राज्य में पंचायत चुनाव अब ११ चरणों में होंगे। इसकी अधिसूचना २४ अगस्त को जारी की जायेगी। राज्य सरकार ने कोरोना महामारी के कारण समय से नहीं हो सके त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को संक्रमण की रफ्तार थम जाने के बाद अब ११ चरणों में संपन्न कराने का निर्णय लिया है। यह फैसला मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिपरिषद की बैठक में लिया गया। बैठक में १७ एजेंड़ों पर मुहर लगी है। मंत्रिपरिषद में जो अन्य अहम फैसले लिये गये‚ उनके मुताबिक राज्य में ३ नए कृषि महाविद्यालयों की स्थापना होगी। इसके अलावा राज्य के सभी वेतनभोगी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के दैनिक भत्ते में ११ऽ की बढोतरी करने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गयी। साथ ही राज्य के सभी प्राथमिक विद्यालयों में प्रधान शिक्षकों नियुक्ति करने तथा हाईस्कूलों के शिक्षकों का तबादला करने के नियम भी तय करने का फैसला लिया गया है। बैठक के बाद मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय कुमार ने बताया कि प्रदेश में वर्ष २०१६ में पंचायतों एवं ग्राम कचहरियों के आम चुनाव द्वारा गठित त्रिस्तरीय पंचायतों एवं ग्राम कचहरियों की कार्य अवधि जून २०२१ में समाप्त हो गई है। उन्होंने बताया कि राज्य में पंचायतों एवं ग्राम कचहरियों का गठन किया जाना आवश्यक है। अपर मुख्य सचिव ने बताया कि इसके मद्ेनजर बिहार राज्य निर्वाचन आयोग की अनुशंसा के आलोक में राज्य में त्रिस्तरीय पंचायतों एवं ग्राम कचहरियों के विभिन्न पदों के लिए ११ चरणों में मतदान संपन्न कराए जायेंगे। चुनाव की अधिसूचना २४ अगस्त २०२१ को जारी कर दी जाएगी। उन्होंने बताया कि पहले चरण का मतदान २४ सितम्बर‚ दूसरे चरण का २९ सितम्बर‚ तीसरे चरण का ८ अक्टूबर‚ चौथे चरण का २० अक्टूबर‚ पांचवें चरण का २४ अक्टूबर‚ छठे चरण का ३ नवम्बर‚ सातवें चरण का १५ नवम्बर‚ आठवें चरण का २४ नवम्बर‚ नौवें चरण का २९ नवम्बर‚ दसवें चरण का ८ दिसम्बर और ११वें चरण का मतदान १२ दिसम्बर को होगा।
इस बार का पंचायत चुनाव है खास
इस बार का होने वाला पंचायत चुनाव कई मायनों में खास होगा. पहली बार पंचायत चुनाव में EVM मशीन का प्रयोग बिहार में किया जा रहा है. पंचायत चुनाव में कुल 6 पदों के लिए चुनाव होगा, जिसमें चार पदों पर EVM से जबकि 2 पदों के लिए बैलेट पेपर से चुनाव कराया जाएगा. जिला परिषद सदस्य, पंचायत समिति सदस्य, ग्राम पंचायत, मुखिया का चुनाव EVM मशीन और पंच एवं सरपंच का चुनाव बैलट पेपर के जरिये कराया जाएगा.
दशहरा, दीपावाली और छठ पर्व में नहीं होगा मतदान
पंचायत चुनाव को लेकर जो कैलेंडर तैयार किया गया है, उसमें चुनाव के बीच होने वाले पर्व की छूट दी गई है, ताकि लोगों को परेशानी न हो. 12 अक्टूबर को दुर्गा पूजा की सप्तमी है, जबकि 15 अक्टूबर को विजयादशमी मनाया जाएगा. इसे देखते हुए 20 अक्टूबर और 24 अक्टूबर को चुनाव की तारीख तय की गई है. 19 अक्टूबर को ईद जबकि 4 नवंबर को दीपावली, 5 नवंबर को गोवर्धन पूजा और 6 नवम्बर को भैया दूज का पर्व है, इसलिए दीपावली से ठीक एक दिन पहले 3 नवम्बर को छठे चरण का मतदान है.







