बिहार में सियासी उलटफेर के बाद तेलंगाना के मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव यानी केसीआर पिछले दिनों पटना आए. महागठबंधन के नेताओं से उनकी मुलाकात हुई. नीतीश कुमार, तेजस्वी यादव व लालू यादव से मुलाकात करके केसीआर ने भाजपा पर जमकर हमला बोला. आगामी लोकसभा चुनाव में भाजपा को सत्ता से दूर रखने के लिए विपक्षी दलों को एकसाथ आने की अपील की. लेकिन केसीआर जिस तरह भाजपा से लड़ाई की तैयारी चाहते हैं उसमें जदयू की सहमति नहीं है. जेडीयू ने साफ शब्दों में इसमें असहमति जताई है.
मुख्यमंत्री केसीआर का भाजपा को घेरने की तैयारी
बिहार में जदयू ने खुद को एनडीए से अलग किया तो भाजपा-जेडीयू आमने-सामने हुई. जदयू ने अब केंद्र की भाजपा सरकार को निशाना बनाया है और आगामी लोकसभा चुनाव 2024 में विपक्षी दलों को एकसाथ लाने की जिम्मेदारी सीएम नीतीश कुमार को सौंपी है. इसी क्रम में हाल में ही तेलंगाना के मुख्यमंत्री केसीआर पटना पहुंचे. नीतीश कुमार के साथ ही बैठकर उन्होंने आगामी चुनाव में भाजपा को घेरने की तैयारी को लेकर बयान दिये.
नीतीश पीएम उम्मीदवार नहीं, जदयू ने कई चीजों को स्पष्ट किया
अब रविवार को जब जदयू की राष्ट्रीय परिषद की बैठक हुई तो उसमें कई चीजों को स्पष्ट कर दिया गया. साफ शब्दों में कहा गया कि नीतीश कुमार प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नहीं हैं लेकिन वो विपक्षी दलों को एकजुट करेंगे ताकि भाजपा को सत्ता से दूर रखा जा सके. इसी दौरान जदयू के राष्ट्रीय महासचिव केसी त्यागी ने कांग्रेस को लेकर बड़ा बयान दिया. यह बयान तेलंगाना सीएम केसीआर की सोच से विपरीत है.
बता दें कि तेलंगाना के मुख्यंत्री केसीआर आगामी लोकसभा चुनाव 2024 के लिए गैर भाजपा और गैर कांग्रेसी दलों को एकसाथ लाना चाहते हैं. यानी कांग्रेस को भी केसीआर अलग ही रखना चाहते हैं. कहीं न कहीं ये थर्ड फ्रंट की ओर इशारा देता है. लेकिन जदयू ने जैसे पहले भी मेन फ्रंट की बात की उसी तरह जदयू की ओर से केसी त्यागी ने साफ शब्दों में कहा कि कांग्रेस और वामदलों के बिना भाजपा को हराने का उद्देश्य अधूरा रहेगा.
कांग्रेस व वामदलों को लेकर बड़ा बयान
केसी त्यागी ने कहा कि कोई भी मोर्चा कांग्रेस व वामदलों के बिना भाजपा को हराने में सफल नहीं होगा. सोमवार को दिल्ली यात्रा पर जा रहे नीतीश कुमार प्रवास के दौरान राहुल गांधी से मुलाकात भी कर सकते हैं.







