SJS (स्टीवंस जॉनसन सिंड्रोम) जैसी दुर्लभ बीमारी से जूझ रहे भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल को पटना एम्स से छुट्टी मिल गई है। बीमारी के कारण शरीर में हुए घावों के काफी कुछ हद तक भरने के बाद उन्हें अस्पताल से छु्ट्टी मिली है। अब वो अपने बेतिया स्थित घर पर स्वास्थ्य लाभ रहे हैं और पार्टी की बैठकों में ऑनलाइन शामिल हो रहे हैं। वह करीब 10 दिन से एम्स पटना में भर्ती थे।
2 सितंबर को उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए अपनी बीमारी के बारे में बताया था। तब उनके चेहरे और गले पर बीमारी का साफ असर दिख रहा था। उन्होंने बताया था, “चमड़े में ग्रेड वन बर्न हैं। इसलिए वो किसी से मिल नहीं सकते।’
अस्पताल से हुए थे ऑनलाइन शामिल
अस्पताल में रहने के बावजूद जायसवाल 4 सितंबर को नए संगठन महामंत्री भीखू भाई दलसानिया के स्वागत कार्यक्रम में ऑनलाईन शामिल हुए थे। अस्पताल से घर पहुंचने के बाद उन्होंने सभी जिलाध्यक्षों, जिला प्रभारियों और क्षेत्रीय प्रभारियों के साथ वीडियो कॉफ्रेसिंग के जरिए बैठक की। बैठक में उन्होंने 17 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जन्मदिन पर शुरू हो रहे भाजपा के सेवा सप्ताह से जुड़े कार्यक्रमों की समीक्षा की।
जायसवाल की बीमारी स्टीवन जॉनसन सिंड्रोम अपने तीसरे चरण में है। इस बीमारी में बुखार होता है और ये त्वचा, श्लेष्म झिल्ली, जननांगों और आंखों को प्रभावित करता है। इसके घाव शरीर में कहीं भी हो सकते हैं। घाव में इंफेक्शन होने का खतरा हमेशा बना रहता है। इसलिए इससे पीड़ित लोगों के जख्म ताजा रहने के दौरान लोगों से मिलने-जुलने की इजाजत डॉक्टर नहीं देते।







