राज्य मंत्रिपरिषद ने पंचम केंद्रीय वेतन आयोग के अनुसार सरकारी सेवकों‚ पेंशनभोगियों व पारिवारिक पेंशनभोगियों को एक जुलाई २०२१ के प्रभाव से ३५६ प्रतिशत के स्थान पर ३६८ प्रतिशत महंगाई भत्ता या राहत की स्वीकृति दी गई। इसी तरह षष्ठम केंद्रीय वेतन आयोग के अनुसार‚ अपुनरीक्षित वेतनमान में वेतन या पेंशन प्राप्त कर रहेराज्य सरकार के सरकारी सेवकों‚ पेंशनभोगियों व पारिवारिक पेंशनभोगियो को एक जुलाई २०२१ के प्रभाव से १८९ प्रतिशत के स्थान पर १९६ प्रतिशत महंगाई भत्ता व राहत प्रदान करने की स्वीकृति दी गई।
पेट्रोल और ड़ीजल की बढ़ रही कीमतों से परेशान राज्यवासियों को नीतीश सरकार ने मंगलवार को रहात प्रदान की। राज्य में डीजल पर वैट 19 फीसद से घटाकर 16.37 प्रतिशत और पेट्रोल पर वैट २६ से घटाकर २३.५८ प्रतिशत करने का फैसला किया गया है। मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगा दी गयी। बैठक में २२ प्रस्तावों को मंजूरी प्रदान की गयी। राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक के बाद मंत्रिमंड़ल सचिवालय के अपर मुख्य सचिव संजय कुमार ने बताया कि बिहटा के कन्हौली में पाटली बस स्टैंंड बनाने के लिए ५० एकड जमीन के अधिग्रहण के प्रस्ताव को मंजूरी दी गयी है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार जल्द ही ७५० एंबुलेंस की भी खरीद करेगी। संजय कुमार ने बताया कि अनुसूचित जाति एवं जनजाति कल्याण को चालू वित्तीय वर्ष के लिए राज्यांश मद में १८ करोड़़ ९८ लाख ८६ हजार रुपये की स्वीकृति दी गयी है। उन्होंने बताया कि वाहनों के स्थानांतरण में होने वाली कठिनाइयों को दूर करने के लिए अधिनियम में संशोधन के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गयी है। इससे एक राज्य से दूसरे राज्य में काम करने वाले लोगों को अब वाहनों के स्थानांतरण में परेशानी नहीं होगी। संजय कुमार ने बताया कि बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) के अधीन पूर्व से सृजित राजपत्रित या अराजपत्रित पदों में से १५ राजपत्रित/अराजपत्रित पदों को प्रत्यर्पित करते हुए कुल ६९ अन्य पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई है। उन्होंने बताया कि मुजफ्फरपुर में संचालित मुजफ्फरपुर इंस्टीच्यूट ऑफ टेकनोलॉजी में ४ वर्षीय बीफार्म पाठ्यक्रम के लिए १२ शैक्षणिक पदों (प्राध्यापक के ४‚ सह प्राध्यापक के ३ एवं सहायक प्राध्यापक के ५) तथा ८ गैर–शैक्षणिक पदों (लैब टेकनिशियन के ५‚ तकनीकी सहायक के ३) अर्थात कुल २० अतिरिक्त शैक्षणिक व गैर शैक्षणिक पदों के सृजन की मंजूरीदी गई। इसके साथ ही बिहार अभियंत्रण विश्वविद्यालय के कार्यों के प्रयोजनार्थ प्रारम्भिक रूप से पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों के कुल ३२ पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई। राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालयों एवं राजकीय पोलिटेकनिक व राजकीय महिला पोलिटेकनिक संस्थानों में १६४ स्मार्ट क्लास की स्थापना एवं पांच वर्षों तक अधिष्ठापित उपकरणों के रख रखाव/अनुश्रवण (तकनीकी मानव संसाधन सहित) के लिए बिहार राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम लिमिटेड का सर्विस चार्ज सहित कुल अनुमानित रुपये ७९ करोड़़ ११ लाख की प्रशासनिक स्वीकृति तथा उक्त राशि बिहार राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम लिमिटेड एवं संबंधित संस्थानों को विमुक्त करने की स्वीकृति दी गई।






