कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कर्नाटक के कालाबुरागी में एक जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक आपत्तिजनक बयान दे दिया। जैसे ही खरगे का बयान वायरल हुआ, बीजेपी हमलावर मोड में आ गई और इसके नेता खरगे पर जोरदार तरीके से निशाना साधने लगे। खुद को चारों तरफ से घिरता देख खरगे ने तुरंत अपने बयान पर सफाई दी और कहा कि उन्होंने पीएम मोदी को नहीं बल्कि बीजेपी को ‘जहरीला सांप’ कहा था।
बाद में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पीएम मोदी पर की गई टिप्पणी के लिए माफी मांगी ली और कहा की अगर मेरे बयान से किसी को ठेस पहुंची हो, उसका गलत अर्थ निकाला गया हो और किसी को दुख पहुंचा हो तो मैं उसके लिए विशेष खेद व्यक्त करूंगा: मल्लिकार्जुन खड़गे
आइए, 3 पॉइंट्स में समझते हैं कि कांग्रेस अध्यक्ष ने इस मामले में इतनी जल्दी सफाई क्यों दी:
1: BJP को बैठे-बिठाए बड़े मुद्दे का मिलना
कर्नाटक चुनावों में बीजेपी जोरदार ढंग से प्रचार कर रही है, लेकिन अभी तक उसके पास कांग्रेस पर हमला बोलने के लिए कोई नया और जोरदार मुद्दा नहीं था। इसलिए आज जैसे ही मल्लिकार्जुन खरगे ने पीएम मोदी को ‘जहरीला सांप’ कहा, बीजेपी के नेताओं ने चारों तरफ से वार करने शुरू कर दिए। अपने बयान पर बीजेपी का रिऐक्शन देखकर खरगे को लगा होगा कि उन्होंने बीच चुनाव में भूल कर दी है, और इस पर सफाई देकर निकल जाना ही बेहतर होगा। यही वजह है कि खरगे ने बयान के वायरल होने के तुरंत बाद सफाई भी जारी कर दी।
2: पीएम मोदी पर हमले से फायदा नहीं
पिछले कई चुनावों में देखा गया है कि पीएम मोदी पर सीधे हमले का विपक्ष को कोई फायदा नहीं मिलता, उल्टा नुकसान जरूर हो जाता है। दरअसल, कई ऐसे राज्य हैं जहां विधानसभा चुनावों में विपक्षी दलों ने चुनाव जीता है, लेकिन लोकसभा चुनावों में मामला बिल्कुल अलग हो जाता है, और ऐसा सिर्फ ‘मोदी फैक्टर’ की वजह से होता है। कई मतदाता राज्य में भले ही विपक्षी पार्टियों को वोट दें, केंद्र में उन्हें मोदी ही नजर आते हैं। ऐसे में मोदी पर किया गया हमला ऐसे मतदाताओं से विरोधी पार्टियों को दूर कर देता है, और यह बात कहीं न कहीं कांग्रेस अध्यक्ष भी समझते हैं।
3: कर्नाटक में पीएम मोदी की साफ इमेज
कर्नाटक में पीएम मोदी की इमेज के बारे में आप इसी से समझ सकते हैं कि 2019 के लोकसभा चुनावों में बीजेपी ने सूबे की 28 में से 27 सीटों पर चुनाव लड़ा था और 25 सीटों पर जीत दर्ज की थी। वहीं, विधानसभा चुनावों में बीजेपी कभी भी अपने दम पर बहुमत नहीं ला पाई है। इस तरह देखा जाए तो कर्नाटक की जनता में पीएम मोदी काफी लोकप्रिय हैं और यह लोकप्रियता लोकसभा चुनावों में पार्टी को वोट भी दिलाती है। ऐसे में खरगे नहीं चाहेंगे कि उनका एक बयान कांग्रेस का खेल खराब कर दे और बीजेपी के चुनावी कैंपेन को और धारदार बना दे।
वहीं, केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने खरगे के बयान पर पलटवार करते हुए कहा, ‘बार-बार चुनावों में हार और कांग्रेस की बौखलाहट, ये कहीं न कहीं कांग्रेस की मजबूरी बन जाती है मोदी जी को अपमानित करने की, गालियां निकालने की। सोनिया गांधी से लेकर उनके अब तक के अध्यक्ष कभी मोदी जी को मौत का सौदागर कहते हैं, कभी बिच्छू कहते हैं, कोई सांप कहता है। कांग्रेस को देश से माफी मांगनी होगी नहीं तो कर्नाटक की जनता इनकी ज़मानत ज़ब्त कराकर इनको मुंह तोड़ जवाब देगी।’
वहीं, गुरुवार को पीएम मोदी ने कर्नाटक में भाजपा कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा. पीएम ने कांग्रेस का मतलब झूठी गारंटी बताया. पीएम मोदी ने पचास लाख कार्यकर्ताओं को वीडियो कॉन्फ्रिंसिंग के माध्यम से संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस का मतलब है झूठी गारंटी, कांग्रेस का मतलब है भ्रष्टाचार की गारंटी है.






