बिहार के पूर्व सीएम और हम प्रमुख जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने राज्य में लागू शराबबंदी कानून (Bihar Liquor Ban Policy) पर फिर से सवाल उठाए हैं. मांझी ने दिल्ली में कहा कि शराबबंदी के पहले बिहार में जितनी शराब बिकती थी आज उससे दोगुनी शराब बिकने लगी है. मांझी ने कहा कि बिहार में वर्तमान हालात में शराबबंदी कानून की समीक्षा की जरूरत है. शराब बंदी कानून में जिन पर कार्रवाई होती है उसमें तीन चौथाई लोग ऐसे होते हैं जो गरीब हैं. बिहार के पूर्व सीएम ने कहा कि शराबबंदी कानून के तहत गरीब लोगों पर अधिकतम कार्रवाई होती है.
छपरा में सरकारी एंबुलेंस में शराब मिलने के मामले में जीतन राम मांझी ने कहा कि विधायक और सांसद अपने फंड से इलाके में एंबुलेंस देते हैं लेकिन उस पर शराब की तस्करी करना गलत है. उन्होंने कहा कि उस गाड़ी के ड्राइवर पर कार्रवाई होनी चाहिए. इस मामले में सांसद राजीव प्रताप रूडी के ऊपर कोई सवाल खड़ा नहीं होता है क्यों कि रू़ड़ी जी की इसमें संलिप्तता नहीं है.
उत्तर प्रदेश के चुनाव को लेकर बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और हम सेक्युलर के राष्ट्रीय अध्यक्ष जीतन राम मांझी ने कहा कि अगर बीजेपी- जेडीयू का गठबंधन हो जाता है तो हम भी चाहेंगे कि साथ में लड़ें, खासतौर से बिहार से सटे हुए पूर्वांचल में, जहां हमारा वर्चस्व है लेकिन जेडीयू बीजेपी अलग-अलग लड़े तो हम जेडीयू के साथ लड़ने की बात करेंगे. हम भी चाहेंगे हमें सीट मिले अगर जेडीयू सीट नहीं देगी तो हम चुनाव नहीं लड़ेंगे. चिराग पासवान को लेकर जीतन राम मांझी ने कहा कि चिराग पासवान अगर एनडीए में रहते हैं तो हम व्यक्तिगत रूप से उनका स्वागत करेंगे हालांकि ये मेरा निजी मत है. मैं एनडीए और जेडीयू की तरफ से नहीं बोल रहा हूं






