नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करके नीतीश कुमार पर निजी स्वार्थ और दूसरों के बहकावे में आने का आरोप लगाया। तेजस्वी ने नीतीश कुमार के राजनीतिक सफर पर भी तंज कसा। उन्होंने इशारों-इशारों में अपनी और अपने परिवार की भूमिका को बढ़ा-चढ़ाकर बताया। तेजस्वी ने मुख्यमंत्री की मानसिक और शारीरिक स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि नीतीश कुमार को चार लोग चला रहे हैं, जिससे पूरे राज्य को नुकसान हो रहा है।
पहले किसी के पास चेहरा था?
तेजस्वी यादव ने X पर लिखा है कि 2005 से पहले किसी के पास चेहरा था? 2005 के बाद सब बढ़िया चेहरा तो हम ना लगवाए है जी! यानी 2005 से पहले किसी की राजनीतिक पहचान नहीं थी। उनका कहना है कि 2005 के बाद जो भी राजनीतिक पहचान बनी, वह उनकी और उनके वजह से बनी। उन्होंने आगे लिखा कि पहले कोई बोलती थी? उ तो हम ना सिखाए है जी! मतलब पहले कोई अपनी बात नहीं रख पाता था, यह भी उन्होंने ही सिखाया है। तेजस्वी ने व्यंग्यात्मक अंदाज में लिखा कि 2005 से पहले सृष्टि थी? उ तो हम पैदा किए है जी! उन्होंने लिखा कि जरा एक-एक बात याद रखना, क्या पता इ मोबाइलवा सारी दुनिया ना खत्म कर दें?
किचन कैबिनेट के अधिकारियों ने बोलना सिखाया
तेजस्वी ने नीतीश कुमार पर यह भी आरोप लगाया कि उनके मंत्री और अधिकारी भी उन पर भरोसा नहीं करते। उन्होंने लिखा कि महीनों बाद किचन कैबिनेट के अधिकारियों ने बोलना सिखाया, इतना रटाया फिर भी वही बोला जो बोलना था। उन्होंने एक घटना का भी जिक्र किया जहां एक मंत्री नीतीश कुमार को टोकते रहे। तेजस्वी ने लिखा कि किस प्रदेश में ऐसे मुख्यमंत्री हैं जिनके व्यक्तव्य के दौरान उनके जूनियर मंत्री की भी समानांतर कमेंट्री और ध्यान भटकाने के लिए बनावटी हंसी-ठहाका चलता रहता है? अब तो मंत्रियों और अधिकारियों को सीएम पर भरोसा भी नहीं कि पता नहीं वो कब क्यों कहां और कैसे क्या बोल दें?
चार लोग सीएम को चला रहे
तेजस्वी ने आगे लिखा कि प्रत्यक्ष प्रमाण है कि कैसे चार लोग सीएम को चला रहे है। अगर कोई इंसान अस्वस्थ है (मानसिक और शारीरिक) और उस अस्वस्थता का फायदा 4 व्यक्तियों को और नुकसान पूरे राज्य का है तो इसका खामियाज़ा 14 करोड़ प्रदेशवासियों को नहीं भुगतना चाहिए।







