संसद का मॉनसून सत्र 21 जुलाई से आरंभ हो रहा है और 21 अगस्त तक चलेगा. इस दौरान 21 बैठकें होंगी. 13 अगस्त से 17 अगस्त तक संसद के दोनों सदनों की कोई बैठक नहीं होगी. सरकार इस सत्र में आठ नए बिल लाने जा रही है. इसके अलावा इनकम टैक्स बिल भी इस सत्र में पारित कराने का प्रयास होगा. मणिपुर में राष्ट्रपति शासन को बढ़ाए जाने के प्रस्ताव को भी इस सत्र में मंजूरी दी जाएगी.
‘SIR’ को लेकर हंगामा होने की संभावना
लेकिन ये सत्र बिहार की मतदाता सूची के रिवीजन को लेकर चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘SIR’ को लेकर हंगामेदार होने की संभावना है. बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले होने वाले इस सत्र का इस्तेमाल विपक्ष मतदाता सूची को लेकर चुनाव आयोग और सरकार को कठघरे में खड़ा करने में करेगा.
ऑपरेशन सिंदूर, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की मध्यस्थता पर विपक्ष हमलावर
ऑपरेशन सिंदूर को लेकर भी विपक्ष सरकार पर हमलावर है. वैसे तो विदेशी समर्थन जुटाने के लिए कई देशों में गए प्रतिनिधिमंडलों में सर्वदलीय एकता दिखी थी, लेकिन विपक्ष के मन में कई सवाल हैं. खासकर सीडीएस के बयान के बाद भारत को हुए नुकसान और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के मध्यस्थता के अनगिनत दावों के बाद विपक्ष ज्यादा आक्रामक है. सरकार पहलगाम आतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर को लेकर चर्चा के लिए तैयार रहने की बात कह चुकी है. माना जा रहा है कि अगस्त के दूसरे सप्ताह में ऑपरेशन सिंदूर पर संसद के दोनों सदनों में चर्चा हो सकती है, जिसमें पक्ष और विपक्ष आमने-सामने खड़े नजर आएंगे.
हालांकि एक ऐसा मुद्दा है जिस पर पक्ष और विपक्ष साथ आ सकते हैं. वो है दिल्ली हाई कोर्ट के पूर्व जस्टिस यशवंत वर्मा को हटाने का प्रस्ताव. सरकार ने इसके लिए विपक्ष से संपर्क साधा है और विपक्ष ने साथ देने का भरोसा दिया है. लोक सभा के 100 सांसदों के हस्ताक्षर जुटाए जा रहे हैं और जस्टिस वर्मा को हटाने का प्रस्ताव रखा जा सकता है. इसके बाद स्पीकर एक जांच कमेटी के गठन को हरी झंडी दे सकते हैं. वैसे विपक्ष ये भी कह रहा है कि लगे हाथ इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस शेखर यादव को हटाने के प्रस्ताव पर भी विचार किया जाए.
आठ नए बिल हो सकते हैं पास
सरकार ने अपने एजेंडे में आठ नए बिल शामिल किए हैं. नेशनल स्पोर्ट्स गवर्नेंस बिल और नेशनल एंटी डोपिंग संशोधन बिल लाए जाएंगे. खेल संगठनों में सुशासन लाने और विवादों को निपटाने का तंत्र बनाने का प्रावधान किया जाएगा. माइन्स एंड मिनरल्स संशोधन बिल, जिओ हैरिटेज साइट्स एंड जिओरेलिक्स प्रिजर्वेशन एंड मेटेंनेंस बिल, आईआईएम संशोधन बिल भी लाए जा रहे हैं. इनके अलावा मणिपुर जीएसटी संशोधन बिल, टैक्सेशन संशोधन बिल और जनविश्वास संशोधन बिल भी पेश किए जाएंगे. इनके अलावा आठ बिल लंबित हैं, जिन्हें सरकार इस सत्र में पारित कराने का प्रयास करेगी. इनमें इनकम टैक्स बिल 2025, इंडियन पोर्ट्स बिल आदि शामिल हैं.
सरकार का सीक्रेट एजेंडा?
इस सत्र में सरकार का क्या कोई अलग एजेंडा भी है, जो उसने अंतिम सप्ताह के लिए सुरक्षित रखा है? ये प्रश्न भी राजनीतिक गलियारों में पूछा जा रहा है. क्या बिहार विधानसभा चुनाव के लिए सरकार कोई धमाका कर सकती है. ये सवाल इसलिए उठ रहा है क्योंकि पहले मॉनसून सत्र का संभावित समापन 13 अगस्त को था, लेकिन नए कार्यक्रम के अनुसार सरकार ने इसे 21 अगस्त को समाप्त करने का फैसला किया है. हालांकि 12 से 18 अगस्त तक बैठक नहीं होगी, लेकिन क्या अंतिम चार दिनों में सरकार कोई महत्वपूर्ण बिल ला सकती है, इस पर कयास लगाए जा रहे हैं.
कौन से बिल होंगे पेश?
संसद के आगामी मॉनसून सत्र में केंद्र सरकार द्वारा ये बिल लोकसभा में पेश करने और पारित करने के लिए लाए जाने की उम्मीद है-:
- मणिपुर GST (संशोधन) विधेयक 2025
- जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) विधेयक 2025
- भारतीय प्रबंधन संस्थान (संशोधन) विधेयक 2025
- टैक्सेशन लॉ (संशोधन) विधेयक 2025
- भू-विरासत स्थल एवं भू-अवशेष (संरक्षण एवं रखरखाव) विधेयक 2025
- खान एवं खान (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक 2025
- राष्ट्रीय खेल प्रशासन विधेयक 2025
- राष्ट्रीय एंटी डोपिंग (संशोधन) विधेयक 2025
इन बिल को लोकसभा में पारित किए जाने की उम्मीद
- गोवा राज्य के विधानसभा क्षेत्रों में अनुसूचित जनजातियों के प्रतिनिधित्व का पुनर्समायोजन विधेयक 2024
- मर्चेंट शिपिंग विधेयक 2024
- भारतीय बंदरगाह विधेयक 2025
- आयकर विधेयक 2025
क्या है मॉनसून सत्र का शेड्यूल?
संसद का मॉनसून सत्र 21 जुलाई से 2025 से शुरू होने जा रहा है। ये सत्र 21 अगस्त तक चलेगा। आपको बता दें कि मॉनसून सत्र पहले 12 अगस्त को खत्म होने वाला था। हालांकि, सरकार ने इसे एक हफ्ते के लिए बढ़ा दिया है। सत्र के दौरान कई अहम बिल पेश होने की उम्मीद है। वहीं, दूसरी ओर कांग्रेस समेत तमाम विपक्षी दल भी मॉनसून सत्र में कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में हैं। इनमें बिहार में विशेष मतदाता सूची संशोधन, ऑपरेशन सिंदूर और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दावे प्रमुख हो सकते हैं। कांग्रेस संसदीय दल की नेता सोनिया गांधी ने बीते 15 जुलाई को मानसून सत्र के लिए पार्टी की रणनीति तय करने के लिए एक अहम बैठक भी बुलाई थी।







