हिमालय से आ रही बर्फीली हवाओं ने बिहार में ठंड बढ़ा दी है। इससे प्रदेश में हाड़ कंपाने वाली ठंड महसूस हो रही है। पछुआ हवा की वजह से 16 जिलों का न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया है। ज्यादातर शहरों में सूर्यदेव के दर्शन नहीं हो रहे हैं। ओस की बूंदें रिमझिम वर्षा की तरह पड़ रही हैं। फिलहाल इससे राहत की उम्मीद भी नहीं है।
मौसम विज्ञान केंद्र ने आज यानी शनिवार को 32 जिलों में कोल्ड-डे और घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार पटना और पश्चिमी-पूर्वी चंपारण समेत 32 जिलों में सुबह-शाम घना कोहरा छाया रहेगा। इससे विजिबिलिटी 10 मीटर के आसपास रहने की संभावना है। अगले एक सप्ताह तक कड़ाके की ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है। शुक्रवार को छपरा में इस साल की पहली शीतलहर दर्ज की गई, जहां पारा लुढ़ककर 5.5 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। वहीं, सबौर 5 डिग्री न्यूनतम तापमान के साथ राज्य का सबसे ठंडा इलाका रहा। पटना में शुक्रवार को ‘कोल्ड डे’ रहा। बर्फीली हवा से ठिठुरन रही। पटना का न्यूनतम तापमान 9.5 और अधिकतम 15 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम विज्ञानी संजय कुमार के अनुसार इस बार ला नीना का प्रभाव देखा जा रहा है। इससे सर्दी में बढ़ोतरी हुई है। उत्तरी ध्रुव के ऊपर बनने वाली ध्रुवीय ठंडी हवाओं के घेरे (Polar vortex) में दरार पड़ी है। इससे बेहद ठंडी हवाएं आने से सर्दी में बढ़ोतरी हुई है। फरवरी तक ला नीना का प्रभाव देखने को मिलेगा। इसके कारण फरवरी तक कड़ाके की ठंड पड़ने के आसार हैं। La Niña के कारण पश्चिमी विक्षोभ यानी बर्फीली हवा को मजबूती मिलेगी। इससे उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में ठंडी हवाएं चलने के साथ कोहरे और धुंध की स्थिति अधिक दिनों तक बनी रहेगी।
10 सालों की तुलना में अधिक ठंड
विश्व मौसम विज्ञान संगठन के मुताबिक इस वर्ष की सर्दी बीते 10 वर्षों की तुलना में अधिक होगी। मौसम विज्ञान केंद्र पटना ने भी जनवरी के मौसम का पूर्वानुमान जारी करते हुए बताया कि इस बार राज्य के पश्चिम भाग में शीतलहर का प्रभाव सामान्य से अधिक होगा। न्यूनतम तापमान भी सामान्य से कम रहने के साथ ठंड में वृद्धि की संभावना है। जनवरी में पटना का अधिकतम तापमान 14.0 से 20.0 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है। यह बीते वर्षों की तुलना में काफी कम है। पटना के न्यूनतम तापमान की बात करें तो यह पांच से 10 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है।
आगे कैसा रहेगा मौसम
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले पांच दिनों तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में घना कुहासा छाया रहेगा। दस दिनों तक मौसम ऐसा ही रहेगा। मौसम वैज्ञानिक संजय कुमार के अनुसार, न्यूनतम तापमान में सामान्य से 4.5 डिग्री सेल्सियस की कमी होने पर ही शीत लहर जारी किया जाता है। मौसम विज्ञान केन्द्र के अनुसार शुक्रवार को बक्सर एवं मुंगेर में भीषण कोल्ड डे और छपरा, पटना, फारबिसगंज, सहरसा, दरभंगा और अरवल में कोल्ड डे रहा। सबसे कम न्यूनतम तापमान सबौर में 5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। लेकिन वाल्मीकिनगर सबसे ठंडा रहा।
हवा की गति के कारण बदलता है तापमान
राज्य के अलग-अलग जिलों के तापमान में उतार-चढ़ाव की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग के अनुसार तापमान में बदलाव का मुख्य कारण उत्तरी भारत के पहाड़ी इलाकों (हिमालय) में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और वहां से आने वाली बर्फीली ठंडी पछुआ हवा है। खासकर घने कोहरे और रात के साफ आसमान के कारण तापमान में तेजी से गिरावट आती है। इसके कारण कोल्ड-डे और Cold Wave की स्थिति बनती है।
मौसम विज्ञानियों के अनुसार हवा की गति कम होने के कारण ठंडी हवाएं एक जगह स्थिर हो जाती हैं और हवा का प्रभाव बढ़ जाता है। जिससे भी तापमान में गिरावट आने के साथ ठंड में वृद्धि होती है।
वायुमंडल के ऊपरी हिस्सों पर नौ से 16 किमी की रफ्तार से सक्रिय जेट स्ट्रीम यानी ठंडी हवाओं का समूह बनने के साथ इसे मैदानी इलाकों तक लाने में मदद करती है। इस कारण कई जिलों के तापमान में उतार-चढ़ाव की स्थिति बनी रहती है। तापमान अपने सामान्य से काफी नीचे चला जाता है।
बीते 10 वर्षों में पटना का जनवरी में तापमान
| वर्ष | अधिकतम तापमान (°C) | तिथि | न्यूनतम तापमान (°C) | तिथि |
|---|---|---|---|---|
| 2026 | 19.6 | 2 जनवरी | 8.2 | 1 जनवरी |
| 2025 | 27.0 | 31 जनवरी | 9.1 | 22 जनवरी |
| 2024 | 24.3 | 31 जनवरी | 5.5 | 22 जनवरी |
| 2023 | 28.1 | 25 जनवरी | 5.5 | 17 जनवरी |
| 2022 | 25.7 | 20 जनवरी | 6.6 | 11 जनवरी |
| 2021 | 28.8 | 7 जनवरी | 3.4 | 31 जनवरी |
| 2020 | 25.6 | 17 जनवरी | 7.6 | 14 जनवरी |
| 2019 | 24.6 | 1 जनवरी | 6.6 | 3 जनवरी |
| 2018 | 25.3 | 24 जनवरी | 4.7 | 5 जनवरी |
| 2017 | 28.0 | 26 जनवरी | 4.8 | 14 जनवरी |
| 2016 | 27.6 | 7 जनवरी | 4.8 | 23 जनवरी |
1 से 9 जनवरी तक का तापमान
| तिथि (जनवरी 2026) | अधिकतम तापमान (°C) | न्यूनतम तापमान (°C) |
|---|---|---|
| 9 जनवरी | 15.0 | 9.5 |
| 8 जनवरी | 16.2 | 9.1 |
| 7 जनवरी | 16.2 | 9.8 |
| 6 जनवरी | 16.7 | 8.7 |
| 5 जनवरी | 16.7 | 9.6 |
| 4 जनवरी | 14.5 | 10.6 |
| 3 जनवरी | 14.4 | 10.8 |
| 2 जनवरी | 19.6 | 9.0 |
| 1 जनवरी | 19.3 | 8.2 |
नोट: सबसे अधिक अधिकतम तापमान 1 और 2 जनवरी को (19.3°C और 19.6°C) देखा गया। सबसे कम न्यूनतम तापमान 1 जनवरी को 8.2°C दर्ज किया गया। 3-4 जनवरी को तापमान में गिरावट आई, फिर 5-9 जनवरी तक स्थिर रहा।
पटना समेत 10 जिलों में 8वीं क्लास तक के स्कूल बंद
ठंड के कारण पटना समेत 10 जिलों में 8वीं क्लास तक के स्कूल को बंद कर दिया गया है। पटना, नालंदा जिला प्रशासन ने 8वीं तक के सभी स्कूल, जबकि वैशाली जिला प्रशासन ने 10वीं तक के सभी स्कूल 11 जनवरी तक के लिए बंद कर दिए हैं।
इसके साथ ही बेगूसराय, मुंगेर, सुपौल, भोजपुर और भागलपुर में 8वीं क्लास तक के सभी स्कूल 10 जनवरी तक बंद कर दिए गए हैं। बांका में 8वीं क्लास तक के सभी स्कूल 12 जनवरी तक बंद कर लिए गए हैं। वहीं बक्सर में 13 जनवरी तक 8वीं तक के सभी स्कूल बंद दिए गए है।
अब जानिए पटना में कैसा रहेगा मौसम
राजधानी पटना में फिलहाल ठंड का सितम जारी रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले 2-3 दिनों तक सुबह और देर रात घना कोहरा छाया रहेगा। न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रह सकता है, जबकि दिन में भी ठंडी हवा के कारण ठिठुरन महसूस होगी। धूप निकलने की संभावना कम है, जिससे कोल्ड-डे की स्थिति बनी रह सकती है।
7 डिग्री से नीचे पहुंचा 16 जिलों का तापमान
पिछले 24 घंटे के रिकॉर्ड के मुताबिक, राज्य के 16 जिलों का न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया है। बांका में सबसे कम 5.5 तापमान रिकॉर्ड किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे कम तापमान माना जा रहा है। वहीं पटना में भी न्यूनतम तापमान 5.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है।






