मौसम विभाग के मुताबिक राज्य के कई हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चल सकती है.
- दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश और उसके आसपास हवा में ऊपर की तरफ एक चक्रवाती सिस्टम बना हुआ है, जो मौसम को बदल रहा है.
- दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश से लेकर छत्तीसगढ़ और ओडिशा तक एक हवा का दबाव वाला क्षेत्र बना है. जिससे बारिश और बादल बन रहे हैं.
- गंगा के किनारे वाले पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश के ऊपर भी एक चक्रवाती हवा का क्षेत्र एक्टिव है.
- उत्तर-पूर्वी बांग्लादेश के आसपास भी इसी तरह का एक और सिस्टम बना हुआ है. इसके अलावा, 2 मई 2026 से एक नया पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित कर सकता है.
तापमान में गिरावट
गुरुवार को पटना का अधिकतम तापमान गिरकर 29.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. लिहाजा लोगों को गर्मी से राहत मिली है. आने वाले दिनों में भी तापमान सामान्य रहने की उम्मीद है. मौसम विभाग के मुताबिक हीट वेव का कोई खतरा फिलहाल नहीं है. हालांकि मौसम विभाग ने साफ कहा है कि लोगों को वज्रपात से सावधान रहने की जरूरत है.
सावधान रहें
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक अगले कुछ दिनों तक आसमान में बादल छाए रहेंगे और अलग-अलग हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश होती रहेगी. खासकर उत्तर और पूर्वी बिहार में इसका असर ज्यादा देखने को मिलेगा. लोगों को सलाह दी गई है कि आंधी-तूफान के दौरान पेड़ के नीचे खड़े न हों और सुरक्षित जगह पर रहें. खराब मौसम के दौरान बाहर निकलने से बचें. प्रशासन भी स्थिति पर नजर बनाए हुए है, ताकि किसी तरह की अनहोनी से बचा जा सके.







