संसद के बजट सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच कई मुद्दों पर तनातनी चल रही है. गत बुधवार को पीएम नरेंद्र मोदी का संसद के निचले सदन लोकसभा में भाषण होना था. लेकिन विपक्ष के हंगामे के कारण पीएम बोल नहीं पाए थे. उस समय सत्ता पक्ष ने आरोप लगाया था कि विपक्ष की महिला सांसद पीएम मोदी की चेयर के पास आ गई थीं. इसी का जिक्र करते हुए लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने कहा था कि कांग्रेस के पार्टी के कई सदस्य पीएम मोदी के आसन के सामने कोई अप्रत्याशित घटना कर सकते हैं. इसलिए मैंने पीएम मोदी से आग्रह किया कि वो सदन में नहीं आएं. अब इसी घटना का वीडियो केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने अपने एक्स पोस्ट पर डाला है.
रिजिजू का पोस्ट
रिजिजू ने अपने एक्स पोस्ट में लिखा है कि कांग्रेस पार्टी को अपने सांसदों इस अपमानजनक व्यवहार पर गर्व है. अगर हमने बीजेपी सांसदों को नहीं रोका होता और वो भी कांग्रेस सांसदों का विरोध करने पहुंच जातीं तो काफी खराब स्थिति हो जाती. हम संसद की परंपरा का सम्मान करना जानते हैं.
हाथों में बैनर लेकर प्रदर्शन
इस वीडियो में कांग्रेस की कई महिला सांसद पीएम मोदी के आसन के सामने हाथ में बैनर लेकर प्रदर्शन करती हुई दिख रही हैं. कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ समेत विपक्ष की कई महिला सांसद पीएम की कुर्सी घेरकर खड़ा हो गईं. इसके बाद सत्ता पक्ष के सांसद और केंद्रीय मंत्री उनसे वहां से जाने का आग्रह कर रहे थे.
भाजपा की महिला सांसदों ने स्पीकर को लिखी चिट्ठी
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- सोमवार को विपक्ष की महिला सांसदों ने लोकसभा स्पीकर को पत्र लिखकर स्पीकर पर पक्षपाती होने का आरोप लगाया था।
- जिसके बाद मंगलवार को भाजपा की महिला सांसदों ने भी लोकसभा स्पीकर को पत्र लिखा है और लोकसभा में उग्र व्यवहार करने के लिए विपक्षी सांसदों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
- जब इसे लेकर किरेन रिजिजू से सवाल किया गया तो उन्होंने भी विपक्षी सांसदों के रवैये की आलोचना की।
- उन्होंने कहा, भाजपा सांसद खासकर महिला सांसदों ने कांग्रेस सांसदों के रवैये के खिलाफ लोकसभा स्पीकर से शिकायत की है।
रिजिजू ने बताया 4 फरवरी को सदन में था अव्यवस्था का माहौल
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- रिजिजू ने कहा, ‘कांग्रेस के सांसद सत्ता पक्ष (ट्रेजरी बेंच) की तरफ चले गए थे।’
- ‘वे प्रधानमंत्री की सीट तक पहुंच गए। उन्होंने एक तरह से सत्ता पक्ष की बेंच का लगभग घेराव कर लिया था।’
- ‘हमें अपने भाजपा और एनडीए सांसदों को नियंत्रित करना पड़ा था। भाजपा की महिला सांसद, कांग्रेस सांसदों के इस व्यवहार से बेहद आक्रोशित थीं। हमने अपने सांसदों को धक्का-मुक्की करने से रोका।’
- ‘इसके बाद विपक्षी सांसद स्पीकर के चेंबर में गए और उन्हें धमकाया। भाजपा की महिला सांसदों ने शिकायत की है। देखते हैं कि स्पीकर इस पर क्या कार्रवाई करते हैं।’
क्या है पूरा मामला
दरअसल 4 फरवरी को लोकसभा में प्रधानमंत्री का संबोधन होना था, लेकिन लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने पीएम की सुरक्षा का हवाला देकर प्रधानमंत्री का संबोधन टाल दिया। लोकसभा में पीएम मोदी शाम 5 बजे बोलने वाले थे। लेकिन बैठक शुरू होते ही विपक्षी सांसदों ने हंगामा शुरू कर दिया, करीब 8 से 10 महिला सांसद, जिनमें कांग्रेस की तीन महिला सांसद शामिल थीं, पीएम की सीट के पास पहुंच गईं। वे बैनर लेकर खड़ी हो गईं। इससे सदन की कार्यवाही बाधित हुई। जिस पर स्पीकर ने सदन को स्थगित कर दिया। पीएम सदन में नहीं आए और भाषण रद्द हो गया।
अगले दिन यानी 5 फरवरी को स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि 4 फरवरी को जिस तरह का लोकसभा में माहौल था, उसमें कोई भी अप्रिय और अप्रत्याशित घटना घट सकती थी। उन्होंने साफ कहा कि ऐसा व्यवहार संसद की गरिमा और लोकतांत्रिक मर्यादाओं के बिल्कुल विपरीत था।







