आने वाले दिनों में बिहार की राजधानी पटना देश की राजनीति और जनआंदोलनों का नया केंद्र बनने जा रही है। दिल्ली के जंतर-मंतर और रांची की तर्ज पर अब पटना में भी विरोध प्रदर्शनों का दौर शुरू होने वाला है। शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE-4) के जल्द नोटिफिकेशन की मांग को लेकर विभिन्न छात्र संगठनों ने 18 तारीख से गर्दनीबाग में बेमियादी अनशन पर बैठने की घोषणा कर दी है। दूसरी तरफ, सिवान जिले में एके-47 गोलीबारी की घटना के विरोध में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने 19 तारीख को लोकभवन मार्च का आह्वान किया है।
TRE-4 नोटिफिकेशन की मांग को लेकर 18 से बेमियादी अनशन
दिल्ली और रांची में हुए सफल छात्र आंदोलनों की तर्ज पर पटना में भी छात्र संगठनों ने हुंकार भर दी है। शिक्षक नियुक्ति परीक्षा (TRE-4) का विज्ञापन जारी कराने के लिए अभ्यर्थी 18 तारीख से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर रहे हैं। छात्रों का कहना है कि सरकार बार-बार आश्वासन दे रही है, लेकिन आधिकारिक अधिसूचना जारी करने में देरी की जा रही है, जिससे युवाओं का भविष्य अधर में लटका है।
सिवान एके-47 गोलीकांड के खिलाफ तेजस्वी यादव का बड़ा ऐलान
मार्च का ऐलान: सिवान में हुई एके-47 फायरिंग की घटना के विरोध में 19 तारीख को तेजस्वी यादव के नेतृत्व में लोकभवन मार्च निकाला जाएगा। कानून-व्यवस्था पर सवाल: विपक्ष इस मुद्दे के जरिए राज्य की कानून-व्यवस्था और पुलिस प्रशासन की कार्यशैली को कटघरे में खड़ा कर रहा है। राजनीतिक लामबंदी: इस मार्च में राजद और महागठबंधन के कई शीर्ष नेताओं के साथ भारी संख्या में कार्यकर्ताओं के जुटने की उम्मीद है।
अब उनकी पार्टी 19 अगस्त को बिहार में राजभवन मार्च निकालेगी, वो बिहार में पूर्णकालिक राजनीति नहीं, अंशकालिक राजनीति कर रहे हैं।
संजय झा, कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष, जेडीयू
दिल्ली और रांची के आंदोलनों से प्रेरणा लेकर सड़क पर उतरेंगे छात्र
पटना में आंदोलन की तैयारी कर रहे छात्र नेताओं का कहना है कि जिस तरह देश की राजधानी दिल्ली और पड़ोसी राज्य झारखंड की राजधानी रांची में छात्रों ने अपने अधिकारों की लड़ाई सड़कों पर लड़ी, उसी तर्ज पर बिहार के युवा भी अपनी मांगों को मनवाने के लिए आर-पार के मूड में हैं। अनशन स्थल पर राज्यभर से हजारों अभ्यर्थियों के जुटने की संभावना है।
राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक हलचल तेज
एक ओर छात्रों का बेमियादी अनशन और दूसरी ओर मुख्य विपक्षी दल का लोकभवन मार्च, इन दोनों बड़े आयोजनों को देखते हुए पटना जिला प्रशासन और पुलिस विभाग सतर्क हो गया है। राजधानी में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील इलाकों और गर्दनीबाग धरना स्थल पर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की रणनीति बनाई जा रही है।
तेजस्वी यादव बिहार में कर रहे पार्ट टाइम पॉलिटिक्स
जनता दल यूनाइटेड के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वो बिहार में ‘पूर्णकालिक नहीं, अंशकालिक राजनीति’ कर रहे हैं। जब छात्र दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे थे, उस समय तेजस्वी यादव विदेश दौरे पर थे और छात्रों की मांगें माने जाने के बाद ही वापस लौटे। अब उनकी पार्टी 19 अगस्त को बिहार में राजभवन मार्च निकालेगी, वो बिहार में पूर्णकालिक राजनीति नहीं, अंशकालिक राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि 25 जुलाई को सिवान में हुए छात्र प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर एके-47 का इस्तेमाल करने वाले पुलिसकर्मी के खिलाफ पहले ही कार्रवाई की जा चुकी है।
जब आपको विपक्ष के नेता की भूमिका निभानी चाहिए थी, तब आप विदेश जाकर अपनी भूमिका निभा रहे थे और वहां से लौटने के बाद अब आप यह ड्रामा कर रहे हैं।
रामकृपाल यादव, मंत्री, बिहार
तेजस्वी के लोकभवन मार्च को रामकृपाल ने बताया नौटंकी
तेजस्वी यादव के 19 अगस्त को प्रस्तावित लोकभवन मार्च पर एनडीए नेताओं ने तंज कसा। इनका कहना है कि ये मार्च छात्रों के मुद्दे को लेकर नहीं बल्कि अपनी सियासी जमीन बचाने के लिए किया जा रहा ड्रामा है। बिहार सरकार में मंत्री रामकृपाल यादव ने तेजस्वी के प्रस्तावित मार्च पर सवाल उठाते हुए कहा, ‘जिस मार्च को लेकर आप यह ड्रामा कर रहे हैं, उसके लिए आप अब आए हैं। जब आपको विपक्ष के नेता की भूमिका निभानी चाहिए थी, तब आप विदेश जाकर अपनी भूमिका निभा रहे थे और वहां से लौटने के बाद अब आप यह ड्रामा कर रहे हैं।’ उन्होंने तेजस्वी पर हमला बोलते हुए कहा, ‘लीडर ऑफ अपोजिशन का पद बहुत गंभीर व्यक्ति को दिया जाता है। दुर्भाग्य से आप बन गए। आपकी पार्टी बड़ी पार्टी है तो आपको नेता का दर्जा दे दिया गया। क्या आप अपने दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं?’







