छपरा गोलीकांड के 48 घंटे बाद भी इलाके में तनाव है। भिखारी ठाकुर चौक पर आज भी पुलिस की भारी तैनाती है। घटनास्थल और पीड़ित परिवार के गांव की ओर जाने वाले रास्ते पर लोगों की सघन जांच के बाद जाने दिया जा रहा है। मोहल्ले में पैरा मिलिट्री फोर्स तैनात है। शांति बनी हुई है, लेकिन तनाव अभी भी बरकरार है। लिहाजा पुलिस फोर्स की तैनाती है।
चुनावी हिंसा के बाद बिगड़े माहौल को देखते हुए इंटरनेट बैन की अवधि दो दिन और बढ़ा दी गई है। जिले में 25 मई तक इंटरनेट सेवा पर पाबंदी रहेगी। इस मामले में पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने कहा कि है कि सीएम नीतीश कुमार इस मामले की जांच कराएं। घटना में शामिल लालू परिवार पर कड़ा एक्शन लें, ताकि पता चले की बिहार में कानून का राज है।
सामने आया फायरिंग का वीडियो
छपरा गोलीकांड का एक और वीडियो सामने आया है। वीडियो छपरा के उसी भिखारी ठाकुर चौक के पास का है जहां पर फायरिंग की घटना हुई थी। पोस्टर बैनर दिख रहा है उसमें पता भिखारी ठाकुर चौक छपरा लिखा हुआ है। इस मामले में गिरफ्तार किये गए बीजेपी नेता रमाकांत सोलंकी के घर के करीब ही सड़क से भिखारी ठाकुर चौक की तरफ बढ़ते लोगों की तरफ से फायरिंग की जा रही है। हरे रंग की बिल्डिंग भी सोलंकी परिवार की है जो video में दिख रहा है।
वीडियो में दिख रहे लोगों के आधार पर ही पुलिस ने रमाकांत सोलंकी और उसके भाई रविकांत को गिरफ्तार किया है। जानकारी के मुताबिक, पुलिस को सीसीटीवी फुटेज भी मिला है। पुलिस ने इस मामले में अब तक 12 नामजद, 50 अज्ञात लोगों को खिलाफ केस दर्ज किया है। इनमें से 2 को गिरफ्तार कर लिया गया है। FIR में दर्ज सभी नामजद आरोपी राजपूत ही हैं। अज्ञात लोगों में भी ज्यादातर एक ही गुट के लोगों के नाम शामिल हैं।
चुनाव वाले दिन निर्वाचन आयोग को 1 हजार शिकायतें दर्ज की गई हैं। इनमें दो दर्जन शिकायतों पर ही निर्वाचन विभाग ने कार्रवाई का निर्देश दिए। शेष शिकायतों को सारण जिला प्रशासन के पास भेज दिया गया। निर्वाचन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक ई-मेल के माध्यम से आने वाली ज्यादातर शिकायतें एक तरह की होने के कारण जांच के लिए सारण जिला प्रशासन को भेजी गई।
पूरे मामले में लालू की बेटी रोहिणी आचार्य पर भी केस दर्ज किया गया है। बीजेपी कार्यकर्ता मनोज सिंह ने राजद उम्मीदवार डॉ रोहिणी आचार्य पर बूथ- 318 बड़ा तेलपा में मारपीट, बूथ लूटने और हत्या की कोशिश करने की धाराओं में नगर थाने में केस दर्ज कराया है। ये सभी गैर जमानती धाराएं हैं।
इंटरनेट 25 मई तक बैन
सारण में इंटरनेट सेवा पर रोक को 25 मई तक के लिए बढ़ा दिया गया है। गृह विभाग ने इससे जुड़ा नया आदेश जारी किया है। पहले 23 मई तक ही इंटरनेट बंद था। विभागीय आदेश के अनुसार, सारण के डीएम और एसपी की रिपोर्ट पर यह कार्रवाई की गई है। रिपोर्ट में यह आशंका जताई गई है कि महाराजगंज में होने वाले चुनाव में सारण के कुछ असामाजिक तत्व इंटरनेट का इस्तेमाल आपत्तिजनक सामग्री के प्रसार या अफवाह फैलाने में कर सकते हैं। इसलिए शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए इंटरनेट मीडिया पर रोक की अनुशंसा की गई है। आदेश के अनुसार, बैंकिंग, रेलवे व अन्य सरकारी इंटरनेट सेवा पर इस रोक का प्रभाव नहीं होगा।
मामले में तीन एफआईआर
छपरा एसपी गौरव मंगला ने बताया कि मामले में 3 एफआईआर दर्ज की गई हैं। पहली एफआईआर मृतक चंदन कुमार के परिवार के बयान पर दर्ज किया गया है। दूसरी एफआईआर रोड़ेबाजी और मारपीट को लेकर हुई है। तीसरी सोशल मीडिया में भड़काऊ पोस्ट को लेकर किया गया है।
बुधवार को पुलिस ने आसपास के इलाके के सभी लाइसेंसी हथियारों को स्थानीय थाने में जमा करने का निर्देश भी दिया है। छपरा गोलीकांड में तनाव और न बढ़े इसलिए पुलिस ने जनप्रतिनिधियों को घटनास्थल पर जाने से रोक दिया है।
गोलीबारी में दो लोग गिरफ्तार
राजद कार्यकर्ता हत्याकांड मामले में मृतक के परिजनों के तरफ से 12 लोगों को नामजद तथा 50 अज्ञात के खिलाफ नगर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। जिसमें सोलंकी परिवार के दो भाई और पूर्व मेयर प्रिया सिंह के पति मिंटू सिंह भी नामजद है। पुलिस सूत्रों की मानें तो इस कांड में रामाकांत सोलंकी समेत दो की पहले गिरफ्तारी हो चुकी है। नामजद एक और आरोपी को पुलिस गिरफ्तार की है। हालांकि पुलिस कप्तान ने इस बात की पुष्टि नहीं की है।
गिरफ्तार 2 लोग तेलपा इलाके के रहनेवाले हैं। उनके पास से लाइसेंसी राइफल और जिंदा गोली भी जब्त हुई है। घटनास्थल से खोखे भी जब्त हुए हैं। एफएसएल की टीम ने भी घटनास्थल की जांच की है।
राजद कार्यकर्ता चंदन यादव की गोली लगने से मौके पर मौत हुई थी
सारण लोकसभा चुनाव के दौरान शहर के नगर थाना अंतर्गत भिखारी ठाकुर चौक के पास तेलपा मोहल्ला स्थित बूथ संख्या 138 और 139 पर भाजपा कार्यकर्ता और राजद कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई थी। उस दौरान जमकर दोनों तरफ से पत्थर बाजी हुई थी।
हालांकि सूचना के बाद सारण एसपी डॉक्टर गौरव मंगला दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया। जिसके बाद देर रात तक तेलपा मोहल्ले में पुलिस गश्त करती रही। मंगलवार की सुबह चुनावी रंजिश में ही फिर से भड़क गई और भिखारी ठाकुर चौक के समीप दोनों पक्ष के कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए।
उस दौरान राजद कार्यकर्ता चंदन यादव की गोली लगने से मौके पर मौत हुई है। वहीं गुड्डू राय, मनोज राय और दीपक कुमार राय गंभीर रूप से जख्मी है, जिनका इलाज चल रहा है।
सम्राट बोले- रोहिणी के साथ घूमने वाले पुलिसबल की भी जांच होगी
छपरा कांड पर डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कहा है कि रोहिणी आचार्य के साथ घूमने वाले पुलिस बल की जांच होगी। जांच के बाद पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी। लालू और राबड़ी के अंगरक्षक रोहिणी के साथ कैसे घूम रहे थे। पूरे मामले की जांच की जाएगी और कार्रवाई होगी।
सम्राट ने कहा कि रोहिणी ने बूथ पर लोगों को भड़काने का काम किया है। वहीं, मीसा भारती पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि वो पाटलिपुत्र में पुलिस बल लेकर घूम रही हैं। किस हैसियत से पुलिस बल लेकर घूम रही हैं। पूरे मामले की जांच की जाएगी।
घायलों से मिले पप्पू यादव, राजद ने दिए 10 लाख
छपरा गोलीकांड में घायल लोगों से पूर्व सांसद पप्पू यादव ने पीएमसीएच में मुलाकात की। इसके बाद घायलों की स्थिति के संबंध में डॉक्टरों से भी बात की। पप्पू यादव ने कहा कि चुनाव के दौरान हिंसा होना बहुत गलत है। प्रशासन को इस मामले में हस्तक्षेप करना चाहिए।
जल्द से जल्द उपद्रवियों की गिरफ्तारी होनी चाहिए। इसके बाद मृतक के परिजनों से मिलने के लिए छपरा पहुंचे, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इधर, राजद ने मृतक के आश्रित को 10 लाख का चेक सौंपा।

क्या है पूरा मामला
20 मई को पांचवें चरण के मतदान के दौरान छपरा के मुफस्सिल थाने में दो गुटों के बीच जमकर पत्थरबाजी और मारपीट का मामला सामने आया। बताया जा रहा है कि मतदान के अंतिम समय में राजद प्रत्याशी रोहिणी आचार्य तेलपा के बूथ पहुंची थीं।
किसी बात को लेकर रोहिणी समर्थक और स्थानीय लोगों में झड़प हो गई। इसके बाद दोनों एक-दूसरे पर टूट पड़े। दोनों गुट बीजेपी और राजद समर्थक बताया जा रहे हैं। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र के तेलपा की है।
बीजेपी ने सारण से आरजेडी प्रत्याशी रोहिणी आचार्य की शिकायत निर्वाचन आयोग से की है। इसके अलावा अपर मुख्य सचिव गृह विभाग, पुलिस महानिदेशक और पुलिस महानिरीक्षक सुरक्षा को भी शिकायत पत्र भेजा गया है। मामला सरकारी पुलिस बल के दुरुपयोग से जुड़ा हुआ है। बीजेपी का कहना है कि रोहिणी आचार्य की ओर से सुरक्षा बलों का दुरुपयोग किया जा रहा है। जिसकी शिकायत पूर्व में भी मुख्य चुनाव आयुक्त और बिहार के मुख्य चुनाव पदाधिकारी से की गई थी। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं कि गई।







