पूरा बिहार इन दिनों कोहरे की सफेद चादर से ढका हुआ है. मंगलवार से अचानक हुए मौसम के इस बदलाव ने लोगों को परेशानी में डाल दिया है. पछुआ हवा की रफ्तार धीमी होते ही कोहरे का स्तर अचानक बढ़ गया और देखते ही देखते पूरा बिहार कोहरे में समा गया. उत्तर बिहार खास तौर पर हिमालय के तराई वाले जिलों में बेहद घना कोहरा देखा जा रहा है. अब इसमें कोल्ड डे का भी तड़का लगने वाला है. पटना स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक कुमार गौरव के अनुसार आज भी घने स्तर का कोहरा कई जिलों में देखा जा रहा है साथ ही उत्तर बिहार के कई जिलों में कोल्ड डे भी रहने की संभावना है.
बिहार के 5 जिलों सारण, शिवहर, सीतामढ़ी, मधुबनी और पूर्वी चंपारण में कोल्ड-डे को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, 16 जिलों में घने कोहरे का अलर्ट है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, अगले 2 दिनों तक प्रदेश के अधिकतर हिस्सों में घने कोहरा छाए रहने की संभावना है।
राज्य के अधिकतर जिलों का न्यूनतम तापमान 10-14 डिग्री सेल्सियस के बीच और अधिकतम तापमान 18-22 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। इसके अलावा राज्य में बारिश की भी संभावना बनी हुई है। मौसम विज्ञान केंद्र ने 27 जनवरी को हल्की बारिश की संभावना है।
प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में तापमान में उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। आलम यह है कि गया में रात का पारा 10 डिग्री तक लुढ़का तो दिन का पारा 27.3 डिग्री तक चढ़ा। पटना सहित कई जिलों में कोल्ड-डे की स्थिति बनी रही। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार राज्य में 31 जनवरी तक ठंड से राहत की कोई संभावना नहीं है।
पश्चिमी विक्षोभ के कारण बढ़ी ठंड
राज्य के कई जिलों में पश्चिमी विक्षोभ के कारण नमी की मात्रा अचानक बढ़ गई है, जिसके कारण कई जिलों में घना कोहरा छा रहा है। इससे अधिकतर जगहों पर गुरुवार को कोल्ड-डे की स्थिति बनी रहेगी। अगले 24 घंटों तक राज्य के अधिकतर हिस्से विशेषकर हिमालय की तराई से सटे क्षेत्र में घने कोहरे छाए रहने की संभावना है।
फिलहाल, मौसम में विशेष परिवर्तन की संभावना नहीं है। कोहरे के कारण धूप का प्रभाव कम होने से ठंड का असर बना रहेगा। अधिकतम तापमान में कमी व न्यूनतम तापमान में वृद्धि बनी रहेगी। बुधवार को पटना समेत अधिसंख्य भागों में सुबह के समय घना कोहरे का प्रभाव बना रहा। पूर्वी चंपारण, सारण, मधुबनी, मोतिहारी, सीतामढ़ी, शिवहर में शीत दिवस कोल्ड डे की स्थिति बनी रही। दिन में धूप नहीं निकलने से ठिठुरन से लोग परेशान रहे। राजधानी समेत आसपास इलाकों में सुबह के समय घने कोहरे के कारण यातयात, ट्रेनों व वायुयानों के परिचालन भी प्रभावित रहे।
डेहरी रहा सबसे ठंडा
पटना का न्यूनतम तापमान में 2.5 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि के साथ 14.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि 8.0 डिग्री सेल्सियस के साथ डेहरी (रोहतास) सबसे ठंडा रहा। राजधानी का अधिकतम तापमान सामान्य से 3.2 डिग्री सेल्सियस 19.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि 27.5 डिग्री सेल्सियस के साथ गया में सर्वाधिक अधिकतम तापमान दर्ज किया गया।
मौसम में आए बदलाव के कारण बुधवार को पटना समेत 18 शहरों के अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई।
प्रमुख शहरों के तापमान में गिरावट
शहर गिरावट तापमान (अधिकतम तापमान डिग्री सेल्सियस में)
पटना 0.4 19.0
अरवल 0.5 15.3
सासाराम 1.5 24.5
बक्सर 2.0 23.9
भोजपुर 3.0 20.5
मुजफ्फरपुर 2.2 14
मोतिहारी 2.8 14.2
मधेपुरा 0.9 14.8
समस्तीपुर 2.0 15.4
बांका 0.6 22.5
फारबिसगंज 2.0 15.4
किशनगंज 0.5 19.0
दरभंगा 2.2 15.5
कोहरे के कारण श्रमजीवी एवं विक्रमशिला एक घंटा विलंबित
उत्तर भारत में भीषण ठंड और घने कोहरे के कारण ट्रेनों का विलंब से परिचालन जारी है। इसका व्यापक प्रभाव यात्रियों पर पड़ रहा है। ट्रेनों का विलंब से परिचालन और ठिठुर रहे यात्रियों को आजकल बेहद परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बुधवार को श्रमजीवी एक्सप्रेस, ब्रह्मपुत्र मेल, विक्रमशिला एक घंटा तक विलंबित रही। इसके अलावा घने कोहरे का प्रभाव अन्य ट्रेनों पर भी देखा गया। अच्छी बात यह रही कि बुधवार को संपूर्ण क्रांति एवं राजधानी एक्सप्रेस समय पर रही। वहीं, लोकमान्य तिलक का परिचालन 25 मिनट विलंबित रहा। घना कोहरा काफी बढ़ जाने के कारण ट्रेनों के परिचालन में विलंब हो रहा है। मौसम में सुधार होते ही ट्रेनों की स्थिति में भी सुधार होने की उम्मीद की जा रही है। खास कर लंबी दूरी की ट्रेनों का परिचालन फिलहाल ज्यादा प्रभावित हो रहा है। पिछले दिनों ट्रेनों का परिचालन बहुत हद तक सुधर गया था, लेकिन दो दिनों से ठंड व कोहरे के कारण इस पर असर पड़ा है।







