बिहार के सीवान से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक कुख्यात अपराधी को एनकाउंटर में ढेर कर दिया है. मारा गया अपराधी 25 हजार का इनामी था और पूर्व एमएलसी मनोज सिंह के भांजे की हत्या में शामिल था. सीवान में लगातार हो रही पुलिस कार्रवाई के बीच एक और बड़ा एनकाउंटर हुआ है, जिसने पूरे जिले में सनसनी फैला दी है.
सीवान के बड़हरिया थाना क्षेत्र में पुलिस और अपराधियों के बीच मुठभेड़ में कुख्यात अपराधी सोनू यादव मारा गया. सोनू यादव पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था और वह कई संगीन मामलों में वांछित था. बताया जा रहा है कि सोनू यादव वही अपराधी है, जिसने 4 दिन पहले पूर्व एमएलसी मनोज सिंह के बहनोई और उनके भांजे पर जानलेवा हमला किया था. इस हमले में भांजे हर्ष कुमार की मौके पर ही मौत हो गई थी जबकि बहनोई गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनका इलाज अभी पटना में चल रहा है. इस वारदात के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल था और पुलिस पर अपराधियों को पकड़ने का भारी दबाव था.
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि सोनू यादव अपने साथियों के साथ बड़हरिया इलाके में छिपा हुआ है. सूचना के आधार पर पुलिस ने इलाके की घेराबंदी की, जैसे ही पुलिस ने दबिश दी तो अपराधियों ने फायरिंग शुरू कर दी. जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोली चलाई, जिसमें सोनू यादव मारा गया.
2 दिन पूर्व ही छोटू यादव का भी हुआ एनकाउंटर
मृत अपराधी की पहचान हुसैनगंज थाना क्षेत्र के सरेया गांव निवासी गरजू यादव के पुत्र सोनू यादव के रूप में हुई है. पुलिस ने इस मामले में एक अन्य अपराधी सुनील यादव को गिरफ्तार किया है, उसके पास से एक कार भी बरामद की गई है. वहीं, इससे पहले 2 दिन पूर्व ही छोटू यादव का भी एनकाउंटर हुआ था जिससे साफ है कि पुलिस लगातार इस गैंग के खिलाफ एक के बाद एक बड़ी कार्रवाई कर रही है.
लगातार हो रहे इन एनकाउंटर से यह साफ संकेत मिल रहा है कि सीवान पुलिस अब अपराधियों के खिलाफ पूरी तरह से एक्शन मोड में है. खासतौर पर मनोज सिंह के परिवार पर हुए हमले के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए गैंग के सदस्यों को एक-एक कर खत्म करना शुरू कर दिया है. फिलहाल इस एनकाउंटर के बाद पूरे इलाके में पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई है और बाकी फरार अपराधियों की तलाश जारी है.





