मधुबनी के झंझारपुर में रैली में गृहमंत्री अमित शाह ने लालू-नीतीश पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने जंगलराज की याद दिलाई। कहा- मैं रोज बिहार के अखबार बारीकी से पढ़ रहा हूं। ये लोग फिर से जंगलराज ला रहे हैं। लालू जी एक्टिव हो गए…नीतीश जी डिएक्टिव हो गए। अब आप सोच सकते हैं, बिहार का क्या होने वाला है।
शाह ने कहा कि बिहार में बड़े बदलाव की जरूरत है, सरकार नहीं सुशासन चाहिए, गुंडाराज नहीं जनताराज चाहिए। तीन दशक से ज्यादा समय में जिन लोगों की सत्ता में भागीदारी रही है, वो ईमानदारी से काम कर लेते तो हमारे बच्चों को बाहर जाने की जरूरत नहीं पड़ती।
अमित शाह ने कहा कि बिहार में स्वार्थ का गठबंधन है। लालू अपने बेटे को मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं। नीतीश जी एक बार फिर से प्रधानमंत्री बनने का सपना देख रहे हैं। नीतीश जी प्रधानमंत्री का पद खाली नहीं है।
उन्होंने कहा कि लालू-नीतीश की सरकार ने फतवा जारी किया, बिहार में रक्षाबंधन और जन्माष्टमी की छुट्टी नहीं होगी। बिहार की जनता ने जो विरोध जताया। सरकार को फैसला वापस लेना पड़़ा।
जदयू और राजद के गठबंधन को शाह ने तेल-पानी गठबंधन बताया। उन्होंने कहा कि तेल, पानी को गंदा कर देता है। ये बिहार की जनता के लिए भी हानिकारक हैं।
गृहमंत्री ने कहा कि अभी यहां लालू-नीतीश जी की सरकार चल रही है। हर रोज बिहार के अंदर गोलीबारी, लूट, अपहरण, पत्रकारों की हत्या, दलितों की हत्या के किस्से बढ़ते जा रहे हैं। रेलवे मंत्री रहते हुए लालू जी ने अरबों का भ्रष्टाचार किया।
ये UPA नाम के साथ नहीं आ सकते इसलिए इन्होंने INDIA गठबंधन नाम रखा। नाम कोई भी बदले यह वहीं लालू प्रसाद यादव हैं जिसने बिहार को सालों तक पीछे धकेलने का काम किया।
शाह ने कहा कि दरभंगा एम्स पर नीतीश बाबू बोलते रहते हैं बहुत कम प्रदेश हैं जहां पर दो एम्स दिए गए हैं। मोदी जी ने पटना में एम्स दिया। 2020 दिसंबर में दरभंगा में दूसरा एम्स दिया।
नीतीश जी ने 81 एकड़ भूमि दे दी पहले मेडिकल कॉलेज में बाद में इसको वापस ले लिया। अगर नीतीश जी ने भूमि वापस ना ले ली होती तो आज यहां पर एम्स बन गया होता और यहां पर मरीजों का इलाज हो रहा होता!
रैली की शुरुआत में उन्होंने लोगों से पूछा कि मोदी जी को फिर से प्रधानमंत्री बनाना है या नहीं? इसके बाद भारत माता की जय के नारे लगवाए फिर सीता माता की जय के नारे लगवाए।
यहाँ से अररिया जाएंगे शाह
जोगबनी में एंटीग्रेटेड चेक पोस्ट पर नवनिर्मित आवासीय भवनों का उद्घाटन करेंगे। साथ ही यहीं से वे एसएसबी के बथनाहा में नवनिर्मित आवासीय भवनों का भी वर्चुअली उद्घाटन करेंगे।
इसके बाद अमित शाह हेलिकॉप्टर से सीधा दरभंगा एयरपोर्ट पहुंचेंगे और लगभग 5.30 बजे बजे दिल्ली के लिए रवाना हो जाएंगे।
इधर अमित शाह के बिहार दौरे को लेकर डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने तंज कसा है। तेजस्वी ने शुक्रवार को कहा कि गृहमंत्री अगर साल के 365 दिन बिहार में रहेंगे तो उसका फायदा हम लोगों को ही मिलने वाला है। अमित शाह का बार-बार बिहार आना दिखाता है कि वे कितने डरे हुए हैं।
कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देने की मांग
शाह की रैली से पहले जेडीयू ने कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देने की मांग उठाई है। जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा है कि कर्पूरी ठाकुर ने पूरी उम्र सनातन का पालन किया है। ऐसे में सनातन की राजनीति करने वाले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जब झंझारपुर में उनके नाम से बने स्टेडियम में कार्यक्रम करने आ रहे हैं तो उन्हें भारत रत्न देने की घोषणा करें।
एक साल में अमित शाह का छठा बिहार दौरा
बिहार में महागठबंधन की सरकार बनने के बाद अमित शाह का एक साल में यह छठा दौरा है। पिछले साल सत्ता परिवर्तन के तुरंत बाद 23-24 सितंबर को उन्होंने सीमांचल के पूर्णिया से चुनावी रैली का आगाज किया था। इस दौरान उन्होंने किशनगंज में एक दिन का प्रवास भी किया था।
इसके बाद 11 अक्टूबर 2022 को जेपी की जयंती पर अमित शाह सारण के सिताबदियारा पहुंचे थे। स्वामी सहजानंद की जयंती पर केंद्रीय गृहमंत्री ने 25 फरवरी 2023 को वाल्मीकिनगर में सभा को संबोधित किया था।
2 अप्रैल 2023 को अमित शाह सम्राट अशोक की जयंती पर नवादा पहुंचे थे। जबकि 29 जून 2023 को जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह के क्षेत्र लखीसराय से अमित शाह ने सीएम नीतीश कुमार को ललकारा था।
अमित शाह शनिवार को अररिया की धरती पर जोगबनी आ रहे हैं। गृह मंत्री का सीमांचल में एक साल के दौरान दूसरी बार यह दौरा है, जबकि अररिया जिला में उनका यह पहला दौरा है। वहीं एक साल के दौरान बिहार में शाह का ये छठा दौरा है। गृह मंत्री अमित शाह जोगबनी में इंटीग्रेटेड चेक पोस्ट (आईसीपी) के समीप बॉर्डर गार्डेड फोर्सेज (बीजीएफ) के लिए बनाए गए आवासीय भवन का उद्घाटन करेंगे। इसके अलावा गृह मंत्री अमित शाह एसएसबी के अधिकारियों और जवानों के लिए बनाए गए क्वार्टर का भी वर्चुअली उद्घाटन करेंगे। इसके बाद गृह मंत्री अमित शाह का पार्टी के एक हजार कार्यकर्ताओं से संवाद का कार्यक्रम है।
पहले जवान फिर कैडर
अमित शाह कार्यकर्ताओं से चुनाव को लेकर रणनीति पर भी बात करने के साथ उन्हें जीत के मूलमंत्र का पाठ पढ़ाएंगे। गृह मंत्री अमित शाह के कार्यक्रम को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं में उत्साह चरम पर है।अमित शाह के साथ एक हजार भाजपा कार्यकर्ताओं के लिस्ट को अंतिम रूप दिया जा चुका है। अमित शाह भाजपा कार्यकर्ताओं से सीधा संवाद करके भाजपा कार्यकर्ताओं को आगामी लोकसभा चुनाव और बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर जितने का मूल मंत्र देंगे। साथ ही कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ हुई पिछली मीटिंग में दिए गए टास्क की भी समीक्षा करेंगे। अमित शाह का जोगबनी में एक घंटे का कार्यक्रम है।उनका दोपहर साढ़े तीन बजे जोगबनी पहुंचने का कार्यक्रम है।
बीजेपी भी शाह के स्वागत में जुटी
गृह मंत्री अमित शाह के कार्यक्रम को लेकर जिले के भाजपा जनप्रतिनिधियों में भी उत्साह का माहौल है और वो उनके कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए कमर कस कर लगे हुए हैं।जोगबनी आईसीपी में अररिया सांसद प्रदीप कुमार सिंह, फारबिसगंज विधायक विद्यासागर केशरी उर्फ मंचन केशरी और नरपतगंज विधायक जयप्रकाश यादव लगातार तैयारी का जायजा ले रहे हैं। भाजपा के नेताओं ने हेलीपैड और कार्यक्रम स्थल का जायजा लेने के साथ अधिकारियों से कई आवश्यक जानकारियां भी लीं। गृह मंत्री अमित शाह के कार्यक्रम को लेकर अररिया जिला भाजपा कार्यकर्ता उत्साहित हैं।
इंडो नेपाल बॉर्डर पर सुरक्षा और कड़ी
इधर गृह मंत्री के कार्यक्रम को लेकर एसएसबी समेत अररिया जिला प्रशासन भी मुस्तैद है। अररिया के डीएम इनायत खान, एसपी अशोक कुमार सिंह, पूर्णिया प्रक्षेत्र के आईजी सुरेश प्रसाद चौधरी समेत एसएसबी के कमांडेंट, डीआईजी सहित वरीय अधिकारी स्वयं तैयारी और सुरक्षा का मॉनिटरिंग कर रहे हैं। शुक्रवार को भी भाजपा नेता सहित इन अधिकारियों ने कार्यक्रम और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। भारत-नेपाल खुली सीमा पर जांच बढ़ा दी गई है। एसएसबी जवानों से स्पेशल पेट्रोलिंग कराने के साथ हरेक आने जाने वालों की जांच के साथ संदिग्धों पर भी नजर रखी जा रही है।







