दुनिया में अपने मनोरम समुद्री तटों के लिए मशहूर गोवा में कांग्रेस पार्टी एक बार फिर दलबदल के समुद्री तूफान की चपेट में आ गई है। प्रदेश के ११ में से ८ विधायक सत्तारूढ़ भाजपा में शामिल हो गए हैं। इनमें सात बार विधायक रहे कांग्रेस के पूर्व मुख्यमंत्री दिगम्बर कामत भी हैं। यह भी कम रोचक नहीं है कि २०१९ में दलबदल से सबक लेने के बाद इस साल विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी अपने उम्मीदवारों को मंदिर‚ दरगाह‚ और चर्च में दलबदल नहीं करने की कसम दिलवाई थी। इतना ही नहीं फरवरी में कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवारों ने पार्टी के शीर्ष नेता राहुल गांधी की उपस्थिति में एक हलफनामे के जरिए पार्टी नहीं छोड़ने की घोषणा की थी। कांग्रेस नेता दिगम्बर कामत ने शपथ तोड़कर भाजपा में शामिल होने का स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि‚ ‘मैं दोबारा मंदिर गया और ईश्वर से पूछा कि बताओ मैं क्या करूंॽ ईश्वर ने कहा कि जो तुम्हारे लिए सही है वही करो और आगे बढ़ो।’ भारतीय राजनीति की विडंबना है कि दलबदल विरोधी कानून के बावजूद कर्नाटक से लेकर अरु णाचल प्रदेश में दलबदल होते रहे हैं। इस पर कांग्रेस के नेता ने कहा कि भारत जोड़़ो यात्रा की जो सफलता दिखाई दे रही है उसके कारण गोवा में भाजपा का ‘ऑपरेशन कीचड़़’ चलाया गया‚ लेकिन अहम सवाल तो यह है कि कांग्रेस हो या अन्य कोई पार्टी‚ आखिर वह अपने विधायकों को अपने साथ एकजुट क्यों नहीं रख पा रही है। जिन राज्यों में भाजपा का संगठन कमजोर है‚ सरकार गठन करने के लिए जादुई आंकड़ा नहीं है‚ वहां भी इन दलबदलुओं के सहारे भाजपा अपनी ताकत का विस्तार करके सरकार बनाने में सफल हो जा रही है। विपक्ष भाजपा को सत्ता से बेदखल करने के लिए एकता का ढोल पीट रहा है। लेकिन इसके लिए उसके पास किसी तरह की जमीनी रणनीति और तैयारियां दिखाई नहीं दे रही हैं। कांग्रेस अभी भी राष्ट्रीय पार्टी है। पूरे देश में इसके कार्यकर्ता हैं‚ लेकिन इन कार्यकर्ताओं को प्रेरित करने के लिए राष्ट्रीय नेतृत्व में इच्छाशक्ति की कमी है। १९८० के दशक में जब राजीव गांधी प्रचंड बहुमत से जीत कर आए थे‚ तब दलबदल विरोधी कानून अस्तित्व में आया था। आज यह कानून दम तोड़़ रहा है क्योंकि दलबदल थोक में हो रहा है। भारतीय राजनीति को दागदार बना रहा दलबदल को रोकने के नये सिरे से विमर्श की जरूरत है।
समृद्धि यात्रा में आज दरभंगा दौरे पर सीएम नीतीश, 145 करोड़ की योजनाओं का उद्घाटन-शिलान्यास
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा के तहत आज वे दरभंगा पहुंचेंगे, जहां 105 करोड़ की 50 योजनाओं का शिलान्यास...







