बिहार में प्याज की कीमतें आसमान छू रही है। पिछले 10 दिनों में प्याज के दाम में दोगुनी से ज्यादा बढ़ोतरी हुई है। राजधानी पटना के रिटेल मार्केट में प्याज की कीमत बढ़कर 70 से 75 रुपए प्रति किलो तक हो गई है। 18 अक्टूबर को प्याज 28 से 30 रुपए किलो/ प्रति किलो मार्केट में बिक रहा था।
नवरात्रि खत्म होते ही प्याज की कीमतों में उछाल आ गई। सिर्फ पिछले चार दिनों 30 रुपए/प्रति किलो दाम बढ़े हैं। पटना के थोक व्यापारियों की मानें तो आने वाले दिनों में प्याज की कीमत 120 रुपए/किलो तक जा सकती है।
120 रुपए प्रति किलो तक पहुंच सकता है रेट
मीठापुर के मंडी के होलसेल दुकानदार गिरधारी ने बताया – आने वाले सप्ताह में प्याज 120 रुपए किलो तक हो सकते हैं। गजेंद्र ने बताया कि 29 अक्टूबर को यहां प्याज की कीमत 70 रुपए किलो है। कल यह 60 रुपए थी, एक हफ्ते पहले कीमतें 32, 37 और 40 रुपए प्रति किलो तक थीं।
गजेंद्र ने कहा- 18 अक्टूबर को ये कीमत 30 रुपए थी। जहां मंडी में 40 से 50 ट्रक प्याज रोज उतरता है। अब मुश्किल से 22 ट्रक आती हैं। इसका मुख्य कारण है जमाबंदी। बड़े व्यापारी पैसा लगा कर माल रोक लेते हैं। जिससे जरूरत और आवक के रेसियों में अंतर हो जाता है। जिससे दाम का बढ़ना लाजमी है। अगर सरकार जमाखोरी पर लगाम लगाए तो एक हद तक दामों को नियंत्रित कर लिया जाएगा।

इस बार कम हुआ उत्पादन
पटना के किसान राजेश प्रसाद ने बताया कि बारिश समय पर ना होने से बिहार में प्याज का उत्पाद करना पड़ रहा है। देश में सबसे ज्यादा प्याज उत्पादन करने वाले राज्यों जैसे महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, आंध्र प्रदेश और कर्नाटक में सामान्य से कम बारिश के चलते उत्पादन कम हुआ है। साथ ही बेमौसम बरसात के कारण बुआई में भी देरी हुई है। इससे सप्लाई भी देरी से होगी। जब तक नया प्याज आएगा तब तक पुराने प्याजों की कीमते बढ़ती रहेगी।

वहीं प्याज के थोक और खुदरा विक्रेता सुनील प्रसाद ने बताया कि गाड़ी वाले भाड़ा अधिक ले रहें हैं। मंडी में प्याज का भाव बढ़ा हुआ है। मंडी में प्याज 60-65 रुपए/किलो के भाव से मिल रहा है। वहीं बड़े व्यापारी प्याज स्टॉक कर रहे हैं। अगर यही हाल रहा तो छठ तक प्याज का भाव 120 रुपया किलो तक जाने की उम्मीद है।
खुदरा दुकानदार अरविंद गुप्ता का कहना है कि पुराना प्याज अब खत्म होने लगा है। इसीलिए इसका दाम बढ़ रहा है। नया प्याज आने के बाद भाव सही हो जाएगा। नया प्याज दिसंबर के अंत तक आएगा। उसके पहले त्योहार के समय में प्याज का दाम और बढ़ेगा।
150 के पार जा सकती हैं कीमतें
टमाटर के बाद अब प्याज की कीमतें (Onion Prices) लोगों को रुला रही हैं। देशभर में प्याज के भाव बढ़ रहे हैं। कई जगह तो प्याज 100 रुपये किलो तक में बिक रहा है। देश की राजधानी दिल्ली में भी कीमत (Onion Price in Delhi) 80 रुपये पर पहुंच गई है और कभी भी यह 100 रुपये प्रति किलो को टच कर सकती है। फेस्टिव सीजन में प्याज की बढ़ी हुई कीमतों से ऐसे लग रहा है, जैसे दिवाली से पहले ग्राहकों पर प्याज बम फूट गया हो। आने वाले दिनों में प्याज की कीमतों में और बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
150 के पार जा सकती हैं कीमतें
इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स का कहना है कि सरकार की तरफ से मजबूत प्रयास नहीं किये गए तो प्याज की कीमतें आने वाले दिनों में 150 रुपये प्रति किलो को पार कर सकती हैं। दिल्ली-एनसीआर में कई जगहों पर प्याज की रिटेल कीमत शतक लगा चुकी है। दिल्ली में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर प्याज करीब 70 रुपये किलो मिल रहा है। वहीं, लोकल वेंडर 80 रुपये प्रति किलो के भाव से प्याज बेच रहे हैं। गाजीपुर मंडी के एक सब्जी विक्रेता के अनुसार सप्लाई में कमी को पूरा नहीं किया गया, तो कीमतें 100 रुपये प्रति किलो के पार चली जाएंगी।
नोएडा में 100 रुपये किलो प्याज
नोएडा में प्याज का भाव 100 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गया है। नोएडा सेक्टर 88 की थोक मंडी में प्याज की कीमतें 80 रुपये प्रति किलो है। वहीं, रिटेल में यह 100 रुपये प्रति किलो मिल रहा है। गाजियाबाद की बात करें, तो यहां भाव 70-80 रुपये प्रति किलो हैं। एक हफ्ते पहले कीमत 30-35 रुपये किलो थी। आइए कुछ राज्यों में प्याज की एवरेज कीमतें जानते हैं।
राज्य 1 महीने पहले भाव प्रति किलो अभी के भाव प्रति किलो
दिल्ली 38 रुपये 80 रुपये
महाराष्ट्र 30 रुपये 50 रुपये
मध्य प्रदेश 28 रुपये 45 रुपये
बिहार 31 रुपये 42 रुपये
उत्तर प्रदेश 30 रुपये 42 रुपये
राजस्थान 25 रुपये 50 रुपये
क्यों बढ़ रही प्याज की कीमतें?
सप्लाई की कमी के चलते प्याज के भाव बढ़ रहे हैं। महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश जैसे बड़े राज्यों में दिल्ली से पहले जितना प्याज नहीं आ रहा है। व्यापारियों का कहना है कि मुंबई, चेन्नई जैसे बड़े महानगरों में प्याज की सप्लाई बढ़ी है। अनियमित सप्लाई के चलते प्याज की कीमतें बढ़ रही हैं। आजादपुर मंडी में आढ़ती राजेंद्र शर्मा के अनुसार, सामान्य दिनों में मंडी में 1200 से 1500 टन प्याज की आवक होती है। यह अभी घटकर 1000 से 1100 टन के करीब रह गई है।
कब गिरेंगे दाम
प्याज की कीमतें बड़ी गिरावट नई खरीफ फसल के मार्केट में आने के बाद ही आएगी। नई फसल के आने में अभी 2 महीने हैं। इसका मतलब है कि प्याज की कीमतों में दिसंबर तक इजाफा रह सकता है।







