देश के पुराने और दिग्गज कारोबारी घराने टाटा समूह को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है. दरअसल इन दिनों अडानी और अंबानी जैसे ग्रुप के आगे अन्य औद्योगिक दिग्गजों का चांस कुछ कम लगता है. फिर चाहे वे दुनिया के धनी लोगों की गिनती में शुमार होना हो या फिर कोई मौक आम तौर पर अडानी और अंबानी पर ज्यादा फोकस रहता है. लेकिन इस बीच रतन टाटा के मालिकाना हक वाली कंपनी टाटा समूह ने एक खास रिकॉर्ड अपने नाम किया है. टाटा ग्रुप ने अडानी और अंबानी जैसे समूहों को भी पीछे छोड़ दिया है. आइए जानते हैं क्या है यह रिकॉर्ड.
देश का पहला कॉर्पोरेट ग्रुप बना टाटा
टाटा समूह ने देश के पहले ऐसे कॉर्पोरेट ग्रुप का तमगा हासिल किया है जिसका मार्केट कैपिटलाइजेशन यानी Market Cap 30 लाख करोड़ रुपए के पार पहुंचा है. मार्केट कैप के मामले में टाटा से आगे फिलहाल कोई नहीं हैं. वहीं देश में दूसरे नंबर की बात करें तो यहां पर मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाला रिलायंस ग्रुप (Reliance Group) काबिज है.
शेयर मार्केट में टाटा की 25 कंपनियां
टाटा समूह के रिकॉर्ड बनाने के पीछे जो सबसे बड़ी वजह है वह यह कि भारतीय शेयर बाजर में उसकी हिस्सेदारी जबरदस्त है. टाटा समूह की कुल 25 कंपनियां भारतीय शेयर बाजार में सूचीबद्ध यानी लिस्टेड हैं. वहीं मार्केट कैपेटलाइजेशन में इस ग्रुप की 5 कंपनियों की ही 80 फीसदी से अधिक हिस्सेदारी भी है. इनमें समूह की सबसे बड़ी कंपनी के रूप में टाटा कंसलटेंसी सर्विसेज यानी TCS सबसे ज्यादा वैल्यूएबल है. इस अकेली कंपनी में हाल में 15 करोड़ रुपए के आंकड़े को एमकैप में पार कर दिया है.
दूसरे और तीसरे पर अंबानी औऱ अडानी
मार्केट कैप की बात करें तो टाटा समूह के बाद दूसरे नंबर पर मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाली रिलायंस ग्रुप काबिज है. इसका मार्केट कैपिटल 21.6 लाख करोड़ रुपए है. जबकि तीसरे नंबर पर गौतम अडानी के समूह अडानी ग्रुप ने कब्जा जमा रखा है. इनका मार्केट कैप 15.5 लाख करोड़ रुपए है.





