पटना में अब बड़े-बड़े अवैध मकान भी तोड़े जाएंगे. नई सरकार के गठन के बाद फिर से बुलडोजर ऐक्शन की तैयारी शुरू हो गई है. बुद्धा कॉलोनी थाना क्षेत्र के दुजरा इलाके के गेट नंबर 17 के पास स्थित दो बड़े-बड़े मकान पर बुलडोजर चलेगा. इस संबंध में नोटिस जारी हो गया है.
एक मकान अजय कुमार का है तो दूसरा रविशंकर प्रसाद का है. इन दोनों ने 2013 में मकान बनाया था. उस समय से अब तक रह रहे हैं. 2013 से होल्डिंग टैक्स भी जमा हो रहा है. अब अचानक नगर निगम ने बुलडोजर चलाने का आदेश जारी कर दिया है. दोनों मकान पर तोड़े जाने की सूचना लिख दी गई है.
28 अप्रैल को है बेटी शादी
रविशंकर प्रसाद की पत्नी पुष्पा देवी ने सोमवार (27 अप्रैल, 2026) को एबीपी न्यूज़ को बताया, “मेरी बेटी की कल (28 अप्रैल) शादी होनी है. शनिवार को पटना नगर निगम की ओर से नोटिस दिया गया है. लाल निशान लगा दिया गया है. 24 घंटे के अंदर बिल्डिंग को खाली करने का आदेश दिया गया है. हमने अपनी बच्ची को मामा के यहां भेज दिया है. वहीं से शादी होगी. हम लोग अपनी बेटी की शादी में नहीं जा रहे हैं क्योंकि पहले आशियाना जरूरी है. हम लोग अपना आशियाना बचाने के लिए में लगे हैं.”
अजय कुमार ने बताया कि हमारा मकान आठ धुर में है. सरकार के नियम के अनुसार आठ धुर में कोई नक्शा पास नहीं होता है. 2013 से हम लोग होल्डिंग टैक्स भी देते आ रहे हैं. आज तक नक्शा के लिए नहीं कहा गया. अब अचानक नोटिस भेजकर 24 घंटे के अंदर घर खाली करने के लिए है. हम लोग कहां जाएंगे. एक ही बात कही जा रही है कि नक्शा नहीं है.
वहीं रविशंकर प्रसाद ने कहा कि जब सम्राट चौधरी मुख्यमंत्री बने तो हम लोगों को बहुत उम्मीद थी, लेकिन ऐसा नहीं सोचे थे कि हमारा घर टूट जाएगा. ऐसा मुख्यमंत्री तो हमने कभी देखा नहीं है. यह उत्तर प्रदेश की तरह बुलडोजर बाबा बनना चाहते हैं, लेकिन बिहार में ऐसा नहीं होगा.
बता दें कि दोनों बिल्डिंग को तोड़ने के लिए पटना नगर निगम ने आठ सदस्यीय टीम का गठन भी कर दिया है. 5 दिनों के अंदर इस पर कार्रवाई कर देनी है.
दरभंगा में गरजा बुलडोजर
दरभंगा में प्रस्तावित रेल ओवरब्रिज (आरओबी) निर्माण को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए अतिक्रमण हटाओ अभियान तेज कर दिया है. सदर अनुमंडल क्षेत्र के बाघ मोड़ से बेला मोड़ होते हुए कबाबा गुमटी तक सड़क किनारे किए गए अतिक्रमण को हटाया गया. डीएम के निर्देश पर चलाए गए इस अभियान का नेतृत्व सदर अनुमंडल पदाधिकारी विकास कुमार और डीसीएलआर संजीत कुमार ने किया. प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में टीम ने पूरे क्षेत्र का निरीक्षण कर चिन्हित अतिक्रमण को हटाते हुए सड़क को खाली कराया.







