हमारे खिलाड़़ी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतते हैं तो उन्हें बधाई देने वालों की होड़़ लग जाती है। सरकारें‚ नेता‚ खेल अधिकारी उनकी उपलब्धियों का श्रेय लेने में जुट जाते हैं। लेकिन इन सबमें खिलाडि़यों को तैयार करने में जो माद्दा होना चाहिए उसमें भारी आपराधिक लापरवाही दिखाई देती है। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में हो रही एक कबड़्ड़ी प्रतियोगिता में भाग ले रहे जूनियर खिलाडि़यों के साथ जो वाकया पेश आया वह दिल दहला देने वाला है। इन खिलाडि़यों की सेहत से खिलवाड़़ करते हुए एक स्वीमिंग पूल के शौचालय में रखा गया खाना परोसा गया जिसे कोई भी सभ्य व्यक्ति बर्दाश्त नहीं कर सकता। मामले की सूचना मिलने पर जिला खेल अधिकारी को निलंबित कर दिया गया। राज्य सरकार ने जिले के एडीएम वित्त एवं राजस्व को घटना की जांच करने का निर्देश दिया है। खिलाडि़यों का कहना था कि उन्हें आधा पका खाना परोसा जा रहा था‚ जो जगह की कमी के कारण शौचालय में रखा गया था। खेल निदेशालय ने भी घटना पर जिलाधिकारी से जवाब मांगा है। तीन दिवसीय सब–जूनियर गर्ल्स कबड़्ड़ी कॉम्पिटिशन के पहले दिन १६ सितम्बर को खिलाडि़यों को दोपहर के भोजन में आधा पका चावल परोसा गया था‚ जब खिलाडि़यों ने अधपके चावल के बारे में शिकायत की‚ तो रसोइए ने चावल की प्लेट उठाकर शौचालय के अंदर रख दीं। शौचालय के अंदर फर्श पर कागज बिछाकर पूडि़़यां रखी गई थीं। कई खिलाडि़यों ने वे पूडि़यां खाने से इनकार कर दिया और लंच में सिर्फ सब्जियां और सलाद खाया। इस कबड़्ड़ी प्रतियोगिता में ३०० से अधिक लड़कियां भाग ले रही थीं जो कि १७ डि़वीजनों और एक स्पोर्ट्स होस्टल से आई थीं। खिलाडि़़यों के रहने और खाने की व्यवस्था खेल स्टेडि़यम में ही की गई थी। निलंबित अधिकारी ने सफाई दी है कि उसने बारिश हो जाने के कारण यह कदम उठाया था। इस बात को भी किसी के लिए हजम कर पाना मुश्किल है। स्टेडि़यम में जगह की कोई इतनी भी कमी नहीं होती कि टायलेट में खाना पकाने और रखने की जरूरत आन पड़े़। निस्संदेह यह लापरवाही और प्रतियोगिता में भाग लेने आए बच्चों के प्रति जिम्मेदारी में अहसास में कमी दिखाता है। क्या यह अधिकारी अपने खुद के बच्चों कोे टायलेट में रखा गया खाना खाने देगा।
क्या पेपरलीक केवल कानून-व्यवस्था से कहीं अधिक नीतिगत विफलता का परिणाम है ……………….
केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने रविवार को केंद्रीय शिक्षा मंत्री का कार्यभार संभाल लिया। अधिकारियों ने इसकी पुष्टि की। इससे...







