उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने कहा कि भाजपा जानबूझकर परेशान करने के लिए ईडी और सीबीआई से छापे मरवा रही है। लैंड फॉर जॉब्स मामले में बृहस्पतिवार को ईडी ने पूर्व मुख्यमंत्री राबडी देवी से दिल्ली मुख्यालय में चार घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की। इस पर उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने कहा इसमें आश्चर्य वाली क्या बात है। भाजपा के लोग २०२४ के चुनाव को लेकर बिहार से डरे हुए हैं। उसी को लेकर ये लोग कार्रवाई कर रहे हैं। अभी मेरा चार्जशीट में नाम नहीं है। हो सकता है सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल कर दें और उसमें मेरा भी नाम जोड दें।
तेजस्वी यादव से पूछा गया कि दिल्ली में बृहस्पतिवार को आपकी मां से सवाल किया गया कि आपके खाते में कितने पैसे जमा किये गये तो उन्होंने इसका जवाब देते हुए कहा कि यह तो सभी लोग जानते हैं कि भाजपा वाले लोग जान बूझकर सीबीआई और ईडी की रेड करवा रहे हैं। हमारे यहां तो सीबीआई और ईडी वाले इतनी बार आए हैं कि अब उन्हें भी मालूम नहीं कि वे कितनी बार आए और पूछताछ की। महागठबंधन की सरकार बनी‚ तभी से सबको पता था कि अब भाजपा चुप नहीं बैठेगी।
तेजस्वी यादव ने कर्नाटक में कांग्रेस की जीत पर बधाई देते हुए कहा कि यह भाजपा के लिए सबक है इससे भी बुरा हाल उनका लोकसभा चुनाव में होना है।
तेजस्वी ने कहा कि कहा कि यह बात महागठबंधन की सरकार बनी, तभी से पता थी कि अब बीजेपी चुप नहीं बैठेगी. अब तक ईडी-सीबीआई ने कितनी बार कार्रवाई की लेकिन कुछ नहीं मिला. उन्होंने कहा कि कर्नाटक के नतीजों के बाद से बीजेपी के लोग डरे हुए हैं इसीलिए लगातार कार्रवाई की जा रही हैं. उन्होंने कहा कि बीजेपी के लोग साल 2024 के लोकसभा चुनाव को लेकर सबसे ज्यादा बिहार से डरे हुए हैं. उसी को लेकर ये लोग कार्रवाई कर रहे हैं. तेजस्वी ने आगे कहा कि अभी मेरा चार्जशीट में नाम नहीं है लेकिन हो सकता है सप्लीमेंट्री चार्जशीट दाखिल कर दें और उसमें मेरा भी नाम जोड़ दें.
क्या है पूरा मामला?
बता दें कि नौकरी के बदले जमीन का यह मामला 14 साल पुराना है. आरोप हैं कि लालू यादव जब रेलमंत्री थे तो उन्होंने रेलवे में लोगों को नौकरी दिलाने के बदले उनसे जमीन ले ली थी. लालू परिवार के कई सदस्यों के नाम पर जमीन ट्रांसफर की गई थी. नौकरी के बदले जमीन मामले में सीबीआई ने बीते साल 18 मई को केस दर्ज किया था. 18 अक्टूबर को इस मामले में चार्जशीट दाखिल कर दी गई थी. इस मामले में 16 लोगों को आरोपी बनाया गया है. सीबीआई ने इस मामले में भोला यादव को गिरफ्तार किया था, जो लालू प्रसाद के रेल मंत्री रहते उनके ओएसडी थे. इस मामले में तेजस्वी यादव से भी तीन बार पूछताछ हो चुकी है.







