सदन सुबह 11 बजे से शुरू हो चुका है. लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही फिर से शुरू हुई. इससे पहले गुरुवार को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रेलवे अनुदानों पर अपनी बात रखी. उन्होंने विपक्ष पर लोगों में भय फैलाने का आरोप लगाया. आज सदन में नीट, बेरोजगारी, हवाई यात्रा के किराय जैसे मुद्दे पर चर्चा की जाएगी. आपको बता दें कि संसद का मानसून सत्र 22 जुलाई को आरंभ हुआ था. 23 जुलाई को केंद्रीय बजट सदन में पेश किया गया था. 12 अगस्त तक दोनों सदनों में 19 बैठकें होने की संभावना है. संसद के मॉनसून सत्र के 10वें दिन राज्यसभा में कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान किसान एवं कृषि कल्याण मंत्रालय की योजनाओं पर चर्चा का जवाब देंगे. वहीं, लोकसभा में आज संसदीय कार्य मंत्रालय के राज्य मंत्री लोकसभा में अपना वक्तव्य देंगे. लोकसभा में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की अनुदान पर मांगों पर भी बहस होगी.
शिवराज सिंह चौहान राज्यसभा में किसान और कृषि कल्याण मंत्रालय के कामकाज पर चर्चा का जवाब दे रहे हैं. शिवराज ने कहा कि हम ये कहना चाहते थे लेकिन हमारे विद्वान मित्र सुरजेवालाजी ने छेड़ दिया. उन्होंने कहा कि हम किसी को छेड़ते नहीं और जब कोई छेड़ दे तो छोड़ते भी नहीं हैं. उन्होंने सरकार की छह सूत्रीय प्राथमिकताएं गिनाईं और कहा कि कल कहा गया कि कृषि के लिए बजट में कटौती का आरोप लगाया. शिवराज ने बजट में कृषि, फर्टिलाइजर, मत्स्य पालन इन सबके लिए आवंटित बजट गिनाए और कहा कि किसान और खेती हमारी प्राथमिकता है.
जेपी नड्डा ने पेटेंट फाइलिंग के सवाल पर जवाब देते हुए बताया कि भारत बायोटेक इंटरनेशनल लिमिटेड के साथ एक संयुक्त समझौता ज्ञापन हुआ। उन्होंने कहा कि साथ मिलकर वैक्सीन विकसित कार्यक्रम की शुरुआत की गई थी। नड्डा के अनुसार, आईसीएमआर ने वायरस को अलग करने, चुनौतियों का अध्ययन करने और वैक्सीन के परीक्षण पर शोध का जिम्मा लिया। नड्डा ने बताया कि भारत बायोटेक ने वैक्सीन विकसित करने का काम किया है। उन्होंने कहा कि बीबीआईएल ने वैक्सीन विकसित करने को लेकर 60 करोड़ रुपये ज्यादा खर्च किए.
भारत बायोटेक के पेटेंट दाखिल करने पर सवाल उठाए
टीएमसी सांसद सौगत राय ने कहा कि कोवैक्सिन को भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने विकसित किया है. उन्होंने आगे कहा कि वैक्सीन विकसित करने पर 35 करोड़ रुपये का खर्च आया। राय ने कहा कि एक अजीब बात हुई, जो पेटेंट आरंभ में दाखिल किया गया था। ये भारत बायोटेक इंटरनेशनल लिमिटेड नामक कंपनी ने अकेले दाखिल किया। उन्होंने कहा कि शुरुआती आवेदन में आईसीएमआर का उल्लेख नहीं किया था. उन्होंने सवाल उठाया कि क्या मंत्रालय ने भारत बायोटेक से पूछताछ की थी। उन्होंने आगे कहा कि अगर उन्होंने दाखिल नहीं किया तो उनके खिलाफ क्या दंडात्मक कदम उठाए गए हैं?
देश के हर क्षेत्र में 17 से अधिक एम्स खोलने का प्रयास किया है: नड्डा
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा लोकसभा में कहा, “..अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान के बारे में हमारा दृष्टिकोण है कि देश के हर कोने से लोगों को अपने इलाज के लिए दिल्ली न आना पड़े. जिस तरह से एम्स है दिल्ली में सेवा दी जाती है, एम्स को उसी ब्रांड नाम के साथ सेवा देनी चाहिए. पीएम मोदी ने दुनिया की सर्वश्रेष्ठ तृतीयक स्वास्थ्य सेवा प्रणाली के साथ देश के हर क्षेत्र में 17 से अधिक एम्स खोलने का प्रयास किया है. 1960-70 के दशक में, हमारे सबसे अच्छे डॉक्टर हुआ करते थे. हमारे पास देश में सुविधा नहीं है कि हम बाहर जा रहे हैं और आज पीएम मोदी ने 22 विश्व स्तरीय संस्थान बनाए हैं…”
लोकसभा में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के कामकाज को लेकर चर्चा आरंभ हो चुकी है. बिहार के कटिहार से सांसद तारिक अनवर ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग का स्वास्थ्य ठीक नहीं है. इसके लिए सही कदम उठाए जाने जरूरी हैं. डॉक्टर्स को लेकर कहा जाता था कि वे धरती पर भगवान का रूप हैं. आज इसने प्रोफेशनल रूप ले लिया है. इनकी सोच में काफी बदलाव आया हे. लाइफ सेविंग ड्रग काफी महंगे हैं. ये आम आदमी की पहुंच से दूर हो चुके हैं.
विपक्ष के नेता की बात बिल्कुल सही है: उपसभापति हरिवंश
विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि जब भी कोई सदस्य खड़े होकर अपनी बात रखता है, तब सदस्य टोका-टोकी करते हैं. इसे एक्सपंज किया जाए. इस पर आसन पर मौजूद उपसभापति हरिवंश ने कहा कि विपक्ष के नेता की बात बिल्कुल सही है. हर सदस्य इस बात का ध्यान रखें. कोई भी टोका-टाकी ना करे.







