बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) और शिक्षा विभाग के बीच मंगलवार को अहम बैठक हुई‚ जिसमें राज्य में चल रही शिक्षक भर्ती प्रक्रिया को लेकर कई बडे फैसले लिये गये। लिये गये फैसलों के मुताबिक‚ डीएलएड का रिजल्ट १४ सितम्बर को जारी होगा। बैठक में यह भी फैसला लिया गया कि प्राथमिक शिक्षकों की नियुक्ति के लिए हुई परीक्षा में जो बीएड धारी अभ्यर्थी शामिल हुए हैं‚ उनका रिजल्ट जारी नहीं किया जायेगा।
इस फैसले से करीब ३.९० लाख बीएड़ धारी अभ्यर्थियों को बडा झटका लगा है। इससे अब साफ हो गया है कि अब बीएड़ धारी अभ्यर्थी फिलहाल प्राथमिक शिक्षक नहीं बन सकेंगे। उल्लेखनीय है कि राजस्थान में शिक्षक बहाली के मामले में हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने फैसला दिया था कि सिर्फ बीटीसी या ड़ीएलएड़ डि़ग्री वाले ही एक से लेकर पांचवीं कक्षा तक पढ़ाने के लिए पात्र होंगे। समझा जाता है कि न्यायालय के इस फैसले के आलोक में ही यह निर्णय लिया गया है। बैठक में प्राथमिक कक्षा से लेकर प्लस टू तक के लिए दूसरे चरण की बहाली की प्रक्रिया अक्टूबर माह से शुरू करने का फैसला लिया गया। अक्टूबर में दूसरे चरण के लिए शिक्षक बहाली का विज्ञापन जारी किया जायेगा‚ जबकि परीक्षा नवम्बर माह में होगी। दरअसल‚ प्रदेश में १.७० लाख स्कूली शिक्षकों की बहाली हो रही है। इसके लिए परीक्षा की प्रक्रिया हो चुकी है। कक्षा १ से ५ तक की शिक्षक बहाली परीक्षा का परिणाम १४ सितम्बर को जारी करने का फैसला किया गया है। वहीं‚ शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया के लिए दस्तावेज सत्यापन का काम पूरा हो चुका है। हालांकि‚ आयोग ने रिजल्ट जारी करने की समय–सीमा आधिकारिक तौर पर तय नहीं की है। गौरतलब हो कि बीपीएससी के चेयरमैन अतुल प्रसाद ने पिछले दिनों कहा था कि कक्षा ९ से १२ तक के कई विषयों में रिक्तियों की तुलना में अभ्यर्थियों की संख्या कम है। निर्धारित रिक्तियों के ७५ प्रतिशत तक रिजल्ट देने की तैयारी है। वैसे कक्षा ९ से १२ तक शिक्षक भर्ती परीक्षा का रिजल्ट २५ सितम्बर तक जारी होगा।







