जनगणना 2027 का काम शुरू हो चुका है। बिहार में भी जनगणना के लिए स्व-गणना के लिए पोर्टल लॉन्च किया जा चुका है। कई लोगों ने स्व गणना के लिए पोर्टल में जानकारी भर कर अपना गणना नंबर भी ले लिया है। लेकिन बिहार में जनगणना के नाम पर एक अजब ही खेल भी शुरू हो गया है।
स्व गणना के नाम पर ठगी का जाल
जनगणना के नाम पर साइबर ठगों ने भी जाल फैला दिया है। लोगों को फर्जी फोन कॉल, SMS और व्हाट्सएप मैसेज के जरिए फंसाया जा रहा है। साइबर ठग खुद को सेंसस ऑफिसर यानी जनगणना ऑफिसर बन कर लोगों को फोन कर रहे हैं। इसके बाद शुरू हो जा रहा इनका खेल। ये पहले जनगणना फॉर्म भरवाने की बात करते हैं। जैसे ही शिकार इनके झांसे में आता है, वो उसे एक लिंक भेजते हैं, इसके बाद जैसे ही शख्स उस लिंक पर क्लिक करता है, उसका खाता खाली हो जाता है।
साइबर सेल जांच में जुटी
बिहार पुलिस की साइबर सेल को भी ये जानकारी मिली है। इसके साथ ही पुलिस को कुछ शिकायतें भी मिली हैं। पुलिस ने सभी कंप्लेन पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि राजधाननी पटना समेत कई जिलों में साइबर ठगों ने जनगणना के नाम पर जाल बिछाया है। खासतौर पर गांव देहात के इलाके साइबर ठगों के नजर पर हैं।
गांव के लोगों को फंसा रहे ठग
साइबर ठग भोले-भाले गांव वालों को फोन करते हैं। वो ऐसी जगहों को चुनते हैं जहां डिजिटल साक्षरता कम होती है। इसके बाद वो शिकार को कहते हैं कि उनकी स्व गणना पूरी नहीं हुई है। अगर उन्होंने जल्दी फॉर्म नहीं भरा तो उनका नाम रजिस्टर से कट जाएगा या फिर वो खुद को मिलने वाले फायदे से वंचित रह जाएंगे। इसी में शिकार झांसे में आ जाता है।
लिंक पर क्लिक किया और खाते से पैसे गायब
बताया जा रहा है कि साइबर ठग जो लिंक भेजते हैं, उस पर क्लिक करते ही मोबाइल फोन हैंग कर जाता है, लेकिन बैकग्राउंड में प्रोसेस चलता रहता है, इसी दौरान ठग खाते से पैसे निकाल लेते हैं। मुजफ्फरपुर की एक महिला के साथ कुछ ऐसा ही हुआ। उन्होंने भी ऐसे ही एक लिंक पर क्लिक कर दिया जो SMS के जरिए उनके पास आया था। इसके बाद उनके खाते से ठगों ने 10 हजार रुपये उड़ा लिए।
सावधानी ही एकमात्र उपाय है
इसलिए सावधानी ही उपाय है। स्वगणना के लिए किसी भी सहारे की जरूरत नहीं है। इसके लिए पोर्टल खुला है और आपको उसी पर जाकर अपनी जानकारी देनी है। समझिए कैसे।
- कॉल, एसएमएस या व्हाट्सएप पर संपर्क कर हो रहा ठगी का प्रयास
- अधिकृत पोर्टल https://se.census.gov.in/ पर ही स्व गणना कराने की सलाह
- सिर्फ 33 सवालों के जवाब दें, और कुछ नहीं करना
- अगर कोई जनगणना के नाम पर मोबाइल पर कुछ खोलने को कहे तो समझ जाएं कि फ्रॉड है
- सिर्फ 5 से 15 मिनट के बीच इस पोर्टल से आप पूरी कर सकते हैं परिवार की स्व गणना
संदिग्ध कॉल की शिकायत के लिए डायल करें 1930
बिहार पुलिस की साइबर सेल ने लोगों से अपील की है कि वो ऐसी ठगी से बचकर रहें। वहीं साइबर यूनिट ने कहा कि अगर किसी को भी आई कोई कॉल साइबर ठगों की लगती है तो वो फौरन 1930 नंबर डायल करें और नंबर बताते हुए इसकी खबर पुलिस को दें। साथ ही फोन पर किसी के भी कहने पर न कोई लिंक क्लिक करें और न ही फर्जी ऐप इंस्टॉल करें।







