बिहार विधानसभा के मॉनसून सत्र के दौरान SIR के मुद्दे पर बवाल कम होने का नाम नहीं ले रहा है. सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष के मुद्दे पर हंगामा जारी है. वहीं इसी बीच गुरुवार को सदन में डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के बीच हुई बहस के बाद RJD और BJP विधायकों के बीच हाथापाई हो गई. इस दौरान बवाल को रोकने के लिए मार्शल्स को बीच में हस्तक्षेप करना पड़ा. सदन की कार्रवाई के बाद भी सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेता बेल में डटे हुए हैं. मार्शल्स और कई विधायक एक-दूसरे को रोकने की कोशिश कर रहे हैं.
बता दें, बिहार विधानसभा के मॉनसून सत्र के दौरान आज उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के बीच पेपर लीक के मुद्दे पर तीखी बहस देखने को मिली. तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि बिहार में पेपर लीक हुआ है, जबकि सम्राट चौधरी ने इस बयान पर आपत्ति जताते हुए दावा किया कि ऐसा कोई पेपर लीक नहीं हुआ है. दोनों नेताओं के बीच इस मुद्दे पर आरोपों-प्रत्यारोपों का दौर चला, जिससे सदन का माहौल गरमा गया. इसके बाद दोनों के बीच नोंकझोंक बढ़ गयी और बीजेपी-आरजेडी के विधायकों के बीच हाथापाई तक की नौबत आ गयी.
बिहार विधानसभा में आज भाजपा विधायक और मुख्य सचेतक जनक सिंह की नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर की गई टिप्पणी के बाद भारी हंगामा देखने को मिला. जनक सिंह के बयान पर तेजस्वी यादव ने पलटवार करते हुए कहा, “जोर से मत बोलिए, पतलून गीली हो जाएगी.” इस टिप्पणी ने सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तनाव को इतना बढ़ा दिया कि दोनों पक्षों के सदस्य आमने-सामने आ गए और हाथापाई की नौबत आ गई. बढ़ते हंगामे को देखते हुए विधानसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही को शाम 4 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गयी. यह घटना विधानसभा के अंदर बढ़ते राजनीतिक गतिरोध और कड़वाहट को उजागर करती है.
बिहार विधानसभा के मॉनसून सत्र में गुरुवार (24 जुलाई, 2025) को तेजस्वी यादव ने सत्ता पक्ष पर जमकर भड़ास निकाली. दोपहर 2 बजे के बाद शुरू हुई कार्यवाही के दौरान तेजस्वी यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री बिहार आए तो बहुत अच्छा लगा. उन्होंने (पीएम) कहा कि रेलवे का इंजन अब बिहार में बन रहा है विदेश जाएगा, तो रेलवे का कारखाना कौन लाया बिहार में लालू यादव ही न लाए? लालू यादव ने ही न रेलवे पहिया का कारखाना लाया? प्रधानमंत्री के मुंह से लालू यादव की तारीफ क्यों नहीं निकली?
तेजस्वी यादव सदन में बहुत कुछ कह रहे थे. इस बीच बीजेपी विधायक और पार्टी के मुख्य सचेतक जनक सिंह ने तेजस्वी यादव पर टिप्पणी की जिस पर वे भड़क गए. तेजस्वी यादव ने कहा कि ज्यादा जोर से बोलोगे तो गीला हो जाएगा. इससे पहले डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी तेजस्वी पर भड़के. उन्होंने कहा जिसका बाप अपराधी हो बिहार का वो क्या बोलेगा? भारी हंगामे के बीच सदन की कार्यवाही चार बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई.
सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद भी बीजेपी, जेडीयू और आरजेडी के विधायक सदन में भिड़ गए. मार्शलों ने रोका. सत्ता पक्ष और विपक्ष में हाथापाई की नौबत आ गई.
‘एनडीए मतलब नेशनल दामाद आयोग’
सदन स्थगित होने से पहले तेजस्वी यादव ने एनडीए का मतलब नेशनल दामाद आयोग कहते हुए कहा कि चिराग पासवान के जीजा हो गए, मांझी के दामाद हो गए, अशोक चौधरी के दामाद हो गए वो तो आरएसएस कोटा से गए हैं, प्रधानमंत्री को अब परिवारवाद नहीं दिख रहा है? बिहार की जनता जानना चाहती है कि आने वाले समय में और कौन कौन सा कोटा होगा? नेशनल दामाद आयोग बोला जाए कि नहीं बोला जाए? यही एनडीए की परिभाषा है.
एसआईआर को लेकर तेजस्वी ने कहा कि पूरी प्रक्रिया सवालों के घेरे में है. लोगों के पास वह सब दस्तावेज नहीं जो मांगे जा रहे. बीएलओ बस खानापूर्ति कर रहे. 25 दिन में 99% सत्यापन का काम हो जाएगा बस यह दिखाने की कोशिश है.