राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू मंगलवार को दो दिवसीय दौरे पर पटना पहुंची हैं। राष्ट्रपति PMCH के शताब्दी समारोह में चीफ गेस्ट के रूप में शामिल होंगी। इस कार्यक्रम में वो एक घंटे तक रुकेंगी। उनका रात्रि विश्राम पटना में ही होगा। 26 फरवरी की सुबह 9 बजे राष्ट्रपति दिल्ली के लिए रवाना होंगी।
PMCH के शताब्दी समारोह में राष्ट्रपति के साथ राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा, उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा, बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय, सांसद रविशंकर प्रसाद भी मौजूद रहेंगे।
राजभवन में लिट्टी चोखा का इंतजाम
कार्यक्रम के बाद राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू राजभवन में विश्राम करेंगी। राजभवन की ओर से रात्रिभोज का आयोजन किया गया है। राजभवन सचिवालय के आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, राष्ट्रपति मुर्मू के सम्मान में आयोजित भोज का मेन्यू उनके टेस्ट के मुताबिक बनाया गया है।
उनके भोज में बिहार से जुड़े व्यंजनों को प्राथमिकता दी गई है। इसमें लिट्टी-चोखा, सिलाव का खाजा, मखाना और लौकी की खीर, गुलाब जामुन, रसमलाई, मूंग का हलवा शामिल है।
कार्यक्रम में 3000 से अधिक डॉक्टर होंगे सम्मानित
PMCH का शताब्दी समारोह भव्य तरीके से मनाया जा रहा है। इस कार्यक्रम में 3000 से अधिक डॉक्टर सम्मानित होंगे। इसको लेकर देश विदेश के डॉक्टरों को निमंत्रण भेजा गया है। PMCH प्रशासन ने बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार सहित कई अन्य मंत्री और नेताओं को भी आमंत्रित किया है। पूर्व मंत्री डॉ सीपी ठाकुर को आयोजन समिति का अध्यक्ष बनाया गया है।
PMCH की स्थापना आजादी से पहले हुई थी। बंगाल बंटवारे के बाद इसकी स्थापना की गई। 25 फरवरी 1925 को स्थापना हुई थी, उस समय इसे प्रिंस ऑफ वेल्स मेडिकल कॉलेज के नाम से जाना जाता था।
इस कॉलेज की इमारतों का निर्माण दरभंगा महाराज सहित बिहार की विभिन्न रियासतों के दान से हुआ था। इससे पहले 1874 में यहां टेंपल मेडिकल स्कूल खोला गया था, जिसमें 30 छात्रों को दाखिला दिया जाता था। पूरे कोर्स की फीस मात्र 2 रुपए प्रति छात्र थी। यह प्रथा 1925 तक जारी रही।
5544 करोड़ रुपए में बनेगा मॉडर्न हॉस्पिटल
साल 2028 तक PMCH की नई बिल्डिंग को तीन चरणों में तैयार करना है। इस हॉस्पिटल पर करीब 5,544 करोड़ रुपए खर्च होंगे। मॉडर्न हॉस्पिटल में हेलीपैड समेत कई विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी। राज्य सरकार की माने तो यह दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा अस्पताल होगा। सबसे बड़ा अस्पताल ताइवान में है, जिसकी क्षमता 10 हजार बेड की है।
बिहार का सबसे बड़ा अस्पताल पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (PMCH) कल यानी 25 फरवरी को 100 साल का हो जाएगा। शताब्दी समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आ रहीं हैं। अपने रुतबे को बरकरार रखते हुए PMCH आज दुनिया का दूसरा और देश का सबसे बड़ा अस्पताल बनने की कगार पर है। हॉस्पिटल का कभी रुआब ऐसा था कि राष्ट्रपति से लेकर बड़े-बड़े VIP और नेता-विधायक इलाज करवाने दिल्ली-मुंबई न जाकर PMCH आते थे। यहां किसी की पैरवी नहीं चलती थी। बिना अपॉइंटमेंट के आए मंत्री को भी इंतजार करना पड़ता था। यहां से पढ़ाई करके विदेश जाने वाले डॉक्टरों को कोई टेस्ट नहीं देना पड़ता था।







