पटना. बिहार चुनाव 2025 के लिए वोटिंग पूरी हो गयी है. अब लोगों को 14 नवंबर को होने वाली मतगणना का इंतजार है. वहीं इसी बीच बिहार चुनाव परिणाम से बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना के अलग-अलग धार्मिक स्थलों पर पहुंचे. सीएम नीतीश कुमार बुधवार को पहले पटना जंक्शन के पास स्थित प्रसिद्ध महावीर मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना की. इस दौरान उन्होंने किशोर कुणाल की प्रतिमा पर भी माल्यार्पण किया. उनके साथ बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी और विजय चौधरी भी साथ मौजूद थे.
वहीं इसके बाद नीतीश कुमार पटना हाईकोर्ट मजार पहुंचे और इबादत की. इस दौरान उनके साथ कई अधिकारी और कैबिनेट मंत्री भी मौजूद थे. वहीं इसके बाद सीएम नीतीश कुमार पटना साहिब गुरुद्वारा पहुंचे. दरअसल बिहार विधानसभा चुनाव के रिजल्ट से पहले नीतीश कुमार चुनाव भक्ति वाले रंग में दिखे. बताया जा रहा है कि एग्जिट पोल में एनडीए की जीत और जेडीयू को मिल रही बढ़त को देखते हुए नीतीश कुमार गदगद हैं. ऐसे में सीएम अलग-अलग धार्मिक स्थलों पर पहुंचे और ईश्वर से प्रार्थना की और धन्यवाद दिया.
बिहार चुनाव परिणाम से बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना के अलग-अलग धार्मिक स्थलों पर पहुंचे.
वहीं इस बीच जेडीयू के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट शेयर किया गया. इस पोस्ट में लिख गया- खत्म होने को है इंतजार, 14 नवंबर को आ रही है आपकी NDA सरकार. दरअसल बिहार चुनाव को लेकर मंगलवार शाम से जैसे ही एग्जिट पोल सामने आने शुरू हुए , वैसे ही जेडीयू के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जेडीयू को मिली अधिक सीटों के दिये जनता का धन्यवाद दिया गया. वहीं नीतीश कुमार ने भी धार्मिक स्थलों पर पहुंचकर लोगों के बीच एक मैसेज देने का काम किया है. नीतीश कुमार की बॉडी लैंगवेज से भी यह पता चल रहा है कि बिहार चुनाव के एग्जिट पोल से वह काफी गदगद हैं. वहीं नीतीश कुमार के साथ मौजूद रहे मंत्री विजय चौधरी ने पटना में प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि बिहार की जनता का धन्यवाद. मुख्यमंत्री ने आज ईश्वर के प्रति आभार प्रकट किया. बिहार चुनाव शांति पूर्ण और निर्विवाद हुए इसको लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार की जनता और ईश्वर के प्रति आभार जताया. इसीलिए वह अलग-अलग धार्मिक स्थलों पर पहुंचे और बिहार के लोगों के अच्छे भविष्य के लिए प्रार्थना की.
विजय चौधरी ने कहा कि शुरुआत में ऐसा लगा कि SIR के जरिए चुनाव को दूषित करने की कोशिश की गई है, लेकिन, तमाम आरोपों के बावजूद SIR का काम सुचारू रूप से हुआ और नई मतदाता सूची का प्रकाशन भी हुआ. इसके बाद आरोप एक-एक करके मिटते गए. विपक्ष को भी अहसास हो गया था कि उनके आरोपों में कोई दम नहीं था, इसलिए उनका दाल नहीं गला. बड़े पैमाने पर वोटिंग इस बात का संकेत है कि मतदाता जागरूक हैं और उन्होंने अपने मताधिकार का प्रयोग किया.
विजय चौधरी ने एग्जिट पोल पर बयान दिया कि केंद्र और बिहार सरकार ने जनकल्याण का काम किया, जिसका असर साफ दिखाई दे रहा है. कहीं से भी सरकार के खिलाफ कोई शिकायत नजर नहीं आई. 20 साल सरकार में रहने के बाद भी सरकार के खिलाफ कोई शब्द नहीं सुनाई पड़ा, जो वाकई बड़ी बात है. तेजस्वी के आरोप पर विजय चौधरी ने कहा कि चाहे नेता विरोधी दल कोई भी आरोप लगाए, इसका अब कोई फायदा नहीं है. जनता ने अपना फैसला सुना दिया है.
समाज के किसी भी तबके में कोई उपेक्षा या नाराजगी का भाव लोकतंत्र के लिए शुभ नहीं………
UGC की नई नियमावली ने देश सहित बिहार की राजनीति में उबाल ला दिया है। अपर कास्ट के बढ़ते आक्रोश...







