पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर शनिवार को जानलेवा हमला हुआ. चुनावी रैली में उन पर अचानक ताबड़तोड़ गोलियां चलने लगी. एक गोली उनके कान के पास से गुजर गई. वे खून से लथपथ हो गए. बाद में ये खबर सामने आई कि हमलावार को ढेर कर दिया गया है. अब इस घटना का नया वीडियो सामने आया है. इसमें शूटर ने कहां से गोली चलाई, उस जगह को देखा जा सकता है. अमेरिकी सीक्रेट सर्विस ने एक्स पर लिखा कि ये हत्या का प्रयास था. इस हत्या में रैली स्थल के बाहर एक ऊंचे मंच से गोलियां चलाई गईं.
BNO न्यूज की ओर से एक वीडियो शेयर किया गया है. इस वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि शूटर ने कहां से ट्रंप पर हमला किया. बताया जा रहा है कि ट्रंप पर एक इमारत की छत से गोलीबारी हुई. यह जगह वीडियो में देखी जा सकती है. वीडियो में आप देख सकते हैं कि पास की इमारत की छत पर हमलावर ढेर पड़ा है. इसके बाद ट्रंप की रैली में भगदड़ मच गई. सीक्रेट गार्ड ने आनन फानन में ट्रंप को मंच से उतार दिया. इस घटना में ट्रंप को भी चोट आई है. उन्होंने बताया कि कान के निचले भाग में गोली लगी. उनके कान से खून निकलते देखा गया.
राइफल के साथ छत पर रेंगते दिखा
कई प्रत्यक्षदर्शियों ने इस घटना के बारे में बताया. एक शख्स का कहना है कि ‘उसने शूटर को कुछ मिनटों तक राइफल के साथ छत पर रेंगते हुए देखा था. वहीं पुलिस और सीक्रेट सर्विस ने शूटर को पहले पहले सीरियसली नहीं लिया. मगर जैसे ही ये घटना घटी, सीक्रेट सर्विस ने उसे ढेर कर दिया.’
रिपब्लिकन और डेमोक्रेट्स ने की निंदा
प्रमुख रिपब्लिकन और डेमोक्रेट्स ने हिंसा की निंदा की. आपको बता दें कि अमेरिका में 5 नवंबर को राष्ट्रपति चुनाव होने हैं. ट्रंप और राष्ट्रपति जो बाइजन एक फिर आमने सामने हैं. प्रवक्ता स्टीवन चेउंग ने एक बयान में कहा, “राष्ट्रपति ट्रंप ने इस जघन्य कृत्य को लेकर त्वरित कार्रवाई पर प्रतिक्रियाकर्ताओं का आभार व्यक्त किया है. उन्होंने कहा, स्थानीय चिकित्सा सुविधा में उनकी जांच हो रही है. ज्यादा जानकारी बाद में दी जाएगी.”
ट्रंप पर हमले से निराश हुए भारतीय मूल के अमेरिकी
भारतीय मूल के अमेरिकियों ने रिपब्लिकन पार्टी से राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप पर हुए हमले की निंदा करते हुए इसे अमेरिकी लोकतंत्र के इतिहास का एक ‘काला अध्याय’ करार दिया। पेनसिल्वेनिया के बटलर में एक चुनावी रैली के दौरान पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप (78) पर एक संदिग्ध व्यक्ति ने गोली चलाई, जो उनके दाहिने कान के ऊपरी हिस्से में लगी। भारतीय-अमेरिकी समुदाय के प्रख्यात नेता डॉ. भरत बरई ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘हमें पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप पर हुए हमले की जानकारी मिली। यह बहुत दुखद है और लोकतंत्र में इस तरह की हिंसा की उम्मीद नहीं की जाती।
बरई ने कहा, ‘लोगों के विचार अलग-अलग होते हैं, उनके राजनीतिक और आर्थिक विचार भी अलग-अलग होते हैं। उन्हें अपने विचारों को मतदान के जरिए व्यक्त करना चाहिए।’ ‘सिख अमेरिकन्स फॉर ट्रंप’ के अध्यक्ष जसदीप सिंह जस्सी ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘यह अमेरिका के लोकतंत्र में एक काला अध्याय है।’ उन्होंने कहा, ‘हम उनकी सुरक्षा और स्वस्थ होने की कामना करते हैं। हम इस कृत्य की निंदा करते हैं और अमेरिका से राष्ट्रपति ट्रंप के समर्थन में एकजुट होने की अपील करते हैं। वाहेगुरु जी ट्रंप और अमेरिका की रक्षा करें।’
क्या बोले बाइडन की पार्टी के लोग?
डेमोक्रेटिक पार्टी के उप राष्ट्रीय वित्त प्रमुख एवं राष्ट्रपति जो बाइडन के प्रबल समर्थक अजय भूटोरिया ने कहा, ‘हमले के सभी पहलुओं और विवरणों की गहन जांच की जानी चाहिए। क्या इस हमले के पीछे किसी विदेशी संगठन का हाथ है, जिसका मकसद अलग-अलग राजनीतिक विचार रखने वाले अमेरिकियों के बीच मतभेद और विभाजन पैदा करना है, ताकि हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा पहुंचाया जा सके।’ न्यूयॉर्क स्थित रियल एस्टेट निवेशक और ट्रंप के परिवार के मित्र अल मेसन ने कहा, ‘रिपब्लिकन पार्टी से राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप पर हुआ हमला उन्हें फिर से राष्ट्रपति बनने से नहीं रोक सकता।’
अमेरिकी लोकतंत्र पर हमला
‘हिंदुज4ट्रंप’ ने कहा कि वे ट्रंप और उनके परिवार तथा लोकतांत्रिक मूल्यों के साथ एकजुटता से खड़े हैं और इस मूर्खतापूर्ण हिंसा की निंदा करते हैं। इसने कहा कि नफरत के लिए कोई जगह नहीं है। ट्रंप के साथ अपनी एकजुटता व्यक्त करते हुए संगठन ने कहा, ‘यह सिर्फ राष्ट्रपति ट्रंप पर हमला नहीं है, बल्कि अमेरिका में लोकतंत्र पर हमला है!’ अटलांटा के ‘यूनाइटेड स्टेट्स हिंदू अलायंस’ के अध्यक्ष गोकुल कुन्नथ ने कहा, ‘पूर्व राष्ट्रपति पर किया गया हमला हमारे लोकतंत्र का एक काला अध्याय है। यह एक दुखद घटना है।’







