चुनावी नतीजों को लेकर कांग्रेस नेताओं ने अदालत में याचिका दायर की है. कांग्रेस का कहना है कि हाल के विधानसभा चुनाव में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं. इसी को लेकर पूर्व विधायक और कई उम्मीदवार एक साथ कोर्ट पहुंचे और मामला दर्ज कराया.
कांग्रेस नेताओं का आरोप
याचिका दायर करने वालों में अमित टुन्ना, ऋषि मिश्रा, प्रवीण कुशवाहा, तौकीर आलम और शशांक शेखर शामिल हैं. इन नेताओं ने निर्वाचन आयोग के खिलाफ कोर्ट में शिकायत की है. कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि चुनाव के दौरान निर्वाचन आयोग ने सरकार को गैर-कानूनी तरीके से मदद पहुंचाई.
याचिका दायर करने वालों में अमित टुन्ना, ऋषि मिश्रा, प्रवीण कुशवाहा, तौकीर आलम और शशांक शेखर शामिल हैं. इन नेताओं ने निर्वाचन आयोग के खिलाफ कोर्ट में शिकायत की है. कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि चुनाव के दौरान निर्वाचन आयोग ने सरकार को गैर-कानूनी तरीके से मदद पहुंचाई.
बिहार विधानसभा चुनाव में पैसे बांटे गए
कांग्रेस का दावा है कि बिहार विधानसभा चुनाव में बड़े स्तर पर पैसे बांटे गए. नेताओं का आरोप है कि चुनाव के समय मतदाताओं को 10 हजार रुपये देकर वोट खरीदे गए. उनका कहना है कि यह लोकतंत्र के खिलाफ है और इससे चुनाव की निष्पक्षता पर सवाल खड़े होते हैं.
कांग्रेस का दावा है कि बिहार विधानसभा चुनाव में बड़े स्तर पर पैसे बांटे गए. नेताओं का आरोप है कि चुनाव के समय मतदाताओं को 10 हजार रुपये देकर वोट खरीदे गए. उनका कहना है कि यह लोकतंत्र के खिलाफ है और इससे चुनाव की निष्पक्षता पर सवाल खड़े होते हैं.
निर्वाचन आयोग पर सवाल
कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि तेलंगाना चुनाव के दौरान उनकी पार्टी मोबाइल फोन देने की योजना बना रही थी, लेकिन निर्वाचन आयोग ने उस पर रोक लगा दी. वहीं बिहार में कथित रूप से 10 हजार रुपये बांटे जाने पर आयोग की ओर से सख्ती नहीं दिखाई गई. कांग्रेस ने इसे दोहरा मापदंड बताया है.
कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि तेलंगाना चुनाव के दौरान उनकी पार्टी मोबाइल फोन देने की योजना बना रही थी, लेकिन निर्वाचन आयोग ने उस पर रोक लगा दी. वहीं बिहार में कथित रूप से 10 हजार रुपये बांटे जाने पर आयोग की ओर से सख्ती नहीं दिखाई गई. कांग्रेस ने इसे दोहरा मापदंड बताया है.
विधानसभा चुनाव में लोकतंत्र की हत्या
याचिकाकर्ताओं का कहना है कि बिहार विधानसभा चुनाव में लोकतंत्र की हत्या की गई है. उन्होंने कोर्ट से अपील की है कि वह इस मामले का संज्ञान ले और निष्पक्ष जांच कराए. कांग्रेस नेताओं का कहना है कि अगर समय रहते न्याय नहीं हुआ तो जनता का लोकतंत्र से भरोसा उठ सकता है.अब इस मामले पर अदालत के फैसले का इंतजार है. कोर्ट के रुख से यह तय होगा कि चुनावी प्रक्रिया में लगे आरोपों की आगे क्या जांच होगी.
याचिकाकर्ताओं का कहना है कि बिहार विधानसभा चुनाव में लोकतंत्र की हत्या की गई है. उन्होंने कोर्ट से अपील की है कि वह इस मामले का संज्ञान ले और निष्पक्ष जांच कराए. कांग्रेस नेताओं का कहना है कि अगर समय रहते न्याय नहीं हुआ तो जनता का लोकतंत्र से भरोसा उठ सकता है.अब इस मामले पर अदालत के फैसले का इंतजार है. कोर्ट के रुख से यह तय होगा कि चुनावी प्रक्रिया में लगे आरोपों की आगे क्या जांच होगी.







