्वी यादव किसी तरह सीएम बन जाएं। यह तभी हो सकता है, जब स्वेच्छा से नीतीश सीएम की कुर्सी छोड़ दें या महागठबंधन से अलग होने का फैसला करें। नीतीश कुमार बार-बार सफाई दे रहे कि बीजेपी के इशारे पर मीड़िया जेडीयू के बारे में अनाप-शनाप खबरें चला रहा है। जेडीयू में कहीं कोई गड़बड़ नहीं है। लेकिन जानकार बताते हैं कि खरमास बीतते बिहार की राजनीति नया करवट लेने को बेताब है। इसका स्वरूप भी लोग यह कह कर बताते हैं कि नीतीश फिर पलटी मारेंगे और एनडीए के साथ जाएंगे। जेडीयू के पुराने नेता नरेंद्र सिंह भी यही कहते हैं। जेडीयू से अलग होने के बाद चुनावी रणनीतिकार और जन सुराज यात्रा कर रहे प्रशांत किशोर का भी यही मानना है।

तेजस्वी को मुख्यमंत्री बनाने की क्या है तैयारी

तेजस्वी के पास अभी 115 विधायकों का समर्थन है। सरकार बनाने के लिए 243 सीटों वाली विधानसभा में 123 विधायकों के समर्थन की जरूरत है। यानी आरजेडी आठ विधायकों का बंदोबस्त कर ले तो तेजस्वी सीएम बन जाएंगे। आरजेडी की रणनीति है कि अगर जेडीयू ने एनडीए के साथ जाने का फैसला किया तो उसके आठ-दस विधायकों को अपने पाले में करना आसान होगा। आरजेडी की नजर जेडीयू के उन विधायकों पर है, जो आसानी से उसके साथ आ सकते हैं। आरजेडी को दल बदल कानून की भी परवाह नहीं, क्योंकि विधानसभा के अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी उसके ही दल के हैं। दल-बदल का मामला आया भी तो वे 2025 के चुनाव तक मामले को लटका सकते हैं।

 

भाजपा तेजस्वी को कभी सीएम नहीं बनने देगी

भाजपा की अपनी तैयारी है। पहली तैयारी तो यह दिखती है कि नीतीश कुमार को किसी तरह साथ लाया जाए। अगर यह काम निर्विघ्न संपन्न हो गया तो बिहार में एक बार फिर एनडीए की सरकार बन जाएगी। अगर इसमें व्यवधान हुआ, जैसा कि जेडीयू के कुछ विधायकों के आरजेडी के प्रति आकर्षण की बात कही जा रही है तो इसकी भी चिंता बीजेपी को नहीं है। इसलिए कि राज्यपाल तो बीजेपी सरकार द्वारा ही नियुक्त है। तेजस्वी के दावा पेश करने की स्थिति में वे रोड़े अंटका सकते हैं। वे दल बदल का मामला लटकने की बात कह कर सरकार बनने से रोक सकते हैं। तब राज्य में कुछ समय के लिए गवर्नर रूल भी हो सकता है। बीजेपी की योजना यह भी है कि नीतीश खुद सरकार गिरा दें और विधानसभा भंग हो जाए। फिर लोकसभा के साथ ही विधानसभा का चुनाव बीजेपी और जेडीयू मिल कर लड़ें।

 

नीतीश कुमार को भी लाचार बना कर ही छोड़ेगी

नीतीश ऐसे दोराहे पर खड़े हैं, जो शायद उनके राजनीतिक करियर में पहली बार सबसे चुनौतीपूर्ण बन कर सामने आया है। नीतीश को बीजेपी की चाल भी समझ में आ रही है और आरजेडी की कुटिलता से भी वे अनजान नहीं होंगे। हालांकि उम्मीद यही है कि आखिरकार भाजपा की शर्तों पर नीतीश को उसके साथ आना ही पड़ेगा। भाजपा के दोनों हाथ में लड्डू है। जेडीयू को तोड़ कर तेजस्वी ने दावा पेश किया तो राजभवन रोड़े अंटकाएगा। दल बदल में अवध बिहारी चौधरी मदद करें भी तो राजभवन अड़ंगा डालेगा। राज्यपाल राजनीतिक अस्थिरता का सहारा लेकर गवर्नर रूल की सिफारिश कर सकते हैं। रही बात आरजेडी से निपटने की तो तेजस्वी के खिलाफ केंद्रीय जांच एजेंसियों ने पहले से ही मोर्चा खोल रखा है। यानी नीतीश के पास आज नहीं तो कल, बीजेपी के साथ जाने की मजबूरी होगी। कुर्सी सुरक्षित रखने के लिए नीतीश किसी हद तक जा सकते हैं, बीजेपी को यह भी पता है। खैर, खरमास तक बिहार की सियासत में गर्मी बरकरार रहेगी और उसके बाद राजनीति का नया रूप बिहार में देखने को मिलेगा।

  • Facebook
  • X
  • WhatsApp
  • Telegram
  • Email
  • Print
  • Copy Link
UB India News

UB India News

Related Posts

22,500 करोड़ का परमाणु निवेश!

22,500 करोड़ का परमाणु निवेश!

by UB India News
August 14, 2026
0

देर आए दुरुस्त आए। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव विदेश यात्रा से नए एनर्जी के साथ लौटे या फिर इस खास...

स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए गांधी मैदान तैयार ,त्रिस्तरीय सुरक्षा; CCTV और ड्रोन से होगी मॉनिटरिंग……..

स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए गांधी मैदान तैयार ,त्रिस्तरीय सुरक्षा; CCTV और ड्रोन से होगी मॉनिटरिंग……..

by UB India News
August 14, 2026
0

स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में होने वाले मुख्य राजकीय समारोह की सभी तैयारियां पूरी...

देशभर में मानसून सक्रिय , दिल्ली-NCR में झमाझम बारिश, कई इलाकों में भरा पानी , बिहार के 24 जिलों में हेवी रेन का अलर्ट

पटना समेत 18 जिलों में बारिश का अलर्ट

by UB India News
August 14, 2026
0

बिहार में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने वाला है. मानसून फिर से एक्टिव हो रहा है. मौसम विभाग...

डीआईजी राकेश कुमार सिन्हा को गृह मंत्रालय ने सराहनीय सेवा पदक से सम्मानित …………….

डीआईजी राकेश कुमार सिन्हा को गृह मंत्रालय ने सराहनीय सेवा पदक से सम्मानित …………….

by UB India News
August 14, 2026
0

बिहार पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी और निगरानी अन्वेषण ब्यूरो में डीआईजी राकेश कुमार सिन्हा को उनकी बेहतरीन पुलिस सेवा के...

अब तो क्षेत्रीय दलों के टूटने की हवा ही चल पड़ी है………..

बिखर जाएगा राजद या बचा लेंगे तेजस्वी?

by UB India News
August 14, 2026
0

बिहार में चुनाव बीते 9 महीने होने को हैं, लेकिन सियासी सरगर्मी खत्म होने का नाम नहीं ले रही. पहले...

Next Post
इनका मेडिकल चेकअप होना चाहिए,12 घण्टे में भूल गए क्या बोले थे : सम्राट चौधरी

नीतीश के लिए BJP का दरवाजा हमेशा के लिए बंद

NDA में जाने के अलावा नीतीश के पास कोई दूसरा रास्ता नहीं

NDA में जाने के अलावा नीतीश के पास कोई दूसरा रास्ता नहीं

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • front
  • Home
Contect Us - ubindianews@gmail.com

© 2020 ubindianews.com - All Rights Reserved ||

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password? Sign Up

Create New Account!

Fill the forms below to register

All fields are required. Log In

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • front
  • Home

© 2020 ubindianews.com - All Rights Reserved ||

Send this to a friend