भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्तमान समय में दुनिया के सबसे पॉपुलर नेताओं में से एक हैं। पीएम मोदी फिलहाल तीन देशों की यात्रा पर हैं। पहले उन्होंने नाइजीरिया की यात्रा की। इसके बाद वह जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए ब्राजील के रियो डी जेनेरियो शहर गए। वहीं, यात्रा के अंतिम चरण में पीएम मोदी बुधवार को गयाना पहुंचे हैं। अब गयाना और बारबाडोस दोनों ही देशों ने पीएम मोदी को अपने सर्वोच्च पुरस्कार से सम्मानित करने का ऐलान किया है।
कौन से अवार्ड मिलेंगे?
गयाना और बारबाडोस ने पीएम मोदी को अपने सबसे बड़े अवार्ड पुरस्कार प्रदान करने की घोषणा की है। जानकारी के मुताबिक, गयाना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना सर्वोच्च राष्ट्रीय पुरस्कार “द ऑर्डर ऑफ एक्सीलेंस” प्रदान करेगा। वहीं, बारबाडोस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को प्रतिष्ठित मानद ”ऑर्डर ऑफ फ्रीडम ऑफ बारबाडोस” से सम्मानित करेगा।
क्यों अहम है गयाना की यात्रा?
50 साल से अधिक समय में यह पहला मौका है जब किसी भारतीय प्रधानमंत्री ने गयाना की यात्रा की है। आपको बता दें कि गयाना में बड़ी संख्या में भारतीय मूल की आबादी रहती है। इनकी संख्या 3,20,000 के करीब है। पीएम मोदी जब हवाई अड्डे पर पहुंचे तब गयाना के राष्ट्रपति इरफान अली अपने 12 से अधिक कैबिनेट मंत्रियों के साथ उनके स्वागत के लिए खड़े थे। पीएम मोदी 21 नवंबर तक गयाना में रहेंगे और यहां के राष्ट्रपति मोहम्मद इरफान अली के साथ दोनों देशों के बीच अनूठे संबंधों को रणनीतिक दिशा देने पर चर्चा करेंगे। इसके अलावा पीएम मोदी दूसरे भारत-कैरिकॉम शिखर सम्मेलन में कैरेबियाई साझेदार देशों के नेताओं से भी मुलाकात करेंगे।
पीएम मोदी को अब तक कितने सम्मान?
इससे कुछ दिन पहले पहले डोमिनिका ने भी पीएम मोदी के लिए अपने सर्वोच्च पुरस्कार “डोमिनिका अवार्ड ऑफ ऑनर” की घोषणा की थी। आपको बता दें कि पीएम मोदी को अन्य देशों से मिलने वाले अंतरराष्ट्रीय सम्मानों की संख्या अब तक 19 पहुंच गई है।
किन-किन देशों से मिल चुका है पीएम मोदी को सम्मान
वैश्विक स्तर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता सर्वाधिक है। एक सर्वे में उन्हें सबसे लोकप्रिय नेता करार दिया गया था। इतना ही नहीं कई देश भी उन्हें अपने सर्वोच्च पुरस्कार से सम्मानित कर चुके हैं। क्षेत्रीय और वैश्विक स्तर पर उनके नेतृत्व के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 2014 से अब तक 19 देशों के सर्वोच्च राष्ट्रीय पुरस्कारों समेत संयुक्त राष्ट्र का सर्वोच्च पर्यावरण पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया है।
अफगानिस्तान और फिलिस्तीन से भी पीएम मोदी हो चुके हैं सम्मानित
बता दें कि पीएम मोदी को साल 2016 में अफगानिस्तान द्वारा स्टेट ऑर्डर ऑफ गाजी अमीर अमानुल्लाह खान, फरवरी 2018 में फिलिस्तीन द्वारा ग्रैंड कॉलर ऑफ द स्टेट ऑफ फिलिस्तीन, अक्तूबर 2018 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा यूएन चैंपियन ऑफ द अर्थ अवार्ड दिया गया था। वहीं, अप्रैल 2019 में यूएई द्वारा ऑर्डर ऑफ जायद और अप्रैल 2019 में ही रूस द्वारा ऑर्डर ऑफ सेंट एंड्रयू अवार्ड से सम्मानित किया गया था। इसके अलावा, पीएम मोदी को जून 2019 में मालदीव से ऑर्डर ऑफ द डिस्टिंग्विश्ड रूल ऑफ इज़ुद्दीन, अगस्त 2019 में बहरीन द्वारा किंग हमाद ऑर्डर ऑफ द रेनेसां, दिसंबर 2020 में अमेरिका द्वारा लीजन ऑफ मेरिट, दिसंबर 2021 में भूटान द्वारा ऑर्डर ऑफ द ड्रैगन किंग और इस साल मई में फिजी द्वारा ऑर्डर ऑफ फिजी और पापुआ न्यू गिनी द्वारा ऑर्डर ऑफ लोगोहू से सम्मानित किया गया था।
मिस्र ने भी पीएम को दिया है सर्वोच्च राजकीय सम्मान
वहीं, पिछले साल जून में मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी ने प्रधानमंत्री मोदी को ‘ऑर्डर ऑफ द नाइल’ पुरस्कार से सम्मानित किया। यह मिस्र का सर्वोच्च राजकीय सम्मान है। मई 2023 में पापुआ न्यू गिनी द्वारा कंपेनियन ऑफ द ऑर्डर ऑफ लोगोहू, मई 2023 में कंपेनियन ऑफ द ऑर्डर ऑफ फिजी, मई 2023 में पलाऊ गणराज्य द्वारा एबाकल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।
पुरस्कार देने में फ्रांस और रूस ने भी नहीं छोड़ी है कोई कसर
जुलाई 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को फ्रांस ने लीजन ऑफ ऑनर से सम्मानित किया। यह फ्रांस का सर्वोच्च सम्मान है। पीएम मोदी यह सम्मान पाने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री हैं। लीजन ऑफ ऑनर दुनिया भर के चुनिंदा प्रमुख नेताओं और प्रतिष्ठित हस्तियों को दिया गया है। इनमें दक्षिण अफ्रीका के पूर्व राष्ट्रपति नेल्सन मंडेला, वेल्स के तत्कालीन राजकुमार किंग चार्ल्स, जर्मनी की पूर्व चांसलर एंजेला मर्केल, संयुक्त राष्ट्र के पूर्व महासचिव बुट्रोस बुट्रोस-घाली समेत अन्य शामिल हैं। बीते जुलाई में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को रूस के सर्वोच्च सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ सेंट एंड्र्यू एपोस्टल’ से सम्मानित किया गया।