केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के द्वारा बिहार में एनडीए के सीएम फेस को लेकर दिए गए बयान से सियासी हलचल तेज है. सीएम फेस के मुद्दे पर बिहार NDA में संकट गहरा रहा है. सवाल उठ रहा है कि क्या जदयू की बेचैनी बढ़ी हुई है? जदयू एमएलसी एवं पार्टी के बड़े अल्पसंख्यक चेहरे खालिद अनवर ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में अमित शाह के बयान पर कहा है कि ‘कौन साहब क्या बोल रहे हैं? इसकी परवाह हमें नहीं है, न हम चिंता करते हैं.’
खालिद अनवर ने कहा कि PM मोदी ने बिहार में पिछले 6 महीने में चार बार अपने मंच से घोषणा की है कि नीतीश कुमार मुख्यमंत्री चेहरा हैं. लेकिन, उनके डिप्टी कह रहे हैं की CM चेहरा बाद में तय होगा, तो प्रधानमंत्री यह समझें और अपने डिप्टी को समझाएं कि आप क्या बयानबाजी कर रहे हैं और क्या घोषणा कर रहे हैं? अमित शाह क्यों इस तरह की बातें कर रहे हैं? यह BJP को तय करना है. अमित शाह कोई छोटे नेता नहीं हैं. जदयू का क्लियर स्टैंड है कि NDA के नेता नीतीश कुमार हैं. वहीं सरकार बनने पर मुख्यमंत्री बनेंगे.
जवाब देने को नहीं थे तैयार- खालिद अनवर
उन्होंने आगे कहा कि अगर इस पर किसी को संदेह है तो अपना संदेह दूर कर ले. चिराग पासवान, जीतन राम मांझी, उपेंद्र कुशवाहा एनडीए मैं हैं और यह लोग ऐलान कर चुके हैं कि नीतीश मुख्यमंत्री चेहरा हैं. वही मुख्यमंत्री बनेंगे. प्रधानमंत्री ने चार बार ऐलान किया. अमित शाह को संदेह है तो PM से सवाल करें कि आपने क्यों नीतीश को लेकर घोषणा की? जब एबीपी न्यूज़ ने खालिद अनवर से पूछा कि पीएम ने तो अब तक एक बार भी ऐलान नहीं किया कि नीतीश सीएम फेस हैं और वही सीएम होंगे? इस पर वह जवाब देने को तैयार नहीं थे.
जदयू प्रवक्ता अभिषेक झा ने कहा है कि अमित शाह के बयान का एनालिसिस किया जा रहा है. लिखित फॉर्मेट में जवाब है. किसी पार्टी या व्यक्ति विशेष में हैसियत नहीं होती है किसी को मुख्यमंत्री बनाने की. जनता तय करती है. नीतीश CM फेस हैं. वही मुख्यमंत्री बनेंगे. महागठबंधन में चेहरा फाइनल नहीं है. तेजस्वी के नाम पर कांग्रेस सहमत नहीं हैं यह RJD देखे. इससे पहले जदयू के विधान पार्षद गुलाम गौस ने अमित शाह पर उनके बयान को लेकर निशाना साधा था.
‘जदयू का सफाया तय है’
RJD के प्रधान महासचिव एवं विधायक रणविजय साहू ने कहा कि जदयू BJP के जाल में फंस गई है. BJP का चाल चरित्र चेहरा जनता जानती है. अपने सहयोगी दलों को लील जाती है. विधानसभा चुनाव के बाद नीतीश को BJP अब ढोने वाली नहीं है. BJP धोखा देने का काम करती है. जदयू का सफाया तय है. हमारी लड़ाई BJP से है. नीतीश को साथ नहीं लेंगे. वह एक्सपायरी दवा हैं.
बता दें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पिछले हफ्ते अंग्रेजी अखबार को इंटरव्यू दिया. उनसे सवाल पूछा गया कि NDA का मुख्यमंत्री चेहरा कौन है? इस पर अमित शाह ने जवाब दिया कि समय बताया कि बिहार का अगला CM कौन होगा. हालांकि, उन्होंने यह साफ किया कि बिहार चुनाव नीतीश के मुख्यमंत्री रहते ही लड़ा जाएगा. पिछले हफ्ते ही उन्होंने एक हिन्दी दैनिक अखबार को इंटरव्यू दिया.
अमित शाह से पूछा गया कि नीतीश को सीएम चेहरा नहीं बनाने को लेकर विपक्ष सवाल उठा रहा है? इसपर उन्होंने जवाब दिया की यह हर चुनाव में होता है कि इसको घोषित नहीं करते हो, उसको घोषित नहीं करते हो. वो हम अपने हिसाब से करते हैं. इसमें खबर क्या है? अब उनके बयानों के कई तरह के मायने निकाले जा रहे हैं.







