शेयर बाजार को बजट बिल्कुल भी पसंद नहीं आ रहा है। लिहाजा, बाजार क्रैश हो गया है। दोपहर 12.21 बजे तक सेंसेक्स 854.29 अंकों (1.04%) की गिरावट के साथ 81,415.49 अंकों पर और निफ्टी 278.30 अंकों (1.10%) के भारी नुकसान के साथ 25,042.35 अंकों पर कारोबार कर रहा है।
बजट के एलानों में एसटीटी को बढ़ाने की घोषणाओं के बाद शेयर बजाार में भारी गिरावट देखने को मिली। सेंसेक्स 12:31 तक 2174.33 अंक गिरकर 80,095.45 अंक पर आ गया।
शेयर बाजार में रिकॉर्ड गिरावट के बाद बड़ी रिकवरी देखी जा रही है। सेंसेक्स अब 2300 अंकों की गिरावट से उबरते हुए 896.27 अंकों की गिरावट के साथ 81,373.51 अंकों पर आ गया है। इसी तरह, निफ्टी 304.70 अंकों (1.20%) के नुकसान के साथ 25,015.95 अंकों पर कारोबार कर रहा है।
FY27 के लिए कैपेक्स 12.2 लाख करोड़ रुपए
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2026-27 के लिए कैपेक्स का टारगेट बढ़ाया है। वित्त वर्ष यानी 2026-27 के लिए इसे बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपए करने का प्रस्ताव रखा गया है। 2025-26 में यह 11.2 लाख करोड़ रुपए था। वहीं 2014-15 में पब्लिक कैपिटल एक्सपेंडिचर महज 2 लाख करोड़ रुपए था।
वित्त मंत्री ने बजट भाषण में कहा कि इससे विकास की रफ्तार बरकरार रहेगी और इंफ्रास्ट्रक्चर, रोजगार और अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
लाइव अपडेट
दोपहर 12.30 बजे के आसपास बीएसई सेंसेक्स 2170.47 अंकों (2.64%) की भारी गिरावट के साथ 80,099.31 अंकों और निफ्टी 604.05 अंकों (2.39%) के नुकसान के साथ 24,716.60 अंकों पर आ गया है।
सरकार द्वारा नारियल, काजू जैसी कीमती फसलों की खेती को सपोर्ट करने के प्रस्ताव के बाद कृषिवल फूड्स के शेयर 5.85% बढ़कर 334 रुपये के हाई पर पहुंच गए हैं।
HAL, BEL, भारत डायनेमिक्स, मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स जैसे तमाम दिग्गज डिफेंस स्टॉक्स में शुरू हुए गिरावट का सिलसिला लगातार गहराता जा रहा है। अब ये शेयर बड़ी गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं।
रेलवे स्टॉक्स में बिकवाली शुरू हो गई है। आईआरएफसी, आरवीएनएल, आईआरसीटीसी, जुपिटर वैगन्स जैसे नामी रेलवे स्टॉक्स में गिरावट बढ़ती जा रही है।
सुबह 11.59 बजे सेंसेक्स 12.43 अंकों (0.02%) की गिरावट के साथ 82,257.35 अंकों पर और निफ्टी 23.55 अंकों (0.09%) के नुकसान के साथ 25,297.10 अंकों पर कारोबार कर रहा था।
निवेशकों के लिए क्या है सलाह
एक्सपर्ट्स निवेशकों को सलाह दे रहे हैं कि वे इस समय क्वालिटी शेयरों पर ध्यान दें। बजट से जुड़े सेक्टर जैसे इंफ्रास्ट्रक्चर, डिफेंस और रेलवे के शेयरों में हलचल तेज रह सकती है। हालांकि, लंबी अवधि के निवेश के लिए लार्जकैप कंपनियों को प्राथमिकता देना सही स्ट्रेटेजी हो सकती है।







