मोकामा के पूर्व विधायक अनंत सिंह बेउर जेल से रिहा हो गए हैं. आज सुबह 5 बजकर 10 मिनट पर वह जेल से रिहा किये गए हैं. बाढ़ और सचिवालय थाना में दर्ज दो अलग-अलग मामलों में उनकी रिहाई का आदेश पटना हाईकोर्ट ने दिया था. पटना उच्च न्यायालय ने साक्ष्य के अभाव में रिहाई का आदेश दिया था. अनंत सिंह के जेल से रिहाई के दौरान समर्थकों की भारी भीड़ बेउर जेल के बाहर लगी रही. पूर्व विधायक के दोनों बेटे भी पहुंचे पिता के स्वागत के लिए लिये पहुंचे थे. अनंत सिंह के बेटे अंकित ने कहा कि पिताजी का दिल से स्वागत करूंगा.
हाईकोर्ट के उनको बरी किए जाने के आदेश को लेकर अनंत सिंह ने कहा कि मेरे मामले में आईपीएस लिपि सिंह दोषी हैं और लिपि सिंह को सजा होनी चाहिए. बता दें कि आईपीएस लिपि सिंह ने मोकामा में अनंत सिंह के घर से एक एके-47 राइफल, 22 जिंदा कारतूस और 2 देसी बम बरामद किए थे. अनंत सिंह पर यूएपीए यानी अनलाफुल एक्टिविटीज प्रीवेंशन एक्ट (UAPA) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था.
अनंत सिंह पर यूएपीए लगने के बाद उनके पटना आवास से भी आपत्तिजनक सामान बरामद किये गए थे. यहीं से बुलेट प्रूफ जैकेट की बरामदगी हुई थी और सचिवालय थाना में कांड दर्ज किया गया था. लिपि सिंह यहीं नहीं रूकी उन्होंने अनंत सिंह के करीबी लल्लू मुखिया को पकड़ने के लिए दबिश बनाई और उसकी संपत्ति भी कुर्क करा दी. उस समय भी लिपि सिंह खूब ने खूब सूर्खियों में रहीं हर तरफ उनके कार्रवाई की वाहवाही हो रही थी.
बता दें कि बाढ़ के नदवां स्थित घर में एक-47 जैसा घातक हथियार मिलने और बुलेट प्रूफ जैकेट की बरामदगी को लेकर अनंत सिंह को निचली अदालत में 10-10 साल की सजा सुनाई थी. इसी कारण उनकी विधायिकी भी चली गई थी और 2022 में उन्हें इस्तीफा देना पड़ा था. हाईकोर्ट ने अब आनंद सिंह को इन आरोपों से बरी कर दिया है. अनंत सिंह की रिहाई को लेकर विपक्षी दलों ने कहा है कि यह नीतीश सरकार की मदद के की वजह से हुई है. बता दें कि इससे पहले पूर्व सांसद आनंद मोहन की भी जेल से रिहाई हुई थी जिसको लेकर काफी राजनीति हुई थी.
वहीं, एक दिन पहले अनंत सिंह की रिहाई की खबर सुनने के बाद उनके समर्थकों ने बाढ़ में जिस तरह से जश्न मनाया इसको पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई करने की बात कही है. एनएच 31 पर आतिशबाजी करने के मामले में अनंत सिंह के समर्थकों पर केस दर्ज किया गया है. इसका वीडियो वायरल होते ही पुलिस ने एक्शन लिया और वीडियो देखकर पहचान कर रही है.
बाढ़ एएसपी अपराजित लोहान ने बाढ़ थाने में मामला दर्ज होने की बात कही है. बाढ़ थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने बताया है कि 17 लोगों पर नामजद और 6 लोगों अज्ञात अभियुक्त बनाया गया है. पुलिस इस मामले में कार्रवाई कर रही है. हालांकि, कानून के जानकार बताते हैं कि इन सभी समर्थकों को थाने से ही जमानत मिल सकती है, क्योंकि जो धाराएं लगाई गई हैं वह जमानती हैं.







