पटना के ज्ञान भवन में ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट में ओसवाल ग्रुप ने बड़ी घोषणा की। ग्रुप के प्रमोटर कमल ओसवाल ने कहा, बिहार को बांग्लादेश से सीखना होगा। गारमेंट्स बिजनेस के लिए दोनों जगह करीब-करीब एक जैसा ही माहौल है। वहां विदेशों से डिमांड बहुत है। USA और यूरोप से डिमांड आता है। मैं मोंटे कार्लो यूनिट यहां लगाऊंगा। इसके लिए सोच सकता हूं। 300 करोड़ रुपए इन्वेस्ट के लिए विचार कर रहा हूं।
कमल ग्रुप के सुरेश बगेचा ने कहा कि गुजरात में करीब 5000 में 60 फीसदी लेबर बिहार से हैं। बिहार में धर्म भूमि है, इसे अब कर्मभूमि बनाऊंगा। सुरेश बगेचा ने कहा कि बिहार में मैं निवेश करूंगा। इस मामले में उद्योग विभाग से बात हुई है। बिहार के चार- पांच हजार लोगों को रोजगार दूंगा। मैं यहां पॉलिस्टर, नायलॉन आदि का यूनिट लगाऊंगा।
उद्योग मंत्री समीर महासेठ ने बताया कि टेक्सटाइल सेक्टर में तीन एमओयू हुए हैं। सावी लेदर्स के साथ 274 करोड़ रुपए का, कॉलम ग्रुप के साथ 100.5 करोड़ रुपए और मां प्रभावती ग्रुप के साथ 94.5 करोड़ रुपए का एमओयू साइन किया गया है।
समिट 14 दिसबंर तक चलेगी। बिहार में आयोजित हो रहे इस पहले ग्लोबल इनवेस्टर्स समिट में 600 से ज्यादा उद्योगपति शामिल हो रहे हैं। समिट से पहले 11 कंपनियों ने लगभग 500 करोड़ रुपए से ज्यादा के एमओयू की सहमति दी है। 240 कंपनियां ऐसी हैं, जिन्होंने 100-500 करोड़ रुपए निवेश करने की सहमति दी है। दो दिन में 31 हजार करोड़ के एमओयू शामिल होने की उम्मीद है।
ग्लोबल समिट में 16 देशों से ज्यादा डिप्लोमैट और प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं। इनमें 10 उद्योगपति या प्रतिनिधियों के साथ सीएम नीतीश कुमार वन-टू-वन मीटिंग करेंगे।
बिहार पुराना इतिहास दोहराएगा: उद्योग मंत्री
बिहार के उद्योग मंत्री समीर महासेठ ने कार्यक्रम में शामिल उद्योगपतियों से कहा कि बिहार अपने पुराने इतिहास को दोहराएगा। बिहार में हर साल इस तरह का इन्वेस्टर मीट जरूर होना चाहिए। ताकि आप सभी से मुलाकात हो। बिहारियों पर लोग विश्वास करते हैं। बिहारी निर्माणकर्ता हैं। उन्होंंने कहा कि अगले तीन साल में टॉप टेन में आना है और आने वाले पांच सालों में टॉप फाइव में रहना है। पॉलिसी को बेहतर बना रहें है।
महासेठ ने कहा कि सीएम नीतीश और उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव लगातार बिहार को आगे बढ़ाने में जुटे हैं। बिहार बढ़ रहा है, आप लोगों को बस एक धक्का देना है। यहां के लोग विश्वासी और मेहनती है। हर उद्योग में बिहार के लोग हैं। इन्वेस्टर यहां आए,उद्योग लगाएं। बिहारियो ने पंजाब,गुजरात,महाराष्ट्र को बनाया। बिहारी जहां गए, वह विकसित हुआ। बिहार में बिजली,सड़क,पानी सब है। विशेष राज्य का दर्जा हमारी डिमांड है। ताकि उद्योग लगे। भारत सरकार से आग्रह है कि आप भी ध्यान दीजिए।
उद्योग अपर मुख्य सचिव संदीप पौंड्रिक ने बिहार में इन्वेसमेंट क्यों, इसको लेकर पांच पॉइंट बताए। रा मैटेरियल, इंफ्राट्रक्चर, ह्यूमन रिसोर्स, मार्केट, गवर्मेंट पॉलिसी इन पांच कारण को गिनाया, जिसकी वजह से उद्योगपति बिहार में निवेश कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि बिहार सरकार ने पिछले एक साल में दो हजार करोड़ रुपए औद्योगिक इंफ्राट्रक्टर पर खर्च किए हैं। 24 घंटे बिजली दी जा रही है। फूड प्रोसेसिंग में पहला अवॉर्ड मिला है। उन्होंने बिहार में हुए विकास को गिनवाते हुए कहा कि बिहार आने के लिए सात एयरपोर्ट है। तीन बिहार में और चार पड़ोस के राज्यों में। हाईवे और एक्सप्रेस-वे से बिहार आना आसान हो गया है। कार्यक्रम में उद्योग मंत्री समीर महासेठ भी मौजूद हैं।
समिट में जिन बड़े उद्योगपतियों और कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं, उनमें अडाणी ग्रुप के प्रवण अडाणी, IOCL के शुक्ला मिस्त्री, नाहर ग्रुप ऑफ इंडस्ट्रीज के कमल ओसवाल, गोदरेज ग्रुप के राकेश स्वामी और जेके लक्ष्मी सीमेंट के अरुण शुक्ला शामिल हैं।
समिट के दौरान दो दिनों में कुल पांच सत्र होंगे। पहले दिन उद्घाटन के अवसर पर 90-90 मिनट के 4 सत्र होंगे। जबकि आखिरी दिन 3 घंटे का एक स्पेशल सेशन होगा।
इस दौरान टैक्स्टाइल एवं लेदर, जनरल मैन्युफैक्चरिंग , फूड प्रोसेसिंग और इन्फॉर्मेशन एंड टेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट के एक्सपर्ट अपने सेक्टर के विषय में प्रेजेंटेशन देंगे। उद्योगपति और विशेषज्ञ इन सेक्टरों पर चर्चा कर एमओयू (मैमोरैंडम आफ अंडरस्टैंडिंग) भी साइन करेंगे।
समिट में 16 से अधिक देशों के प्रतिनिधि हो रहे हैं
समिट में कुल 16 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं। इन देशों में अमेरिका, जापान, जर्मनी, रूस, यूएई, मॉरिशस, ताइवान, वियतनाम, नीदरलैंड, थाइलैंड, नेपाल, सउदी अरब, हॉन्ग कॉन्ग, हंगरी, बांग्लादेश और उज्बेकिस्तान जैसे देश शामिल हैं।
बिहार में पहली बार प्लग एंड प्ले की व्यवस्था
बिहार के उद्योग विभाग की तरफ से पहली बार प्लग एंड प्ले इन्फ्रास्ट्रक्चर मुहैया कराई जा रही है। 24 लाख वर्ग फीट में प्लग एंड प्ले इंडस्ट्रियल शेड बनाया गया है। इसके आधार पर सरकार उद्यमियों से कह रही है कि आप केवल अपना मशीन लेकर आइए और यहां काम शुरू कीजिए। इनके आवंटन के लिए एक सप्ताह के अंदर कार्रवाई कर ली जाती है। प्लग एंड प्ले शेड का किराया भी 4 से 8 रूपया प्रति वर्ग फीट रखा गया है।
पटना के 10 होटलों को कार्यक्रम के लिए किया गया है बुक
दो दिनों की इस समिट के लिए पटना के 10 लग्जरी होटल को बुक किया गया है। इनमें मुख्य रूप से होटल मौर्या, लेमन ट्री, होटल पनाश, चाणक्य, रिपब्लिक, पाटलिपुत्र एक्जोटिका जैसे होटल शामिल हैं।







