ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने पाकिस्तान पर कड़ा प्रहार करते हुए उसके छह विमान मार गिराए थे. भारत ने पाकिस्तान के जिन विमानों को मार गिराया, उनमें 5 पाकिस्तानी लड़ाकू विमान शामिल थे. इनमें अलावा एक इंटेलिजेंस कलेक्ट करने वाला विमान भी भारतीय सेना ने ढेर किया है.
बेंगलुरु में आयोजित एयर चीफ मार्शल एलएम कात्रे व्याख्यान में भारतीय वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने शनिवार को यह बड़ा खुलासा किया. उन्होंने बताया कि हाल ही में भारतीय वायुसेना में शामिल हुआ S-400 एयर डिफेंस सिस्टम इस ऑपरेशन में गेम-चेंजर साबित हुआ. पाकिस्तान के विमानों को 300 किलोमीटर की दूरी से सटीक निशाना बनाया गया. यही नहीं, S-400 की वजह से पाकिस्तानी वायुसेना अपने लंबी दूरी के ग्लाइड बम का इस्तेमाल तक नहीं कर पाई.
हमला रोकने की गुहार लगाने लगा पाकिस्तान
एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने कहा, ‘बहुत स्पष्ट राजनीतिक इच्छाशक्ति और निर्देश हमें मिले थे. हम पर कोई प्रतिबंध नहीं था, पूरी आज़ादी दी गई थी कि हम योजना बनाकर उसे अंजाम दें. पाकिस्तान ने इस कार्रवाई के बाद DGMO स्तर पर आकर बातचीत की इच्छा जताई.’
भारतीय वायुसेना ने 7 मई को सभी पांच पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों और एक AEW&C/ELINT विमान को निशाना बनाया. खुफिया इनपुट्स के आधार पर जैकोबाबाद एयरबेस पर खड़े कुछ विमानों पर हमला किया गया, जबकि बोलारी एयरबेस पर मौजूद AEW&C/ELINT विमान को सटीक हमले में ध्वस्त किया गया. यह विमान पाकिस्तान की हवाई निगरानी और खुफिया तंत्र का अहम हिस्सा था.
पहलगाम हमले का जवाब
यह कार्रवाई उस पहलगाम हमले के बाद हुई, जिसमें पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) के आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर में 26 निर्दोष पर्यटकों की हत्या कर दी थी. भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान के भीतर और पीओके में आतंकी ठिकानों को नेस्तनाबूद किया. इस हमले में सौ से अधिक आतंकी मारे गए, जबकि पाकिस्तान के कई एयरबेस और एयर डिफेंस सिस्टम भी नष्ट कर दिए गए.
ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान न केवल सैन्य मोर्चे पर पीछे हटा बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी अलग-थलग पड़ गया. भारत ने सबूतों के साथ यह सिद्ध किया कि TRF, लश्कर-ए-तैयबा का ही मुखौटा है. संयुक्त राष्ट्र ने इस तथ्य को मान्यता दी और अमेरिका ने TRF को आधिकारिक तौर पर आतंकी संगठन घोषित किया.







