मतदान प्रतिशत की बात करें तो विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार इस बार कुल मतदान लगभग 65 प्रतिशत के आसपास रहा. पटना कॉलेज में करीब 68 प्रतिशत, साइंस कॉलेज में 62 प्रतिशत, कॉमर्स कॉलेज में 64 प्रतिशत और मगध महिला कॉलेज में लगभग 70 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया. छात्राओं में मतदान को लेकर खासा उत्साह देखा गया.
चुनाव के दौरान कुछ जगहों पर हल्का हंगामा भी हुआ. पटना कॉलेज परिसर में बैलेट पेपर में नाम को लेकर छात्रों ने विरोध प्रदर्शन किया, जबकि बीएन कॉलेज में एक फर्जी वोटर पकड़े जाने के बाद माहौल कुछ देर के लिए तनावपूर्ण हो गया. पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए स्थिति को नियंत्रण में किया और मतदान प्रक्रिया प्रभावित नहीं होने दी. पूरे चुनाव में शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी. प्रशासन ने बताया कि कड़ी निगरानी, पहचान पत्र जांच और अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती के कारण अधिकांश केंद्रों पर मतदान शांतिपूर्ण रहा.
तेजप्रताप के रिंकल यादव ने देर रात किया हंगामा
प्रेसिडेंट पद के निर्दलीय उम्मीदवार रिंकल यादव ने काउंटिंग के दौरान देर रात हंगामा किया। जिसके बाद पुलिस प्रशासन ने रिंकल यादव को काउंटिंग सेंटर से बाहर निकाला दिया। रिंकल यादव ने आरोप लगाते हुए कहा कि काउंटिंग में पारदर्शिता नहीं बरती गई।
शाम 5 बजे तक हुए मतदान में 37.84% वोटिंग हुई। वोटिंग के दौरान पटना साइंस कॉलेज में गोली चली। पुलिस ने मौके से एक खोखा बरामद किया है। फायरिंग किसने की इसे लेकर जांच चल रही है।
रिंकल यादव को टांगकर थाने लाई गई थी पुलिस
इससे पहले पटना कॉलेज में अध्यक्ष पद के लिए खड़े तेजप्रताप के कैंडिडेट रिंकल यादव को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के विरोध में छात्रों ने पीरबहोर थाने के बाहर हंगामा किया।
पुलिस रिंकल को VC ऑफिस लेकर जा रही थी। इस दौरान छात्र नारेबाजी करने लगे। PU मुर्दाबाद और वॉइस चांसलर मुर्दाबाद के नारे लगे। छात्र इस दौरान VC ऑफिस के गेट के सामने लेट गए।
पुलिस रिंकल यादव को टांगकर थाने ले लाई। इस दौरान रिंकल को उठाकर गाड़ी में बैठाया गया। उन्होंने पैर गाड़ी से बाहर निकाल लिए, पुलिस ने पैर अंदर किए और थाने लाई। स्टूडेंट्स और पुलिस में धक्का मुक्की भी हुई।
इसको लेकर कैंपस में तनाव की स्थिति भी बनी गई थी। छात्रों का आरोप है- नॉमिनेशन के वक्त पेपर पर रिंकल यादव का नाम था, लेकिन चुनाव के दौरान बैलेट पेपर में रिंकल कुमार है। वो छात्र नेता है, पिछले 5 साल से इस यूनिवर्सिटी में संघर्ष कर रहा है।







