बिहार विधानसभा का पांच दिवसीय मानसून सत्र का आगाज हो चुका है। सत्र के पहले दिन सदन की कार्यवाही में नवनिर्वाचित सदस्यों का मनोनयन, विभिन्न समितियों का गठन, शोक प्रस्ताव और वित्तीय कार्य सहित कई महत्वपूर्ण कार्य निपटाए गए। वित्त मंत्री विजेन्द्र प्रसाद यादव ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट सदन पटल पर रखा। 87 हजार करोड़ का अनुपूरक बजट पेश किया गया। इस दौरान विपक्ष भी कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में दिखा और तख्ती लगाकर नारेबाजी भी की।
अतिरिक्त बजट से विकास योजनाओं को मिलेगी गति
इसमें 32,707.24 करोड़ रुपये केंद्र प्रायोजित योजनाओं तथा 24,370.72 करोड़ रुपये राज्य योजनाओं के लिए रखे गए हैं।
इसके अलावा स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय के लिए 30,265.99 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। वहीं केंद्रीय क्षेत्र की योजनाओं के लिए 39.48 करोड़ रुपये प्रस्तावित किए गए हैं।
सरकार का कहना है कि इस अतिरिक्त बजट से विभिन्न विकास योजनाओं को गति मिलेगी। साथ ही केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन, कर्मचारियों के वेतन, पेंशन तथा अन्य प्रतिबद्ध व्ययों के लिए आवश्यक धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी।
अब इस प्रथम अनुपूरक बजट पर विधानसभा में चर्चा होगी। चर्चा के बाद सदन से इसे पारित कराया जाएगा।
प्रमुख बिंदु
- कुल प्रथम अनुपूरक बजट: 87,383.43 करोड़ रुपये
- वार्षिक योजनाओं के लिए:57,077.96 करोड़ रुपये
- केंद्र प्रायोजित योजनाएं: 32,707.24 करोड़ रुपये
- राज्य योजनाएं: 24,370.72 करोड़ रुपये
- स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय: 30,265.99 करोड़ रुपये
- केंद्रीय क्षेत्र की योजनाएं: 39.48 करोड़ रुपये
सत्र शुरू होने से पहले स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार से शिष्टाचार मुलाकात कर उनका आशीर्वाद लिया। वैसे, विधान परिषद् में मंत्री निशांत कुमार का विशेष तौर पर स्वागत हुआ, क्योंकि आज उनका जन्मदिन भी है। स्वागत और बधाइयों के बीच स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने कहा कि विधानसभा और विधान परिषद में उनका यह पहला दिन होगा। इसलिए वह विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार का आशीर्वाद लेने पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि प्रेम कुमार एक बेहद अनुभवी नेता हैं और उनके पिता के भी काफी करीबी रहे हैं। उनके मार्गदर्शन में काम करने का अवसर मिलना उनके लिए सम्मान और सीखने का विषय है।







