बिहार सरकार ने बीपीएससी की परीक्षा को लेकर बड़ा फैसला लिया है. बीपीएससी परीक्षा पूर्व की तरह एक दिन और एक ही पाली में होगी. इससे पहले परीक्षा के पैटर्न को लेकर बदलाव की खबरें आई थी जिसके बाद छात्रों ने आंदोलन और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया था. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गुरुवार को बिहार लोक सेवा आयोग की प्रारंभिक परीक्षा को लेकर परीक्षार्थियों की समस्या पर मुख्य सचिव आमिर सुबहानी एवं बिहार लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष अतुल प्रसाद के साथ बैठक की.
बैठक में बिहार लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष ने पूरी स्थिति से मुख्यमंत्री को अवगत कराया. बिहार लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री को बताया कि उन्होंने सभी जिलाधिकारी एवं क्षेत्रीय अधिकारियों के साथ विमर्श किया है. इस संदर्भ में निर्णय लिया गया है कि बिहार लोक सेवा आयोग की प्रारंभिक परीक्षा पूर्व की तरह एक दिन एवं एक पाली में ही ली जायेगी.
मालूम हो कि बीपीएससी 67वीं प्रारंभिक परीक्षा के पैटर्न बदले जाने और शेड्यूल जारी होते ही हर जगह विरोध और हंगामा मचा हुआ था. नए पैटर्न को वापस लेने की मांग की जा रही थी. बुधवार को इसी विरोध के दौरान अभ्यर्थियों पर हुए लाठीचार्ज के बाद खुद सीएम नीतीश कुमार ने पूरे मामले पर संज्ञान लिया था और आज मुख्य सचिव आमिर सुबहानी और आयोग के चेयरमैन के साथ सीएम खुद बैठक भी की.
बीपीएससी के पीटी परीक्षा में परसेंटाइल सिस्टम लागू करने और 2 दिन परीक्षा आयोजित करने को लेकर छात्र लगातार विरोध कर रहे थे. छात्रों ने बुधवार को इसको लेकर जमकर हंगामा मचाया था. बीपीएसपी अभ्यर्थी परीक्षा के पैटर्न में हुए बदलाव को लेकर सैकड़ों अभ्यर्थियों ने गांधी मैदान से बिहार आयोग तक पैदल मार्च निकाला था. लेकिन मार्च जैसे ही बिहार म्यूजियम पहुंचा कि अभ्यर्थियों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया और लाठी चार्ज कर अभ्यर्थियों को हटाया. इस लाठी चार्ज में कई महिला और पुरुष अभ्यर्थी घायल हो गये.
क्यों मचा है बवाल
दरअसल, बीपीएसपी अभ्यर्थी परसेंटाइल सिस्टम लागू करने और दो दिन परीक्षा आयोजित कराने का विरोध कर रहे हैं. बीपीएसपी अभ्यर्थियों का आरोप है कि नोटिफेकेशन जारी करने के बाद परीक्षा के पैटर्न में बदलाव किया गया है, जो सरासर गलत है. अभ्यर्थियों ने यह भी आरोप लगाया कि आयोग परीक्षा में बदलाव लाकर चोर दरवाजे से अपने लोगों को घुसना चाहती है.
जख्मी अभ्यर्थी पहुंचे थे राबड़ी आवास
पुलिस के लाठीचार्ज में घायल अभ्यर्थी अपनी मांगों को लेकर 10 सर्कुलर रोड स्थित राबड़ी आवास भी पहुंचे थे. वे वहां उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव से मामले में हस्तक्षेप करने के लिए फरियाद लेकर पहुंचे थे. हालांकि, उनकी मुलाकात तेजस्वी यादव से नहीं हो पायी थी. इसके बाद शाम में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने खुद संज्ञान लेकर इस मामले की समीक्षा करने के लिए उच्चस्तरीय बैठक बुलाने का काम किया.







