बिहार केशरी श्रीकृष्ण सिंह की 136वीं जयंती पर कांग्रेस मुख्यालय सदाकत आश्रम में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में राजद के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालू यादव शामिल होंगे। वे 8 साल बाद सदाकत आश्रम में शिरकत करेंगे। इससे पहले 2015 में विशुनदेव बाबू की पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में पहुंचे थे। कांग्रेस के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव को भी आमंत्रित किया गया है।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह ने तय किया कि इस साल सदाकत आश्रम में ही श्री बाबू की जयंती मनाई जाएगी। इसको लेकर 20 हजार स्क्वायर फीट में पंडाल बनाया गया है। साथ ही शहर में 34 स्थानों पर तोरण द्वार बनाए गए हैं, जिस पर श्री बाबू के साथ-साथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के साथ साथ सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी के अलावा लालू प्रसाद, तेजस्वी यादव, सीएम नीतीश कुमार समेत कई कांग्रेसी नेताओं की फोटो लगाई गई है।

20 हजार स्क्वायर फीट में बन रहा पंडाल
सदाकत आश्रम में 20 हजार स्क्वायर फीट में भव्य पंडाल बनाया गया है। पांच हजार स्क्वायर फीट क्षेत्रफल में मंच तैयार किया गया है। पंडाल में 10 हजार कुर्सियों की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम से एक दिन पहले यानी बुधवार को कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश सिंह खुद तैयारियों का जायजा लेने सदाकत आश्रम पहुंचे।
इस दौरान भास्कर से बातचीत करते हुए कहा कि इस कार्यक्रम में राज्य के सभी जिलों, प्रखंडों और पंचायतों से लोग पहुंचेंगे। अखिलेश सिंह ने कहा कि हमने नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव को भी निमंत्रण दिया है। जब लालू प्रसाद के साथ काम करते थे तभी उन्होंने कहा था कि आप लोग श्री बाबू की जयंती बड़े रूप में क्यों नहीं मनाते हैं? इसके बाद से उनकी जयंती मना रहे हैं। इस कार्यक्रम का उद्घाटन लालू प्रसाद करेंगे।

किडनी ट्रांसप्लांट के बाद काफी एक्टिव हैं लालू
किडनी ट्रांसप्लांट के बाद उनकी सेहत में काफी सुधार है। सेहत में सुधार के साथ ही वे राजनीति में भी काफी एक्टिव हो गए हैं। हाल के दिनों में गोपालगंज, देवघर और सोनपुर के मंदिरों में जाकर पूजा अर्चना की। इतना ही नहीं वे I.N.D.I.A गठबंधन की तीनों बड़ी बैठकों पटना, बेंगलुरु और मुंबई में भी शामिल हो चुके हैं। कुछ दिन पहले वे बैडमिंटन खेलते भी नजर आए थे।

श्रीबाबू को अंग्रेजों ने खौलते नमक पानी में जला दिया था
21 अक्टूबर 1887 को श्री कृष्ण सिंह का जन्म नवादा जिले के नरहट थाने के खनवा गांव में एक भूमिहार परिवार में हुआ था। ननिहाल में उनका जन्म हुआ, पैतृक गांव माउर, शेखुपरा है। गांधी जी ने दांडी यात्रा निकाली तो श्री बाबू बिहार में मुंगेर से गढ़पुरा तक 100 किमी. की यात्रा की। तब श्री बाबू को अंग्रेजों ने खौलते हुए नमक के पानी में जला दिया था। इस ऐतिहासिक घटना के बाद गांधी जी ने श्री बाबू को बिहार का प्रथम सत्याग्रही कहा था।







