ADVERTISEMENT
Sunday, July 26, 2026
No Result
View All Result
  • Login
  • Register
No Result
View All Result
UB INDIA NEWS
No Result
View All Result

आज से ओडिशा के पुरी में जगन्नाथ रथ यात्रा शुरू

UB India News by UB India News
July 8, 2024
in अध्यात्म
0
आज से ओडिशा के पुरी में जगन्नाथ रथ यात्रा शुरू
  • Facebook
  • X
  • WhatsApp
  • Telegram
  • Email
  • Print
  • Copy Link

जगन्नाथ यानी कि जगत के नाथ जो ब्रह्मांड के भगवान और श्रीहरि विष्णु के अवतार हैं. हर साल आषाढ़ मास के शुक्‍ल पक्ष की द्वितीया को ओडिशा के पुरी में प्रभु की भव्य रथ यात्रा का आयोजन किया जाता है. इस यात्रा में लाखों श्रद्धालु शामिल होते हैं. भगवान जगन्नाथ के रथ के साथ दो और रथ इस यात्रा में शामिल होते हैं, जिसमें उनके भाई और बहन शामिल होते हैं. यात्रा के लिए तैयार होने के बाद तीनों रथों की पूजा की जाती है. उसके बाद सोने की झाड़ू से रथ मंडप और रथ यात्रा के रास्‍ते को साफ किया जाता है. क्या आप जानते हैं इस रथ यात्रा की शुरुआत कैसे हुई, यात्रा में प्रभु जगन्नाथ के साथ और कौन से रथ शामिल होते हैं और कब प्रभु वापस अपने घर लौटते हैं?

कब से शुरू होगी यात्रा
-वैदिक पंचांग के अनुसार, जगन्नाथ रथ यात्रा 07 जुलाई को सुबह 08 बजकर 05 मिनट से शुरू होगी.
– यह यात्रा सुबह 09 बजकर 27 मिनट तक निकाली जाएगी.
– इसके बाद यात्रा दोपहर 12 बजकर 15 मिनट से फिर से शुरू होगी.
– इस बार यात्रा 01 बजकर 37 मिनट पर विश्राम लेगी.
– इसके बाद शाम 04 बजकर 39 मिनट से यात्रा शुरू होगी.
– अब यह यात्रा 06 बजकर 01 मिनट तक चलेगी.

RELATED POSTS

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में अब एक और बड़ा खुलासा……………..

CM ने सड़क पर लगाया झाड़ू, रथ की रस्सी खींची,हरे रामा-हरे कृष्णा से गूंजी राजधानी

क्या है मान्यता?
धार्मिक पुराणों के अनुसार, ऐसी मान्यता है कि भगवान जगन्नाथ की इस रथयात्रा में शामिल होने से 100 यज्ञों के बराबर पुण्य का फल मिलता है. यही कारण भी है कि दुनियाभर से लोग इस यात्रा में शामिल होने पहुंचते हैं और भगवान का आशीर्वाद लेते हैं. इसके अलावा, रथ यात्रा के दौरान नवग्रहों की पूजा की जाती है. ऐसा कहा जाता है कि जगन्नाथ रथ यात्रा में शामिल होने मात्र से ही अशुभ ग्रहों का प्रभाव कम होता है और शुभ ग्रहों का प्रभाव बढ़ता है.

यात्रा में कौन-कौन से रथ शामिल
आपको बता दें कि पुरी में भगवान जगन्‍नाथ का 800 साल पुराना मंदिर है और यहां भगवान जगन्‍नाथ विराजते हैं. वहीं आषाढ़ माह में रथ यात्रा के दौरान भगवान जगन्नाथ के साथ दो और रथ शामिल होते हैं. इनमें से एक में उनके भाई बलराम और दूसरे में बहन सुभद्रा होती हैं. इस तरह इस दिन कुल तीन देवताओं की यात्रा निकलती है. सबसे आगे बलराम का रथ, बीच में बहन सुभद्रा का रथ और सबसे पीछे भगवान जगन्‍नाथ का रथ होता है.

कैसे हुई इस यात्रा की शुरुआत
भगवान जगन्नाथ की यात्रा सदियों से चली आ रही है. ऐसा कहा जाता है कि इसकी शुरुआत 12वीं शताब्‍दी में हुई थी. एक पौराणिक कथा के अनुसार, एक बार बहन सुभद्रा ने अपने भाइयों कृष्‍ण और बलराम से कहा कि वे नगर को देखना चाहती हैं. इसके बाद अपनी बहन की इच्छा पूरी करने के​ लिए दोनों भाइयों ने बड़े ही प्‍यार से एक रथ तैयार करवाया. इस रथ में तीनों भाई- बहन सवार होकर नगर भ्रमण के लिए निकले थे और भ्रमण पूरा करने के बाद वापस पुरी लौटे. तभी से यह परंपरा चली आ रही है.

कब से शुरू होती है तैयारी
हर साल इस रथ यात्रा की तैयारी अक्षय तृतीया के दिन से ही शुरू हो जाती है. पुरी में भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा के रथों का निर्माण होता है. इसके लिए नीम की परिपक्‍व और पकी हुई लकड़ी का इस्तेमाल किया जाता है. इसे दारु कहा जाता है. खास बात यह कि पूरे रथ में लकड़ी के अलावा अन्य किसी चीज का इस्तेमाल नहीं किया जाता है.

मौसी के घर कितने दिन रुकते हैं?
जब भगवान जगन्नाथ अपने भाई बलराम और बहन के साथ नगर भ्रमण पर निकलते हैं तो रास्ते में गुंडिचा में मौसी के घर भी जाते हैं. माना जाता है कि मौसी के घर पर तीनों भाई- बहन खूब पकवान खाते हैं. जिससे उनकी तबियत खराब हो जाती है और वो अज्ञातवास में चले जाते हैं. वे मौसी के यहां पूरे 7 दिनों तक रुकते हैं और स्वस्थ्य होने के बाद पुरी वापस लौटते हैं.

तीनों रथों की खासियत
पहला रथ
– पुरी में तीन रथों में से खास होता है भगवान जगन्नाथ का रथ, जिसे नंदीघोष के नाम से जाना जाता है. इसे गरुड़ध्वज के नाम से भी जाना जाता है.
– नंदीघोष रथ 42.65 फीट ऊंचा होता है और इसमें 16 पहिए होते हैं और नंदीघोष का रंग लाल और पीला होता है.
– जगन्नाथ स्वामी के रथ के सारथी दारुक हैं, जो भगवान जगन्नाथ को नगर भ्रमण कराते हैं.

दूसरा रथ
– रथ यात्रा में शामिल दूसरा रथ भगवान के भाई बलराम जी का होता है. इसे तालध्वज नाम से जाना जाता है.
– तालध्वज की ऊंचाई 43.30 फीट होती है, जो भगवान जगन्नाथ के रथ से थोड़ा बड़ा होता है.
– इसका रंग लाल और हरा होता है और जिसमें 14 पहिए लगे होते हैं.
– बलराम जी के रथ के सारथी मातलि हैं.

तीसरा रथ
– इस यात्रा में शामिल तीसरा रथ दोनों भाइयों की छोटी बहन सुभद्रा का है.
– इस रथ को दर्पदलन नाम से जाना जाता है और इसकी ऊंचाई 42.32 फीट होती है.
– इस रथ का रंगल लाल और काला होता है, जिसमें 12 पहिए लगे होते हैं.
– इस रथ के सारथी अर्जुन हैं.

अहमदाबाद में निकली भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा, CM भूपेंद्र पटेल ने सोने की झाड़ू से साफ किया रास्ता

गुजरात के अहमदाबाद स्थित जगन्नाथ मंदिर से भगवान जगन्नाथ की 147वीं रथयात्रा निकाली। लाखों श्रद्धालु जुटे हैं। जगन्नाथ मंदिर में रथयात्रा शुरू होने से पहले के अनुष्ठान किए गए। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी जगन्नाथ मंदिर पहुंचे। उन्होंने रथ यात्रा से पहले तड़के मंगलवार को जगन्नाथ मंदिर में मंगला आरती की और मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने मंदिर पहुंचकर भगवान की आरती की। सीएम भूपेंद्र पटेल ने सोने के झाड़ू से रास्ता साफ कर रस्म पूरी की।

वहीं, रथयात्रा की पूर्व संध्या पर हमेशा की तरह इस साल भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जगन्नाथ मंदिर में प्रसाद भेजा। पीएम मोदी की ओर से भेजे गए अनार, जामुन, मूंग और चॉकलेट का प्रसाद भगवान को चढ़ाया गया। हर साल की तरह इस साल भी रथयात्रा की पूर्व संध्या पर गुजरात के सीएम भूपेंद्र पटेल भगवान की आरती में मौजूद रहे।

15000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात

जगन्नाथ रथ यात्रा की तैयारी को लेकर अहमदाबाद पुलिस के जेसीपी नीरज बडगुजर ने कहा कि आज भगवान जगन्नाथ की 147वीं रथयात्रा निकलेगी। इस रथयात्रा के लिए पुलिस की ओर से रिहर्सल की जा चुकी है। 15000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। निगरानी के लिए सीसीटीवी और ड्रोन जैसी तकनीक की मदद ली जाएगी। श्रद्धालुओं को कोई परेशानी न हो इसकी भी व्यवस्था की गई है।

CM ने रथयात्रा का प्रस्थान करवाया

बता दें कि 7 जुलाई को यानी अषाढ़ी द्वितीया के दिन अहमदाबाद के जगन्नाथ मंदिर से 147वीं भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा निकाली गई है। मंगलवार सुबह सीएम भूपेंद्र पटेल ने सोने की झाड़ू से सफाई कर रथयात्रा का प्रस्थान करवाया। जगन्नाथ रथ यात्रा उत्सव की शुरुआत 12वीं से 16वीं शताब्दी के बीच हुई थी। इसकी शुरुआत के बारे में कई कहानियां और मान्यताएं हैं। कुछ लोग कहते हैं कि यह भगवान कृष्ण की अपनी मां की जन्मभूमि की यात्रा को दर्शाता है। दूसरों का मानना ​​है कि इसकी शुरुआत राजा इंद्रद्युम्न से हुई थी, जिन्होंने कथित तौर पर अनुष्ठान शुरू किए थे।

  • Facebook
  • X
  • WhatsApp
  • Telegram
  • Email
  • Print
  • Copy Link
UB India News

UB India News

Related Posts

राम मंदिर दान चोरी: SIT रिपोर्ट से बढ़ी हलचल ,5 दिनों की जांच में SIT के हाथ लगे कई सुराग ,

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में अब एक और बड़ा खुलासा……………..

by UB India News
July 20, 2026
0

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में अब एक और बड़ा खुलासा हुआ है. पुलिस पूछताछ में आरोपी मनीष यादव ने...

CM ने सड़क पर लगाया झाड़ू, रथ की रस्सी खींची,हरे रामा-हरे कृष्णा से गूंजी राजधानी

CM ने सड़क पर लगाया झाड़ू, रथ की रस्सी खींची,हरे रामा-हरे कृष्णा से गूंजी राजधानी

by UB India News
July 17, 2026
0

पटना में इस्कॉन मंदिर से भव्य रथयात्रा निकाली गई। भगवान जगन्नाथ, भाई बलदेव और बहन सुभद्रा 40 फीट ऊंचे हाइड्रोलिक...

प्राण प्रतिष्ठा की दूसरी वर्षगांठ : मंदिर भी बना, अयोध्या भी बदली ,भारत ने सांस्कृतिक आत्मविश्वास पाया है…………

चढ़ावा चोरी : धर्म और नैतिकता के बीच के अंतर को समझने की आवश्यकता है …………………..

by UB India News
July 16, 2026
0

भारतीय क्या स्वभाव से ही भ्रष्ट होते हैं? ऐसे भ्रष्ट कि भगवान राम तक को न बख्शें। दशकों से लोग...

आज इस्कॉन मंदिर से निकलेगी प्रभु जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा

आज इस्कॉन मंदिर से निकलेगी प्रभु जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा

by UB India News
July 17, 2026
0

पटना इस्कॉन से आज प्रभु जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा निकाली जाएगी। दोपहर 1 बजे विशेष पूजा और महाआरती होगी। दोपहर...

जगन्नाथ रथ यात्रा : आस्था, समरसता और गतिशील जीवन का महापर्व…………

जगन्नाथ रथ यात्रा : आस्था, समरसता और गतिशील जीवन का महापर्व…………

by UB India News
July 17, 2026
0

पुरी में भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और देवी सुभद्रा की वार्षिक रथ यात्रा गुरुवार से शुरू हो रही है। तीनों...

Next Post
चुनाओ से पहले पार्टियों की वो चुनावी घोषणाएं, जो बाद में जुमला बनकर रह गईं……

लोकसभा चुनाव में चोट खाई बीजेपी उपचुनाव कोई कोर कसर नहीं छोड़ना चाहती.........

महाराष्ट्र के अमरावती जेल में जोरदार धमाका , मामले की जांच में जुटी पुलिस

महाराष्ट्र के अमरावती जेल में जोरदार धमाका , मामले की जांच में जुटी पुलिस

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • front
  • Home
Contect Us - ubindianews@gmail.com

© 2020 ubindianews.com - All Rights Reserved ||

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password? Sign Up

Create New Account!

Fill the forms below to register

All fields are required. Log In

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • front
  • Home

© 2020 ubindianews.com - All Rights Reserved ||

Send this to a friend