कुछ दिनों से राजद नेताओं की ओर से तेजस्वी को बिहार का सीएम बनाने और नीतीश कुमार को केंद्र की राजनीति में शिफ्ट करने का बयान आना बंद हुआ ही था कि एक बार फिर राजद कार्यालय के बाहर लगे पोस्टर ने पार्टी की पुरानी मांग को ताजा कर दिया।
दरअसल‚ रविवार को राजद के प्रदेश कार्यालय के बाहर एक पोस्टर लगाया गया था जहां नीतीश कुमार को प्रधानमंत्री की कुर्सी पर बैठे हुए दिखाया गया है।
पोस्टर में जहां नीतीश कुमार पीएम की कुर्सी पर बैठे नजर आ रहे हैं। वहीं विपक्ष के तमाम बडे नेता जिसमें दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल‚ तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन‚ कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडगे‚ कांग्रेस के पूर्व सांसद राहुल गांधी‚ पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी‚ तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव‚ झारखंड़ के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन‚ एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार‚ शिवसेना सुप्रीमो उद्धव ठाकरे‚ समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव‚ आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद और बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव पोस्टर में नीतीश कुमार के दाएं‚बाएं‚आगे‚पीछे खडे दिखाई दे रहे हैं। यह पोस्टर राजद की महिला प्रकोष्ठ की महासचिव पूनम राय द्वारा लगाया गया था। हालांकि पिछले दिनों दिल्ली प्रवास से पटना लौटने के बाद पत्रकारों द्वारा पूछे गए एक सवाल के जवाब में नीतीश कुमार ने कहा था कि उन्हें पीएम बनने की कोई इच्छा नहीं है। बावजूद राजद की ओर से इस पोस्टर के जरिये नीतीश कुमार को विपक्षी दलों की साझा सहमति से पीएम प्रत्याशी के तौर पर दिखाने की कोशिश की गई है। हालांकि इस पोस्टर को लेकर विपक्षी पार्टियों के बीच कोई विवाद हो इसके पूर्व इसे राजद कार्यालय के बाहर से हटा दिया गया। वैसे राजद की ओर से पोस्टर के माध्यम से नीतीश कुमार को पीएम उम्मीदवार के रूप में प्रोजेक्ट किया जाना पहली बार नहीं हुआ है।
राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो राजद इस तरह के पोस्टर के माध्यम से नीतीश कुमार को यह मैसेज देना चाहता है कि वे अब राष्ट्रीय राजनीति की ओर कूच करें और बिहार में मुख्यमंत्री की कुर्सी तेजस्वी के लिए खाली करें। हालांकि राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह उनके बेटे व सूबे के पूर्व कृषि मंत्री सुधाकर सिंह‚ पार्टी के विधायक भाई वीरेंद्र‚ इजहार असफी सहित राजद के कई नेता काफी पहले ही नीतीश कुमार को केंद्र की राजनीति में जाने और बिहार में सीएम की कुर्सी तेजस्वी के लिए छोड़़ने का बयान दे चुके हैं। जगदानंद तो यहां तक कह दिए थे कि नीतीश कुमार २०२३ में राष्ट्रीय राजनीति के लिए खुद को समर्पित कर देंगे और उनके उत्तराधिकारी के रूप में तेजस्वी सीएम की कुर्सी संभालेंगे। इनसे एक कदम और आगे बढ़ते हुए राजद के वरिष्ठ नेता व विधायक भाई वीरेंद्र ने कहा था कि तेजस्वी की ताजपोशी को लेकर राजद–जदयू में पहले ही समझौता हो चुका है।







